भारत भर में, विशेष रूप से युवा महिलाओं में, शादी या अन्य विशेष अवसरों से पहले तेजी से पतला होने की चाहत में वजन घटाने वाले इंजेक्शनों के बढ़ते इस्तेमाल ने डॉक्टरों में चिंता पैदा कर दी है। वे कड़ी चिकित्सा निगरानी की मांग कर रहे हैं क्योंकि सस्ते सेमाग्लूटाइड जेनेरिक जीएलपी-1 थेरेपी तक पहुंच […]
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भारत में वजन काबू रखने का बाजार तेजी से बढ़ रहा है और उसमें पहले से ज्यादा हलचल है। चाय, पाउडर, सप्लीमेंट और गोलियों के बाद, वजन घटाने वाले इंजेक्शन सबसे ज्यादा लोकप्रिय हैं। वजन घटाने वाली दवाओं में सक्रिय घटक सेमाग्लूटाइड का पेटेंट भारत में 20 मार्च को समाप्त हो जाने के बाद, एक […]
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मधुमेह और वजन घटाने की दवा सेमाग्लूटाइड के कई जेनेरिक संस्करणों के बाजार में दस्तक देने के बाद इसकी प्रतिस्पर्द्धी दवा मौनजारो (टिरजेपेटाइड) की बिक्री मार्च में सुस्त हो गई। बाजार अनुसंधान कंपनी फार्मारैक के आंकड़ों में यह बात सामने आई है। पिछले महीने सेमाग्लूटाइड के पेटेंट की समय सीमा समाप्त होने के कुछ ही […]
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विश्व स्वास्थ्य दिवस पर कई स्वास्थ्य रिपोर्टों ने भारत में चुपके से कम उम्र में होने वाली बीमारियों के बढ़ते बोझ के प्रति आगाह किया है। इससे स्पष्ट तौर पर पता चलता है कि अब हमें केवल बीमार होने पर इलाज कराने के बजाय बीमारियों की रोकथाम पर आधारित स्वास्थ्य सेवा की ओर रुख करने […]
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भारतीय दवा कंपनी बायोकॉन दुनिया की ‘सबसे बड़ी’ इंसुलिन कंपनी बनना चाहती है, क्योंकि बड़ी प्रतिस्पर्धी कंपनियां जीएलपी-1 दवाओं जैसी मधुमेह (डायबिटीज) की नए उपचारों की तरफ जा रही हैं। यह कहना है बायोकॉन की चेयरपर्सन किरण मजूमदार-शॉ का। उन्होंने कहा, ‘बड़ी इंसुलिन कंपनियां कार्ट्रिज या पेन में इंसुलिन नहीं बनाना चाहतीं। वे शीशियों में […]
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भारत के 1,446 करोड़ रुपये के ग्लूकागॉन लाइक पेप्टाइड (जीएलपी-1) दवा बाजार को बड़ी बढ़त मिलने जा रही है। वजन घटाने और मधुमेह की दवा सेमाग्लूटाइड का पेटेंट खत्म होते ही इसके कम से कम 15 जेनेरिक संस्करण बाजार में आ चुके हैं। बीते शनिवार को कई बड़ी दवा कंपनियों ने अपनी जेनेरिक दवाइयां बाजार […]
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भारत में सेमाग्लूटाइड का पेटेंट खत्म होते ही बाजार में कम दाम वाली जेनेरिक दवाओं की होड़ बढ़ जाएगी। देश भर के चिकित्सकों ने भी कहा कि मरीजों की ओर से इस दवा के बारे में पूछताछ बढ़ गई है। इस दवा के बारे में केवल मधुमेह या पुराने मोटापे से पीड़ित लोग ही पूछताछ […]
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सरकार की महत्वाकांक्षी प्रधानमंत्री भारतीय जनऔषधि परियोजना (PMBJP) के तहत सस्ती दवाओं की पहुंच तेजी से बढ़ाई जा रही है। देश भर में जनऔषधि केंद्रों (JAK) की संख्या बढ़ाकर मार्च 2027 तक 25,000 करने का लक्ष्य रखा गया है। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक 28 फरवरी 2026 तक देश में कुल 18,646 जनऔषधि केंद्र संचालित हो […]
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बांग्लादेश में हुए घटनाक्रम की वजह से कुछ गिरावट के बाद जब भारतीय मेडिकल टूरिज्म उद्योग उबरने ही वाला था, तभी पश्चिम एशिया के संकट ने विदेशी मरीजों के आने पर असर डालना शुरू कर दिया है। पश्चिम एशिया में युद्ध शुरू होने के बाद से कई अस्पताल श्रृंखलाओं ने विदेशी मरीजों की संख्या में […]
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भारत और उजबेकिस्तान ने सोमवार को राष्ट्रमंडल स्वतंत्र राज्यों (सीआईएस) और व्यापक यूरेशियाई स्वास्थ्य सेवा बाजार तक पहुंच का विस्तार करने के लिए एक संरचित फार्मास्यूटिकल और न्यूट्रास्यूटिकल व्यापार गलियारा शुरू किया है। इसके माध्यम से 7 से 10 अरब डॉलर कारोबार का अनुमान है। इस पहल से उजबेकिस्तान के स्वास्थ्य मंत्रालय, न्यूट्रिफाई टुडे और […]
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