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बाजार हलचल: म्युचुअल फंडों ने इक्विटी में बढ़ाया दांव, डेट से निकासी

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डेट में म्युचुअल फंडों की बिकवाली की वजह ज्यादातर डेट योजनाओं से शुद्ध निकासी थी और अकेले लिक्विड योजनाओं से अगस्त के पहले 15 दिनों में करीब 33,000 करोड़ रुपये निकाले गए

Last Updated- September 10, 2023 | 8:55 PM IST
Stock Market

अगस्त के पहले 23 दिनों में म्युचुअल फंडों ने इक्विटी बाजार में 14,500 करोड़ रुपये निवेश किया, जो फंडों की इक्विटी योजनाओं में शुद्ध‍ निवेश में हुए इजाफे का संकेत देता है। 2023-24 के पहले चार महीने में इक्विटी में म्युचु्अल फंडों का निवेश सुस्त बना रहा, जिसकी वजह निवेशकों की मुनाफावसूली थी।

दूसरी ओर, फंडों ने 23 दिन की इस अवधि में डेट मार्केट से 21,000 करोड़ रुपये निकाले और यह जानकारी बाजार नियामक सेबी के आंकड़ों से मिली।

क्रिसिल के विश्लेषण के मुताबिक, डेट में म्युचुअल फंडों की बिकवाली की वजह ज्यादातर डेट योजनाओं से शुद्ध निकासी थी और अकेले लिक्विड योजनाओं से अगस्त के पहले 15 दिनों में करीब 33,000 करोड़ रुपये निकाले गए।

आरआर केबल का ग्रे मार्केट प्रीमियम 30 फीसदी

आरंभिक सार्वजनिक निर्गम से पहले आरआर केबल का शेयर ग्रे मार्केट में 25 से 30 फीसदी प्रीमियम पर बिक रहा है। यह आईपीओ 13 सितंबर को खुल रहा है और इसका कीमत दायरा 983 से 1,035 रुपये प्रति शेयर है। ग्रे मार्केट के ऑपरेटर इस कंपनी का शेयर 1,300 रुपये से ऊपर सूचीबद्ध होने का अनुमान लगा रहे हैं।

अमेरिकी प्राइवेट इक्विटी दिग्गज टीपीजी समर्थित कंपनी देश की पांचवीं सबसे बड़ी वायर व केबल विनिर्माता है। विश्लेषकों को उम्मीद है कि इलेक्ट्रिक वायर की ओर ट्रांजिशन और घरों के सुधार में बढ़ती मांग केबल उद्योग के लिए लंबी अवधि का कारक हो सकता है।

2022-23 में आरआर केबल का परिचालन राजस्व व लाभ क्रमश: 5,600 करोड़ रुपये व 190 करोड़ रुपये रहा। कीमत दायरे के ऊपरी स्तर पर कंपनी का मूल्यांकन 11,676 करोड़ रुपये बैठता है।

बेंचमार्क पर जियो का प्रभाव

रिलायंस इंडस्ट्रीज से अलग की गई इकाई जियो फाइनैंशियल सर्विसेज को 31 अगस्त को एसऐंडपी बीएसई सेंसेक्स से बाहर किया गया जबकि नैशनल स्टॉक एक्सचेंज के निफ्टी से करीब एक हफ्ते बाद 6 सितंबर को निकाला गया क्योंकि दोनों ही एक्सचेंजों ने अलग-अलग तरीका अपनाया।

हालांकि निफ्टी में जियो फाइनैंशियल के थोड़े समय ज्यादा रहने को निफ्टी के लिए अप्रत्यक्ष वरदान के तौर पर देखा जा सकता है क्योंकि सेंसेक्स से निकासी के बाद यह शेयर करीब 10 फीसदी चढ़ा।

पिछले हफ्ते निफ्टी ने 1.98 फीसदी की बढ़त के साथ सेंसेक्स के मुकाबले उम्दा प्रदर्शन किया, जिसमें 1.85 फीसदी का इजाफा हुआ। 20 जुलाई के अपने-अपने उच्चस्तर से सेंसेक्स व निफ्टी क्रमश: 1.5 फीसदी व 0.86 फीसदी नीचे है। दोनों सूचकांक इस हफ्ते नई ऊंचाई पर पहुंच सकते हैं। निफ्टी इस स्तर पर एक या दो सत्र में सेंसेक्स से पहले पहुंच सकता है।

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First Published - September 10, 2023 | 8:55 PM IST

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