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कॉफी की पैदावार में मामूली बढ़त

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Last Updated- December 07, 2022 | 8:08 PM IST

भारतीय कॉफी की उपज में थोड़ा इजाफा हुआ है। भारतीय कॉफी बोर्ड के आंकड़े के मुताबिक वर्ष 2007-08 में कॉफी की उपज में 35.3 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है, जो पिछले साल के 34.6 फीसदी से थोड़ा अधिक  है।


हालांकि रोबस्टा की उपज में गिरावट दर्ज की गई है। पिछले साल के 65.4 फीसदी के बजाय इस बार रोबस्टा का उत्पादन 64.7 फीसदी रहा। कॉफी बोर्ड ने जो अनुमान लगाया था, उसके मुताबिक रोबस्टा के उत्पादन में 10 फीसदी की गिरावट हुई है, जबकि अरेबिका के उत्पादन में 7.2 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई है।

इस नकदी फसल में इस परिवर्तन से घरेलू उत्पादन पर भी प्रभाव पड़ने की संभावना है और यह अनुमान लगाया जा रहा है कि वर्ष 2007-08 में इसकी उत्पादन क्षमता 26000 टन घटकर 262000 टन रह जाएगा, जो पिछले साल समान अवधि तक के लिए 288000 टन था।

हालांकि कॉफी उपजाने वालों का मानना है कि वर्ष 2008-09 में अरेबिका का उत्पादन प्रभावित हो सकता है, क्योंकि तना बेधक उजले कीटनाशकों का प्रभाव बढ़ता जा रहा है। अंतरराष्ट्रीय कॉफी उत्पादन में भी 11.10 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई है और यह अनुमान लगाया जा रहा है कि इस बार इसका उत्पादन 12220 लाख बैग (एक बैग= 60 किलोग्राम) हो सकता है।

पिछले साल इसका उत्पादन 13350 लाख बैग रहा था। ब्राजील और वियतनाम में भी कॉफी के उत्पादन में गिरावट रही, क्योंकि साल में इसका पैदावार वहां दो बार किया जाता है, जो इसबार नही हो सका। अगर भारत से निर्यात किए जाने वाले कॉफी को देखें, तो हालांकि इसकी मात्रा में गिरावट जरूर हुई है, लेकिन इसका ज्यादा मूल्य प्राप्त हुआ है।

2006-07 में कॉफी 249000 टन निर्यात किया गया था, जो इस साल घटकर 218000 टन रह गया है। लेकिन इस बार 30.96 करोड़ रुपये ज्यादा इन निर्यातों से प्राप्त हुए हैं। इसकी वजह यह है कि निर्यात की जाने वाली कॉफी पिछले साल के मुकाबले इस बार 12.73 रुपये प्रति किलोग्राम महंगी थी। घरेलू कॉफी बिक्री के आधार पर ही कॉफी की अंतरराष्ट्रीय कीमत के पैटर्न का आकलन किया जाता है।

भारतीय कॉफी का निर्यात उन्मुखीकरण 75 फीसदी तक है, इसलिए यह सारा खेल अनुमानों पर आधारित होता है। कॉफी मूल्य निर्धारण की सबसे नई प्रवृति उपासी के मुताबिक, जो मूल्य में विकास पिछले वर्ष देखी गई थी, वह इस साल भी जारी रहेगी।

भारतीय रोबस्टा कॉफी की मांग इटली और जापान के बाजारों में काफी है, इसलिए इसकी कीमत भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अधिक है। रोबस्टा की कीमत जनवरी-अगस्त 2008 में 94.93 रुपये प्रति किलोग्राम रहा, जो समान अवधि के लिए पिछले साल 74.01 रुपये प्रति किलोग्राम था। इस तरह इसबार यह कॉफी 20.92 रुपये महंगा रहा। अरेबिका की कीमत में इस बार 18.60 रुपये प्रति किलोग्राम और अरेबिका चेरी एबी की कीमत में 17.26 रुपये प्रति किलोग्राम की तेजी रहा।

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First Published - September 8, 2008 | 11:19 PM IST

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