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आज का अखबार

Editorial: भारत में निजी निवेश में तेजी, उच्च आर्थिक वृद्धि के लिए राह खुली

बीएस संपादकीय -February 10, 2026 10:06 PM IST

चालू वित्त वर्ष में भारतीय अर्थव्यवस्था के स्थिर मूल्यों पर 7.4 फीसदी की दर से वृद्धि हासिल करने का अनुमान है। वर्ष 2024-25 में इसमें 6.5 फीसदी की वृद्धि हुई थी। कोविड-19 महामारी के बाद से भारतीय अर्थव्यवस्था की एक प्रमुख थीम लगातार उच्च सरकारी पूंजीगत व्यय रही है। महामारी के बाद आर्थिक सुधार में […]

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Trade
आज का अखबार

प्रतिस्पर्धा से बदली दुनिया: हर देश को खुद तय करना होगा अपना भविष्य

सुनीता नारायण -February 10, 2026 10:01 PM IST

‘पुराना जमाना खत्म हो रहा है, और नया जमाना आने के लिए जूझ रहा है। अब राक्षसों का समय है।’ इटली के दार्शनिक एंटोनियो ग्राम्शी का यह उद्धरण आज राजनीतिक-नीति जगत में अक्सर दोहराया जाता है। यह गलत नहीं है। जनवरी 2026 में मौजूदा विश्व व्यवस्था में और अधिक उथल-पुथल तथा उतार-चढ़ाव देखने को मिला। […]

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Trade Deal
आज का अखबार

भारत की व्यापारिक उपलब्धियों और बजट के बाद अब हो असल मुद्दों पर बात

आर जगन्नाथन -February 10, 2026 9:55 PM IST

पिछले कुछ दिनों में जो घटनाक्रम हुए हैं उनसे ऐसा लगता है कि अर्थशास्त्र में एक सप्ताह उतना ही लंबा समय होता है जितना राजनीति में। इसकी शुरुआत भारत और यूरोपीय संघ (ईयू) के बीच ‘सभी व्यापार करार की जननी’ की घोषणा के साथ हुई और इसके दो दिन बाद भारत में अब तक की […]

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Finance Commission
आज का अखबार

16वें वित्त आयोग की नई अंतरण व्यवस्था: राज्यों के लिए फायदे-नुकसान और उठते सवाल

डीके श्रीवास्तव -February 9, 2026 10:58 PM IST

राजकोषीय अंतरण की किसी भी योजना के दो मुख्य पहलू होते हैं। उनका ऊर्ध्वाधर और क्षैतिज आयाम। अंतरण का मुख्य ऊर्ध्वाधर निर्धारक यानी केंद्रीय करों के साझा पूल में राज्यों का हिस्सा समय के साथ लगभग अपरिवर्तित रहा है। वास्तव में, चौदहवें वित्त आयोग ने इस हिस्से को बढ़ाकर 32 फीसदी (जैसा कि तेरहवें वित्त […]

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