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आगामी सीजन में Voltas कमा सकती है मुनाफा

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तीसरी तिमाही एकमुश्त, मार्जिन दबावों के कारण निराशाजनक रही

Last Updated- February 22, 2023 | 11:19 PM IST
Voltas will make AC compressor in India! Investment of Rs 1,300 crore made for manufacturing
BS

भारत की सबसे बड़ी एयर कंडीशनर कंपनी वोल्टास (Voltas) उन 200 कंपनियों में शामिल है, जिन्होंने दिसंबर तिमाही की कमाई के बाद सबसे अधिक गिरावट देखी है। गंभीर प्रतिस्पर्धी दबावों के बीच तिमाही में नुकसान और मार्जिन संकुचन के कारण ब्रोकरेज ने कंपनी की वित्त वर्ष 2023 आय में औसतन 20 फीसदी से अधिक की कटौती की।

प्रभुदास लीलाधर रिसर्च के प्रवीण सहाय ने यूनिटरी कूलिंग उत्पाद खंड (UCP) में मार्जिन संकुचन के कारण वित्त वर्ष 2023 की कंपनी की आय अनुमान को संशोधत कर 27 फीसदी तक कम कर दिया है। साल भर पहले की अवधि की तुलना में तीसरी तिमाही में इस खंड के मार्जिन में 90 आधार अंकों की गिरावट देखी गई।

कमाई में संशोधन के अन्य कारणों में इलेक्ट्रो-मैकेनिकल प्रोजेक्ट्स ऐंड सर्विसेज (EMPS) कारोबार में संग्रह और निपटान में देरी 46 करोड़ रुपये का घाटा था और वोल्टास बेको में 32 करोड़ रुपये का लगातार नुकसान हो रहा था।

कुल मिलाकर, कंपनी ने एक साल पहले की तिमाही में 96 करोड़ रुपये के लाभ की तुलना में 110 करोड़ रुपये का घाटा दर्ज किया। ऑपरेटिंग प्रॉफिट मार्जिन भी तिमाही में 490 आधार अंक घटकर 3.8 फीसदी रह गया।

कमजोर परिचालन प्रदर्शन और हानि के कारण ईएमपीएस सेगमेंट में एक अनुबंध को रद्द करने और बैंक गारंटी के नकदीकरण के कारण 140 करोड़ रुपये का प्रावधान था।

एमके रिसर्च का कहना है कि यह लगातार दूसरी तिमाही है जब एक अनुबंध को एकतरफा रद्द कर दिया गया और बैंक गारंटी को मुख्य ठेकेदार द्वारा भुना लिया गया, जिससे कंपनी को नुकसान हुआ। वोल्टास इन मामलों में कानूनी उपाय खोज रहा है जो पश्चिम एशिया बाजार से हैं। जहां ईएमपीएस खंड के लिए मांग मजबूत है, वहीं बाजार इस खंड के लिए अपने अनुमानों को संशोधित करने के लिए लाभदायक निष्पादन की प्रतीक्षा करेगा।

कमजोर तिमाही में, यूसीपी सेगमेंट में कंपनी की बिक्री (समेकित बिक्री का 60 फीसदी से अधिक) मोटे तौर पर अनुमानों के अनुरूप थी, हालांकि सेगमेंट में मार्जिन सालाना आधार पर 90 आधार अंक कम था। ब्रोकरेज, हालांकि, आगामी गर्मी के मौसम को देखते हुए मात्रा के मोर्चे पर सकारात्मक हैं और तथ्य यह है कि ट्रेड इन्वेंट्री सामान्य स्तर पर है।

ब्रोकरेज का मानना ​​है कि कंपनी की अपने बाजार और मार्जिन को बनाए रखने की क्षमता आगे बढ़ने में महत्त्वपूर्ण होगी। कंपनी ने संकेत दिया कि रूम एयरकंडीशनर बाजार में उसकी सालाना आधार पर बाजार हिस्सेदारी 22.5 फीसदी है, जो पिछले साल से 400 आधार अंक कम है।

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नोमुरा रिसर्च के सिद्धार्थ बेरा और कपिल सिंह मार्जिन में सुधार के लिए मजबूत मांग, अनुकूल परिचालन लाभ और मूल्य वृद्धि की उम्मीद करते हैं। वे कहते हैं कि अन्य कंपनियों के लिए लगातार नकारात्मक मार्जिन के साथ जारी रखना मुश्किल होगा। ब्रोकरेज के अनुसार, स्टॉक वर्तमान में प्रति शेयर वित्त वर्ष 2025 आय के 30 गुना पर कारोबार कर रहा है और एक अनुकूल जोखिम इनाम प्रदान करता है।

मार्जिन से संबंधित निकट अवधि की चुनौतियों के बावजूद प्रभुदास लीलाधर रिसर्च भी लंबी अवधि के लिए वोल्टास पर सकारात्मक है। यह रूम एयरकंडीशनर में इसकी अग्रणी स्थिति, बैलेंस शीट कंफर्ट (वित्त वर्ष 2023 की पहली छमाही में शुद्ध नकदी का 860 करोड़ रुपये) और घरेलू व अंतरराष्ट्रीय बाजार से ऑर्डर प्रवाह में बेहतर कर्षण पर आधारित है।

उन्हें उम्मीद है कि वित्त वर्ष 2022-25 के बीच इसकी प्रति शेयर आय सालाना 18.7 फीसदी की दर से बढ़ेगी। शेयर फिलहाल वित्त वर्ष 24 की कमाई के अनुमान के 43 गुना पर कारोबार कर रहा है।

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First Published - February 22, 2023 | 7:12 PM IST

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