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फिनटेक के BC नेटवर्क पर RBI की बढ़ सकती है निगरानी, लाइसेंस व्यवस्था पर चल रही चर्चाRBI ने बैंकों को साल भर मजबूत परिचालन अनुशासन और डेटा गवर्नेंस बनाए रखने की सलाह दीवोडाफोन आइडिया को AGR बकाया पर 54,000 करोड़ रुपये से अधिक की राहत मिलने का अनुमानWindsor बनी 2025 की सबसे ज्यादा बिकने वाली इलेक्ट्रिक कार, बिक्री 46,735 वाहन तक पहुंचीगुजरात के खोरज में नया संयंत्र लगाएगी मारुति सुजूकी, 10 लाख कारों की होगी सालाना क्षमताक्लीनर टेक्नॉलजी का उभार: भारत में EV-CNG-हाइब्रिड की हिस्सेदारी तीन साल में हुई दोगुनीमारुति सुजूकी ने इंडियन ऑयल संग किया करार, अब पेट्रोल पंपों पर मिलेगी कार सर्विसिंग की सुविधानेट डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन 11 जनवरी तक करीब 9%बढ़ा, रिफंड घटने से बढ़ा कलेक्शनTCS में कर्मचारियों की संख्या में लगातार गिरावट, तीसरी तिमाही में 11 हजार से ज्यादा कर्मचारी हुए कमकोटक महिंद्रा बैंक ने अनूप कुमार शाह को पूर्णकालिक निदेशक बनाया, नियुक्ति 12 जनवरी से प्रभावी
कंपनियां

‘जिंसों के लिए अच्छे चक्र की शुरुआत हो चुकी है’

बीएस बातचीत देश की सबसे बड़ी इस्पात विनिर्माता जेएसडब्ल्यू स्टील ने वित्त वर्ष 22 की तीसरी तिमाही में एकीकृत आधार पर 4,516 करोड़ रुपये का कर उपरांत लाभ दर्ज किया है, जो सालाना आधार पर 69 प्रतिशत का इजाफा है। हालांकि तिमाही आधार पर यह मुख्य रूप से कोकिंग कोयले और बिजली की अधिक लागत […]

लेख

बजट में हो रोजगार पर ध्यान

कई सर्वेक्षण तथा दोपहिया वाहन जैसे क्षेत्रों के प्रदर्शन से उपजे प्रमाण यही संकेत देते हैं  कि देश में आय वितरण के निचले स्तर पर व्यापक रूप से निराशा का माहौल है। विभिन्न प्रमाण मसलन सेंटर फॉर मॉनिटरिंग इंडियन इकॉनमी या उपभोक्ता वस्तु कंपनियों द्वारा आय के मौसम में प्रस्तुत ग्रामीण मांग के अनुमान जैसे […]

अर्थव्यवस्था

बजट को वृद्घि में सुधार की पूरी जिम्मेदारी लेनी चाहिए

बीएस बातचीत प्रसिद्घ अर्थशास्त्री और देश के पूर्व मुख्य सांख्यिकीविद प्रणव सेन  ने असित रंजन मिश्र के साथ बातचीत में कहा कि  आगामी दिनों में महंगाई अर्थव्यवस्था के लिए  बड़ी चिंता हो सकती है। उनके मुताबिक महंगाई से निपटने की पूरी जिम्मेदारी रिजर्व बैंक पर छोड़ देनी चाहिए और सरकार को अब अर्थव्यवस्था में वृद्घि […]

वित्त-बीमा

बजट से पहले अटकलों पर न गंवा देना कमाई

वित्त वर्ष 2022-23 का बजट आने ही वाला है। आम आदमी हो, वेतनभोगी हो, कारोबारी हो, उद्योगपति हो या बाजार में रकम लगाने वाला हो, बजट का सभी को बेसब्री से इंतजार रहता है। इसीलिए पूंजी बाजार के प्रतिभागी बजट का और उसमें वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की घोषणाओं की प्रतीक्षा कर रहे हैं। उन्हें […]

अर्थव्यवस्था

वैकल्पिक कर व्यवस्था ने लोगों को दान देने के प्रति किया हतोत्साहित

एक अध्ययन में यह बात सामने आई है कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की ओर से 2020-21 के बजट में करदाताओं को कुछ छूटों को छोडऩे पर कम आयकर देने के विकल्प ने धर्मार्थ उद्देश्यों के लिए दान को हतोत्साहित किया है। बजट से पहले आए इस अध्ययन में इस बात की सिफारिश की गई […]

लेख

पूंजीगत व्यय पर ध्यान जरूरी

वित्त मंत्रालय ने अन्य विभागों और मंत्रालयों से कहा है कि वे अपने खर्च को चालू वित्त वर्ष के लिए आवंटित राशि के दायरे में रखें। वित्त मंत्रालय अगले वर्ष का बजट तैयार कर रहा है। आगामी बजट एक फरवरी को पेश किया जाएगा और इसे तैयार करने में चालू वर्ष के संशोधित अनुमानों का […]

बजट

कुछ कर रियायतें होंगी खत्म!

केंद्र सरकार कंपनियों और व्यक्तिगत आयकरदाताओं को मिलने वाली कुछ प्रत्यक्ष कर छूट धीरे-धीरे खत्म करने पर विचार कर सकती है। इसके बारे में 2023-23 के आम बजट में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा घोषणा की जा सकती है। नीति निर्माण से जुड़े एक शीर्ष अधिकारी ने बिजनेस स्टैंडर्ड को बताया कि सरकार के आंतरिक […]

बजट

बजट में सार्वजनिक बुनियादी ढांचे में निवेश पर हो सकता है जोर

केंद्रीय बजट में बुनियादी ढांचे की परियोजनाओं में निजी क्षेत्र की भागीदारी को बढ़ाने के लिए कई सारे प्रावधान किए जा सकते हैं। बिजनेस स्टैंडर्ड को पता चला है कि इसमें सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी) विवाद समाधान तंत्र को मजबूत करना, एकसमान पीपीपी संस्थागत रूपरेखा, बॉन्ड बाजार तक पहुंच बनाने वाली बुनियादी ढांचे की कंपनियों के […]

ताजा खबरें

बीमा की स्वीकार्यता बढ़ाने हेतु कर छूट के विस्तार की मांग

केंद्रीय बजट 2022-23 के पहले बीमाकर्ताओं ने केंद्र सरकार से कई तरह की कर छूट की मांग की है, जिससे भारत के लोगों को जोखिम से जुड़ी पॉलिसी लेने के लिए प्रोत्साहित किया जा सके। परंपरागत रूप से कर छूट उन लोगों को प्रोत्साहित करता है, जो बीमा उत्पाद खरीदते हैं। लेकिन महामारी आने के […]

विशेष

मौजूदा रफ्तार पर मनरेगा को चाहिए 1 लाख करोड़ रुपये

आर्थिक गतिविधि के सामान्य होने की शुरुआत हो जाने के बावजूद मनरेगा के लिए मांग मजबूत बनी हुई है। यह जानकारी ताजा आंकड़ों से प्राप्त हुई है। इससे ग्रामीण रिकवरी की शुरुआत करने के लिए आगामी बजट में इस योजना के लिए उचित धन आवंटन की आवश्यकता नजर आती है। मनरेगा बजट का एक बड़ा […]