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SEBI के 14 अगस्त के आदेश के खिलाफ राहत की अपील लेकर SAT पहुंचे पुनीत गोयनका

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मामला एस्सेल समूह के मानद चेयरमैन चंद्रा द्वारा यस बैंक में रखी गई सावधि जमा के विनियोग के लिए 200 करोड़ रुपये के लेटर ऑफ कंफर्ट (एलओसी) से संबंधित है।

Last Updated- August 25, 2023 | 7:16 PM IST
SEBI rejects settlement petition of ZEE and Punit Goenka, Subhash Chandra under investigation SEBI ने खारिज की ZEE और पुनीत गोयनका की निपटान याचिका, जांच के घेरे में सुभाष चंद्रा

ज़ी एंटरटेनमेंट एंटरप्राइजेज के प्रमोटरों में से एक, पुनीत गोयनका ने शुक्रवार को भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (सेबी) के 14 अगस्त के आदेश के खिलाफ राहत के लिए प्रतिभूति और अपीलीय न्यायाधिकरण (SAT) के समक्ष अपील की। सेबी के 14 अगस्त के आदेश में पुनीत गोयनका को सोनी पिक्चर्स नेटवर्क इंडिया के साथ विलय की गई इकाई में प्रमुख पद लेने से रोक दिया गया था।

14 अगस्त को जारी एक पुष्टिकरण आदेश में, बाजार नियामक ने कहा कि वह कथित फंड डायवर्जन मामले की जांच 8 महीने के भीतर पूरी कर लेगा, जहां वह पिता-पुत्र की जोड़ी सुभाष चंद्रा और गोयनका की संलिप्तता की जांच कर रहा है।

सेबी चेयरपर्सन माधवी पुरी बुच द्वारा जारी आदेश में, सेबी ने इन दोनों को ज़ी एंटरटेनमेंट, ज़ी मीडिया कॉरपोरेशन, ज़ी स्टूडियोज़, ज़ी आकाश न्यूज़ और इनके विलय या अलगाव से बनी किसी भी अन्य कंपनी में निदेशक या प्रमुख प्रबंधकीय पद संभालने से रोक दिया।

ये भी पढें- SAT ने SEBI के आदेश के खिलाफ सुभाष चंद्रा, पुनीत गोयनका को अंतरिम राहत देने से किया इनकार

सैट इस मामले पर अगले सप्ताह सुनवाई करेगा

ज़ी प्रमोटर्स ने पहले इसी मामले में सेबी द्वारा जून में जारी अंतरिम आदेश के खिलाफ सैट का दरवाजा खटखटाया था। सैट ने सेबी को उन्हें सुनवाई का अवसर प्रदान करने और आदेश जारी करने का निर्देश दिया था। निर्देशों का पालन करते हुए, सेबी ने दोनों को सुनवाई का अवसर दिया और निर्धारित समय के भीतर पुष्टिकरण आदेश जारी किया।

यह मामला एस्सेल समूह के मानद चेयरमैन चंद्रा द्वारा यस बैंक में रखी गई सावधि जमा के विनियोग के लिए 200 करोड़ रुपये के लेटर ऑफ कंफर्ट (एलओसी) से संबंधित है।

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First Published - August 25, 2023 | 1:17 PM IST

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