facebookmetapixel
Advertisement
थोक जमा नियमों में आरबीआई का बदलाव, सभी ग्राहकों को मिलेगी समान ब्याज दर की जानकारी15 साल में मजबूत हुई ग्रामीण अर्थव्यवस्था, मौसम का असर पहले से कम: आरबीआई डिप्टी गवर्नरब्रांड वैल्यू में शाहरुख खान नंबर-1, विराट कोहली को पीछे छोड़ हासिल किया पहला स्थानवीजा की बेंगलूरु में बड़ी छंटनी, 1,400 कर्मचारियों की गई नौकरी; एआई पर बढ़ते फोकस का असरई-कॉमर्स निर्यात के लिए विदेशी कंपनियों को बनानी होगी अलग यूनिट एक्सचेंजों पर बंद भाव में बड़ा अंतर ट्रेडरों के लिए कमाई का मौका, आर्बिट्राज ट्रेडिंग में आई तेजीटाटा संस फिलहाल अपर लेयर एनबीएफसी में रहेगी, सीआईसी लाइसेंस पर फैसला बाकीRBI MPC Meet: रीपो रेट 5.25% पर बरकरार, ग्रोथ अनुमान बढ़ाया, महंगाई आउटलुक घटायाडिजिटल रुपये की बढ़ी रफ्तार, सीबीडीसी और यूएलआई का दायरा लगातार बढ़ा: आरबीआईUPI पर MDR लागू होगा या नहीं? RBI गवर्नर बोले- अभी चर्चा करना जल्दबाजी

यूपी ने दर्ज की पूंजीगत व्यय में 563 प्रतिशत वृद्धि, आंध्र में गिरावट

Advertisement
Last Updated- December 11, 2022 | 11:28 PM IST

चालू वित्त वर्ष के पहले 6 महीने के दौरान शीर्ष 10 राज्यों में कर हस्तांतरण के हिसाब से पूंजीगत व्यय में व्यापक अंतर रहा है। उदाहरण के लिए पिछले साल की समान अवधि की तुलना में ओडिशा में जहां पूंजीगत व्यय महज 12.58 प्रतिशत बढ़ा है, उत्तर प्रदेश में 563 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। पिछले साल का आधार कम था, इसलिए वृद्धि असामान्य रूप से ज्यादा है। इसके बावजूद आंध्र प्रदेश में पूंजीगत व्यय में 30 प्रतिशत की गिरावट आई है। पूंजीगत व्यय की वास्तविक स्थिति देखने के लिए कोविड के पहले के वित्त वर्ष 2019-20 की पहली छमाही से तुलना करना उचित होगा। इससे भी तुलना करें तो विभिन्न राज्यों के पूंजीगत व्यय में वृद्धि में 16.69 प्रतिशत से लेकर 202.29 प्रतिशत का भारी अंतर है। बिहार में सबसे ज्यादा वृद्धि दर्ज की गई है, लेकिन आंकड़े शुरुआती 5 महीने के हैं क्योंकि वित्त वर्ष 2019-20 के सितंबर महीने के आंकड़े उपलब्ध नहीं हैं। पश्चिम बंगाल के आंकड़े भी अगस्त तक के ही उपलब्ध हैं, जिसके पूंजीगत व्यय में कमी आई है, जबकि महाराष्ट्र में वित्त वर्ष 22 की पहली छमाही में पूंजीगत व्यय में कोविड के पहले की समान अवधि की तुलना में गिरावट आई है। वित्त मंत्रालय इस महीने राज्यों को कर हस्तांतरण की राशि दोगुना करेगा, जिससे वे ज्यादा पूंजीगत व्यय कर सकें । इन 10 राज्यों का उस कर हस्तांतरण में 72 प्रतिशत हिस्सा होगा।

Advertisement
First Published - November 17, 2021 | 11:38 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement