facebookmetapixel
Advertisement
विदेशी संपत्ति छिपाई है? छोटे टैक्सपेयर्स के लिए 16 अगस्त से खुलेगा विंडो, CBDT ने किया ऐलानअगले 7-8 साल में देश में शुरू होंगे 5 से 8 नए सेमीकंडक्टर प्लांट, हमें चिप निर्माण में आत्मनिर्भर बनना होगा: PM1 शेयर पर मिलेगा ₹500 का डिविडेंड! डिस्ट्रीब्यूशन के कारोबार से जुड़ी कंपनी का निवेशकों को बड़ा तोहफाकिसानों से बोले PM मोदी: दुनिया भर में पहुंचाएं भारतीय उत्पाद, मिलेट्स-मसालों को ग्लोबल ब्रांड बनाएंDividend Stocks: अगले हफ्ते लगभग 90 कंपनियां बाटेंगी डिविडेंड, निवेशकों के पास मोटी कमाई का मौका‘होर्मुज को अमेरिकी क्षेत्र बनाने पर कर रहे काम’, ट्रंप के दावे से मची खलबली, ईरान ने किया खारिजभारतीय शेयर बाजार का 35 साल का सफर: हर्षद मेहता घोटाले से 2026 तक तेजी-मंदी की पूरी कहानीPM Modi Speech: आत्मनिर्भर भारत से वर्क कल्चर तक, PM बोले- अब देश को बदलनी होगी रफ्तारजनगणना 2027 में पहली बार जाति की गणना, 40 सवालों में आधार से बैंक खाते तक पूछी जाएगी जानकारी‘देश को दिमागी नक्सलियों से बचाना होगा, वो युवाओं को भटकाने की कोशिश कर रहे’, लालकिले से बोले PM मोदी

इस साल कम दाखिल हुए आयकर रिटर्न

Advertisement
Last Updated- December 11, 2022 | 5:07 PM IST

हाल के वर्षों की तुलना में इस साल सबसे कम रिटर्न दाखिल हुए हैं। आकलन वर्ष (एवाई) 2022-23 में 31 जुलाई तक 583 लाख रिटर्न दाखिल किए गए हैं। यह इसके पहले के वर्ष (एवाई-22) में दाखिल 714 लाख रिटर्न की तुलना में बहुत कम है। यह इसके पहले के वर्षों की तुलना में भी कम है। महामारी के पहले के एवाई 19 में  भी 653 लाख रिटर्न दाखिल किए गए थे। 
 आकलन वर्ष में व्यापक रूप से पहले के वित्त वर्ष में हुई कमाई का ब्योरा होता है। इस तरह से आकलन वर्ष 23 में वित्त वर्ष 2021-22 (वित्त वर्ष 22) में हुई कमाई का ब्योरा है। सामान्यतया आयकर रिटर्न दाखिल करने वालों की संख्या बढ़ती है। ऐसा महामारी के दौरान भी हुआ और कम से कम कोविड-19 के पहले के आंकड़ों के आसपास स्थिरता बनी रही।

 एवाई 19 में 653 लाख रिटर्न दाखिल किए गए थे, जबकि एवाई 20 में संख्या बढ़कर 726 लाख हो गई। अगले साल इसमें गिरावट आई, लेकिन एवाई 22 में यह संख्या बढ़कर 714 लाख हो गई। इस तरह से एवाई 23 में दाखिल आयकर रिटर्न (आईटीआर) कम है। इस साल 31 जुलाई की अंतिम तिथि नहीं बढ़ाई गई है, जैसा कि पिछले महामारी के साल में किया गया था।  आयकर दाखिले की अंतिम तिथि तक रोजाना कोविड के 20,000 से कुछ ज्यादा मामले आ रहे थे। मई 2021 में सबसे ज्यादा, 4 लाख से ज्यादा मामले सामने आए थे।
सरकार की सोमवार को जारी एक विज्ञप्ति में कहा गया है, ‘शुरुआत में ई-फाइलिंग तुलनात्मक रूप से सुस्त रही और एवाई 22-23 में पहले 1 करोड़ आईटीआर की फाइलिंग 7 जुलाई, 2022 तक हो पाई। 22 जुलाई, 2022 तक दाखिले ने गति पकड़ी और करीब 2.48 करोड़ लोगों ने आयकर रिटर्न दाखिल किया। सरकार ने घोषणा की कि अंतिम तिथि में कोई बढ़ोतरी नहीं की जाएगी तो आयकर दाखिले में तेजी आई और 25 जुलाई, 2022 तक 3 करोड़ आईटीआर दाखिल हुए। 31 जुलाई को आयकर दाखिला सबसे तेज हुआ, जो वेतनभोगी करदाताओं व अन्य गैर कर ऑडिट मामलों के लिए अंतिम तिथि थी। एक दिन में 72.42 लाख आईटीआर दाखिल किए गए।’ अगर आयकर दाखिले में देरी होती है तो 31 दिसंबर तक के लिए 5,000 रुपये जुर्माने का प्रावधान किया गया है। 

 

Advertisement
First Published - August 3, 2022 | 11:22 AM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement