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मांग सुधरने से Apollo Tyres को मिलेगी मदद

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उत्पादन लागत में नरमी आने से मार्जिन में सुधार आ सकता है, दिसंबर तिमाही में कंपनी के राजस्व को कीमत वृद्धि से मदद मिली

Last Updated- February 22, 2023 | 6:58 PM IST
apollo tyres

मजबूत परिचालन की मदद से Apollo Tyres ने दिसंबर तिमाही में अनुमान के मुकाबले बेहतर वित्तीय प्रदर्शन किया। ऊंचे सकल मार्जिन से परिचालन लाभ में इजाफा हुआ और कच्चे माल की कीमतों में नरमी आना भविष्य में उसके मुनाफे के लिए सकारात्मक है। मजबूत प्रदर्शन के बावजूद, यह शेयर घरेलू और अंतरराष्ट्रीय रीप्लेसमेंट सेगमेंटों के लिए सुस्त परिदृश्य को देखते हुए सीमित दायरे में रहने का अनुमान है।

भले ही भारतीय व्यवसाय के लिए दिसंबर तिमाही में बिक्री 4 प्रतिशत तक घटी, लेकिन राजस्व वृद्धि 12 प्रतिशत रही। इसे कीमत वृद्धि और उत्पाद मिश्रण से मदद मिली।

वाहन निर्माताओं से मांग 30 प्रतिशत सालाना वृद्धि के साथ मजबूत रही, भले ही रीप्लेसमेंट और निर्यात बाजार में 8 प्रतिशत तथा 25 प्रतिशत तक की कमजोरी आई। कंपनी ने यात्री कार रेडियल सेगमेंट में 3 प्रतिशत की कीमत वृद्धि की और तिमाही के दौरान घरेलू बाजार में अपनी बाजार भागीदारी बरकरार रखी।

कंपनी के यूरोपीय परिचालन ने 8 प्रतिशत की राजस्व वृद्धि दर्ज की और उसे बड़ी मदद बेहतर मिश्रण (अल्ट्रा हाई परफॉरमेंस टायरों की भागीदारी में तेजी) तथा कीमत बढ़ोतरी से मिली। हालांकि मांग धीमी रही, क्योंकि यूरोपीय यात्री कार रेडियल के साथ साथ ट्रक एवं बस रेडियल टायरों की बिक्री 14 और 10 प्रतिशत तक घट गई। ऐसा ऊंची इन्वेंट्री, ठंड के मौसम और आ​र्थिक मंदी की वजह से हुआ।

कंपनी के दो मुख्य बाजारों के लिए परिदृश्य मिश्रित बना हुआ है। निर्मल बांग रिसर्च के वरुण बक्सी का मानना है कि घरेलू रीप्लेसमेंट बाजार वित्त वर्ष 2024 की जून तिमाही से सुधरेगा, क्योंकि घरेलू वाहन निर्माताओं से मांग मजबूत बने रहने का अनुमान है। यूरोपीय बाजार में कंपनी प्रबंधन वृहद आ​र्थिक चुनौतियों को देखते हुए मांग रुझानों को लेकर सतर्क है। ब्रोकरेज ने इस शेयर के लिए खरीदें रेटिंग दी है, क्योंकि उसे प्रतिफल अनुपात सुधरने का अनुमान है।

मांग के अलावा, बाजार की नजर मार्जिन पर बनी रहेगी। दिसंबर तिमाही में ऊंचे सकल मार्जिन की मदद से कंपनी तिमाही आधार पर परिचालन लाभ में 25 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज करने में सफल रही। कच्चे माल की कीमतों में नरमी, कीमत वृद्धि और अन्य लागत नियंत्रण उपायों की वजह से मार्जिन तिमाही आधार पर 260 आधार अंक तक बढ़ा। जिंस कीमतों में नरमी से अल्पाव​धि में कंपनी के मार्जिन में मदद मिलने की संभावना है।

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First Published - February 22, 2023 | 6:58 PM IST

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