facebookmetapixel
Budget 2026: मैन्युफैक्चरिंग, डिफेंस से लेकर MSME तक; उद्योग जगत इस साल के बजट से क्या चाहता है?Cipla Q3FY26 Results: मुनाफा 57% घटकर ₹676 करोड़, अमेरिकी कारोबार में कमजोरी से झटका; शेयर 3.7% फिसलेZerodha के इस म्युचुअल फंड से अब मिनटों में निकाल सकेंगे पैसा, शुरू हुई 24×7 इंस्टेंट विदड्रॉल सुविधाअदाणी स्टॉक्स में बड़ी गिरावट, अमेरिका से आई खबर ने मचाई खलबली; 9% तक लुढ़केगौतम अदाणी पर अमेरिकी शिकंजा: समन न पहुंचा तो SEC ने अदालत से मांगी वैकल्पिक अनुमतिगोल्ड सिल्वर रेशियो ने दिया संकेत, क्या चांदी की तेजी अब थकने वाली है? एक्सपर्ट्स से समझिए42% चढ़ सकता है महारत्न कंपनी का शेयर, ब्रोकरेज ने बढ़ाया टारगेट; Q3 में ₹4011 करोड़ का हुआ मुनाफाईरान की ओर बढ़ रहा है ‘विशाल सैन्य बेड़ा’, ट्रंप ने तेहरान को फिर दी चेतावनीदुनिया में उथल-पुथल के बीच भारत की अर्थव्यवस्था के क्या हाल हैं? रिपोर्ट में बड़ा संकेत30% टूट चुका Realty Stock बदलेगा करवट, 8 ब्रोकरेज का दावा – ₹1,000 के जाएगा पार; कर्ज फ्री हुई कंपनी

Indian Box Office: हर भाषा के सिनेमा का बड़ा बाजार बन रहा भारत

2024 में बॉक्स ऑफिस पर 6% गिरावट, 2025 में बॉलीवुड और क्षेत्रीय सिनेमा से बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद

Last Updated- January 09, 2025 | 10:45 PM IST
Pushpa 2

साल 2024 में सिनेमा हॉल की टिकट खिड़की पर 88.3 करोड़ टिकट बिके जो 2023 की तुलना में 6 फीसदी कम रहे। ऑरमैक्स मीडिया से बिज़नेस स्टैंडर्ड को मिले आंकड़ों के अनुसार दर्शकों ने सिनेमा के टिकट खरीदने पर कुल 11,800 करोड़ रुपये खर्च किए, जो 2023 की तुलना में महज 3 फीसदी कम है। फिर ऐसा क्यों है कि फिल्म व्यवसाय में निराशा और चमक खत्म खोने की बात लगातार की जा रही है? इसके जवाब में पीवीआर आईनॉक्स के प्रबंध निदेशक अजय बिजली दो टूक लहजे में कहते हैं, ‘धारणा।’

देश भर में 250 स्क्रीन चलाने वाले मिराज समूह के प्रबंध निदेशक (एंटरटेनमेंट) अमित शर्मा भी इस बात से सहमति जताते हैं। उन्होंने कहा, ‘भारतीय सिनेमा के बारे में धारणा बॉलीवुड (हिन्दी फिल्में) से ही बनती है। चूंकि 2024 में बॉलीवुड का प्रदर्शन खराब रहा इसलिए मान लिया गया कि यह साल कारोबार के लिहाज से खराब रहा।’ देश भर में बॉक्स ऑफिस की कुल कमाई का आधे से भी कम हिस्सा हिंदी फिल्मों से आता है और इस साल इस हिस्सेदारी में केवल 4 फीसदी कमी आई है।

इस साल सबसे बड़ी सफलता पाने वाली और देसी बॉक्स ऑफिस पर 1,400 करोड़ रुपये कमाने वाली निर्देशक सुकुमार की पुष्पा 2: द रूल असल में तेलुगु भाषा की फिल्म थी। इसे हिंदी, तमिल, मलयालम और कन्नड़ में भी रिलीज किया गया था। 2016 में आई दंगल, 2023 की जवान और 2022 की आरआरआर की तरह यह सर्वाधिक कमाई करने वाली भारतीय फिल्मों में शुमार है। 2024 में बॉक्स ऑफिस पर शीर्ष 20 फिल्मों में 5 तेलुगू, 4 हिंदी और 3-3 तमिल तथा मलयाली और 1 अंग्रेजी फिल्म थी।

देश में बॉक्स ऑफिस पर होने वाली कुल कमाई में मलयाली फिल्मों की हिस्सेदारी बढ़कर दोगुनी हो गई। स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्मों की बदौलत फिल्में पूरे देश में पहुंच रही हैं जिससे भारत हर भाषा का सिनेमा बाजार बन रहा है। बॉलीवुड के बारे में निराशा की कुछ और वजहें भी हैं। भारतीय सिनेमा करीब 20,000 करोड़ रुपये कमाता है जिसमें से दो-तिहाई कमाई बॉक्स ऑफिस या टिकटों की बिक्री से होती है। टिकट बिक्री से ही तय होता है कि स्ट्रीमिंग और टेलीविजन कंपनियां प्रसारण अधिकार के लिए कितनी रकम चुकाएंगी। ‘एयरलिफ्ट’ फिल्म की निर्माता एबंडेंशिया एंटरटेनमेंट के संस्थापक एवं सीईओ विक्रम मल्होत्रा ने कहा, ‘पिछले तीन साल में फिल्म निर्माण की लागत 20-25 फीसदी बढ़ गई है मगर कमाई जस की तस है।’

ऑरमैक्स मीडिया के सीईओ शैलेश कपूर ने कहा, ‘भारत जितने बड़े देश में बॉक्स ऑफिस से 12,000 करोड़ रुपये की कमाई पर्याप्त नहीं है। अगर आप बाजार बढ़ाना चाहते हैं तो 5-10 फीसदी वृद्धि भी संतोषजनक नहीं है।’ इसके लिए अभी बिक रहे 90 करोड़ टिकट को 1 अरब तक ले जाना होगा, पर्दे बढ़ाने होंगे, ज्यादा फिल्में लानी होंगी और उन्हें लगातार रिलीज भी करना होगा।

कपूर ने कहा, ‘2018 तक बड़ी हिंदी फिल्मों में रिलीज होने के लिए जंग सी दिखती थी। मगर 2024 में कई हफ्ते और एक बार तो दो महीने तक कोई फिल्म रिलीज नहीं हुई।’ आम चुनाव और आईपीएल इसकी वजह हो सकती है। मगर मुख्य वजह एक ऐसे बाजार को लेकर आशंका है जहां तेजी से बदलाव हो रहा है।

इस साल दिखेगा बॉक्स ऑफिस की सफलता का सीक्वल

दक्षिण के मशहूर अभिनेता अलु अर्जुन की बेहद चर्चित फिल्म ‘पुष्पा’ के सीक्वल, ‘पुष्पा 2 : दि रूल’ ने बॉक्स ऑफिस पर शानदार रिकॉर्ड बनाया। यह शानदार प्रदर्शन इसलिए नहीं हुआ कि प्रशंसक अलु अर्जुन को पुष्पा राज की भूमिका में दोबारा देखना चाहते थे बल्कि बॉक्स ऑफिस कलेक्शन में तेजी की एक वजह, फिल्म की टिकट की औसत कीमत में बढ़ोतरी भी थी।

हालांकि ‘पुष्पा 2: दि रूल’ को लेकर व्यापक प्रचार के बावजूद देश के मल्टीप्लेक्स चेन को उम्मीद है कि इस साल टिकट की औसत कीमत में सामान्य बढ़ोतरी होगी और बॉक्स ऑफिस के बेहतर प्रदर्शन में रिलीज होने की कतार में खड़ी बॉलीवुड, हॉलीवुड के साथ-साथ क्षेत्रीय फिल्मों का भी योगदान होगा।

कुल बॉक्स ऑफिस कलेक्शन को लेकर मल्टीप्लेक्स चेन जैसे कि सिनेपॉलिस इंडिया, पीवीआर आइनॉक्स और मुक्ता ए2 सिनेमाज और कारोबार विश्लेषकों को उम्मीद है कि 2024 के प्रदर्शन की तुलना में 2025 में बेहतर बॉक्स ऑफिस कलेक्शन और बेहतर होगा।

सिनेपॉलिस इंडिया के प्रबंध निदेशक (एमडी) देवांग संपत ने बिज़नेस स्टैंडर्ड से कहा, ‘हम 2025 को लेकर बेहद आशान्वित हैं और हमारा मानना है कि यह उद्योग के लिए बेहतर वर्ष साबित होगा।’उन्होंने कहा, ‘इस वर्ष रिलीज होने वाली फिल्मों से बेहद उम्मीद है जिसमें बॉलीवुड की ब्लॉकबस्टर फिल्म से लेकर क्षेत्रीय सिनेमा और हॉलीवुड की फिल्में भी शामिल हैं जिनको लेकर पहले से ही काफी चर्चा हो रही है। इसके अलावा नए तरह की मार्केटिंग रणनीतियों और आईमैक्स तथा 4डीएक्स जैसे प्रीमियम फॉर्मेट की बढ़ती अपील को देखते हुए हमें उम्मीद है कि इन फिल्मों को रिकॉर्ड स्तर पर दर्शक मिलेंगे।’ फिल्म कारोबार विश्लेषक कोमल नाहटा और गिरीश वानखेड़े दोनों को 2025 में बॉक्स ऑफिस के बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद है।

First Published - January 9, 2025 | 10:45 PM IST

संबंधित पोस्ट