facebookmetapixel
Advertisement
Medicine Price Update: रेबीज रोधी दवा महंगी, डायबिटीज-HIV समेत 39 दवाओं की नई कीमतें तयभारत ने जहाज पर हमले को बताया चिंताजनक, 11 भारतीय नाविकों में से एक लापताराम मंदिर मामले में संघ ने जताई पीड़ा, कहा- दोबारा न हो ऐसी चूक; विपक्ष ने घेराहोर्मुज स्ट्रेट फिर हुआ बंद, क्या भारत पर पड़ेगा असर? जानिए पूरी तस्वीरITR Filing 2026: खेती की जमीन बेची तो टैक्स लगेगा या नहीं? जानें नियम और बचावEditorial: कम शुल्क से बढ़ेगी प्रतिस्पर्धा, भारत को चाहिए स्थायी आयात सुधारहोर्मुज संकट से आगे: भारत अपनी ऊर्जा सुरक्षा कैसे कर रहा है मजबूत?‘सतलुज’ विवाद से पंजाब की चुनावी राजनीति में क्या आएगा बड़ा बदलाव?एसबीआई फंड्स मैनेजमेंट का जीएमपी मजबूत, निवेशक कर रहे वैल्यू  की तलाशPage Industries पर ब्रोकरेज बुलिश, प्रीमियम प्रोडक्ट्स और बढ़ती मांग से ग्रोथ तेज; टारगेट प्राइस ₹48,000 तक

GSK Pharma का शेयर तीन महीने में 20% टूटा, नई पेशकशों और वैक्सीन सेगमेंट पर निर्भर करेगा सुधार

Advertisement

भारतीय फार्मा बाजार में कमजोर प्रदर्शन के कारण इस शेयर में अल्पाव​धि में सुधार की गुंजाइश कम दिख रही है

Last Updated- October 06, 2025 | 10:09 PM IST
Pharma Stock
प्रतीकात्मक तस्वीर | फाइल फोटो

ग्लैक्सो ​​स्मिथक्लाइन फार्मास्युटिकल्स या जीएसके फार्मा का शेयर पिछले तीन महीनों के दौरान करीब 20 फीसदी कमजोर हुआ है। शेयर में गिरावट खासकर वित्त वर्ष 2026 की पहली तिमाही के सुस्त प्रदर्शन की वजह से आई है। 

पहली तिमाही पर मुख्य व्यवसाय में सुस्त प्रदर्शन और आपूर्ति संबं​धित व्यवधान का असर पड़ा, जिसकी वजह से ब्रोकरेज फर्मों ने अपने आय अनुमानों में कटौती की। हालांकि नई पेशकशों (खासकर वैक्सीन और स्पे​शियल्टी सेगमेंट में) और सामान्य दवाओं में सुधार प्रमुख सकारात्मक बदलाव हैं, लेकिन हाल के महीनों में भारतीय फार्मा बाजार में कमजोर प्रदर्शन को देखते हुए, अल्पाव​धि में इस शेयर में सुधार की संभावना कम है। 

कंपनी का राजस्व पहली तिमाही में सालाना आधार पर 1.4 प्रतिशत और तिमाही आधार पर 17.4 प्रतिशत घटकर 805 करोड़ रुपये रह गया। बिक्री भी विश्लेषकों के अनुमान से लगभग 8 प्रतिशत कम रही और एक आपूर्तिकर्ता साइट (अनुबंध निर्माण संगठन, या सीएमओ) में आग लगने और संक्रमण-रोधी, दर्द निवारक और त्वचा रोग संबंधी प्रमुख चिकित्साओं में सुस्त प्रदर्शन के कारण प्रभावित हुई।

आईसीआईसीआई सिक्योरिटीज के विश्लेषक अब्दुलकादर पूरनवाला का कहना है कि टॉपिकल कॉर्टिकोस्टेरॉइड्स और एंटी-इन्फेक्टिव्स की कमजोर वृद्धि ने सामान्य दवा क्षेत्र की वृद्धि को धीमा कर दिया है। पहली तिमाही में इस व्यवसाय की बिक्री में 1.7 प्रतिशत की गिरावट आई।

​ एल्ट्रॉक्सिन (हाइपोथायरायडिज्म) और कैलपॉल (दर्दनाशक/बुखारनाशक) जैसे प्रमुख ब्रांडों को सीएमओ (कंपनी अपनी 60 प्रतिशत खरीद आउटसोर्स करती है) में आग लगने से आपूर्ति बाधित होने के कारण मुश्किलों का सामना करना पड़ा। हालांकि, ब्रोकरेज फर्म का मानना ​​है कि प्रमुख ब्रांडों की बिक्री में वृद्धि, कीमतों में बढ़ोतरी और नई पेशकशों के साथ रिकवरी से वित्त वर्ष 2025-2027 के दौरान जीएसके के फार्मास्युटिकल सेगमेंट में 6.7 प्रतिशत की वृद्धि हो सकती है। महंगे मूल्यांकन के कारण आईसीआईसीआई सिक्योरिटीज ने इस शेयर के लिए ‘घटाएं’ रेटिंग दी है।

तिमाही में वृद्धि को स्पे​शियल्टी सेगमेंट से मदद मिली, क्योंकि न्यूकेला और ट्रेलेजी के रे​स्पिरेटरी पोर्टफोलियो की बाजार भागीदारी लगातार बढ़ रही है। वैक्सीन सेगमेंट की वृद्धि बूस्ट्रिक्स, वैरिलिक्स और हैवरिक्स के बाल चिकित्सा वैक्सीन पोर्टफोलियो पर निर्भर है। 

वैक्सीन क्षेत्र में, कंपनी को बाल चिकित्सा क्षेत्र में स्थिर वृद्धि (निम्न से मध्यम-एक अंक) और वयस्कों के टीकाकरण में वृद्धि के आधार पर ऊंचे एक अंक से निचले दो अंक की वैल्यृ वृद्धि की उम्मीद है। निर्मल बांग रिसर्च का कहना है कि शिंग्रिक्स एक दीर्घाव​धि कहानी बनी हुई है, जिससे कंपनी के समग्र मिश्रण और मार्जिन में सुधार होगा।

भले ही राजस्व में गिरावट रही, लेकिन उत्पाद मिश्रण में सुधार के कारण कंपनी ने सकल मार्जिन में सालाना आधार पर 50 आधार अंक की वृद्धि दर्ज की और यह बढ़कर 64 प्रतिशत हो गया। परिचालन लाभ में 9 प्रतिशत की वृद्धि देखी गई, जबकि बेहतर लागत नियंत्रण के कारण मार्जिन में 290 आधार अंक की वृद्धि हुई। तिमाही आधार पर, परिचालन लाभ और मार्जिन दोनों में क्रमशः 24.6 प्रतिशत और 300 आधार अंक की गिरावट आई।

मोतीलाल ओसवाल रिसर्च ने वित्त वर्ष 2026 के लिए अपने अनुमानों में 5 प्रतिशत और वित्त वर्ष 2027 के लिए 2 प्रतिशत की कटौती की है, जिसके लिए सीएमओ संयंत्र में बाधाओं के कारण कुछ दवाओं की आपूर्ति पर पड़ने वाले प्रतिकूल प्रभाव और डर्मेटोलॉजी/रे​स्पिरेटरी चिकित्साओं से जुड़ी संभावनाओं में कमी को जिम्मेदार माना गया है। ब्रोकरेज ने कंपनी को ‘तटस्थ’ रेटिंग दी है।

इस शेयर के लिए मुख्य सकारात्मक कारक नई पेशकशें हैं। कंपनी ने पिछले महीने अपने पेटेंटेड ऑन्कोलॉजी ब्रांड जेम्परली और जेजुला को पेश किया और आगामी पेशकशों में हेपेटाइटिस-बी और वैक्सीन के नए ब्रांड भी हैं। 

Advertisement
First Published - October 6, 2025 | 10:08 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement