पारदर्शी लेकिन राजनीतिक मान्यताओं के अनुरूप बजट
देश के सार्वजनिक वित्त के नजरिये से देखें तो वर्ष 2022-23 का केंद्रीय बजट मोदी सरकार के राजकोषीय सुदृढ़ीकरण के जांचे-परखे फॉर्मूले पर केंद्रित है। कम से कम केंद्र के मामले में तो यही सच है। वर्ष 2020-21 में राजकोषीय घाटा सकल घरेलू उत्पाद यानी जीडीपी के 9.2 फीसदी से घटकर 2021-22 में 6.8 फीसदी […]
सामाजिक क्षेत्र के हिस्से में ऐसे आई कमी
सरकार ने शिक्षा और स्वास्थ्य खर्च के लिए महत्त्वाकांक्षी लक्ष्य निर्धारित किए हैं, लेकिन वित्त मंत्री द्वारा बजट में वर्ष 2022-23 के लिए किया गया आवंटन इन लक्ष्यों के करीब तक नहीं पहुंच रहा है। दो साल पहले जारी की गई नई शिक्षा नीति में सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) का छह प्रतिशत हिस्सा शिक्षा (केंद्र […]
बजट से पूंजी न मिलने पर भी अच्छी स्थिति में सरकारी बैंक
सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में 2014 के बाद से 3.6 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा पूंजी डालने के बाद सरकार ने इस साल के बजट में इन बैंकों के लिए कोई पूंजी चिह्नित नहीं की है। रेटिंग एजेंसियों के मुताबिक सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के पुनर्पूंजीकरण के लिए इस साल सरकार द्वारा केंद्रीय बजट में […]
बजट 2022 के प्रस्तावों को ज्यादातर ब्राकरेज कंपनियों से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली है। इन ब्रोकरों का मानना है कि सरकार ने मांग बढ़ाने के लिए पूंजीगत खर्च के जरिये पर्याप्त रियायत दी है। यहां इस बारे में विस्तार से बताया जा रहा है कि उन्होंने इस बजट को किस नजरिये से देखा है और वे […]
भारतीय इक्विटी तेजी के दौर में गिरावट पर खरीदें : क्रिस वुड
बीएस बातचीत बजट 2022 को अच्छा बताते हुए जेफरीज में इक्विटी रणनीति के वैश्विक प्रमुख क्रिस्टोफर वुड ने पुनीत वाधवा के साथ एक साक्षात्कार में कहा कि बजट के नए प्रस्ताव वित्त मंत्री द्वारा पिछले साल (2021) के बजट के अनुरूप हैं। पेश हैं उनसे हुई बातचीत के मुख्य अंश: बजट प्रस्तावों पर आपकी क्या […]
संघ से जुड़े संगठनों को बजट से अधिक उम्मीद
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) से जुड़े संगठन स्वदेशी जागरण मंच ने बजट 2022-23 के कई प्रावधानों की तारीफ की है जो देश की आर्थिक प्रगति में अपना योगदान दे सकते हैं। हालांकि इसका मानना है कि बजट में आयकर में कुछ कटौती करना चाहिए था और रोजगार पर जोर देना चाहिए था। स्वदेशी जागरण मंच […]
बजट में लोगों के लिए लंबी अवधि के फायदे
बीएस बातचीत वित्त सचिव टीवी सोमनाथन की अरूप रायचौधरी और असित रंजन मिश्रा के साथ बजट पर बातचीत के कुछ अंश: वित्त वर्ष 2023 के लिए आपके नॉमिनल जीडीपी वृद्धि लक्ष्य के पीछे क्या डिफ्लेटर अनुमान रहा है? मंत्रालय के अर्थशास्त्रियों ने 8 से 8.5 फीसदी वृद्धि का अनुमान लगाया है। हमें इस बात का […]
भारी उधारी से बढ़ेगी रिवर्स रीपो!
वित्त वर्ष 2022-23 के बजट में सरकार ने बाजार से भारी भरकम रकम उधार लेने की घोषणा की है, जो बाजार के अनुमान से भी ज्यादा मानी जा रही है। बाजार से जुड़े लोगों का कहना है कि सरकार के उधारी कार्यक्रम को देखते हुए भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) अगले सप्ताह मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी) […]
कारोबारियों को रास नहीं आया बजट
कारोबारियों को आम बजट रास नहीं आया है। कारोबारियों का कहना है कि बजट में फैक्टरी/ कंपनी प्रारूप वाले खासकर छोटे उद्यमियों को राहत पहुंचाने वाले कई अहम प्रावधान किए गए हैं। लेकिन फर्म /दुकान वाले कारोबारियों को बजट में खास राहत नहीं दी गई है, जबकि इन कारोबारियों को भी कोरोना के कारण काफी […]
बॉन्ड प्रतिफल को सरकारी उधारी से लगे पंख
केंद्र सरकार द्वारा सकल बाजार उधारी के आंकड़ों में उम्मीद से अधिक बढ़ोतरी की आस में बॉन्ड प्रतिफल में उल्लेखनीय तेजी आई है। केंद्रीय बजट में अगले वित्त वर्ष के दौरान सकल बाजार उधारी के लिए 14.95 लाख करोड़ रुपये का अनुमान जाहिर किए जाने से उत्साहित दस वर्षीय बॉन्ड प्रतिफल 6.85 फीसदी पर बंद […]