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Veg, non-veg thali: जुलाई में 11 प्रतिशत महंगी हुई वेज थाली, टमाटर की ऊंची कीमतों ने बिगाड़ा खाने का स्वाद

जून की तुलना में जुलाई में वेज थाली की कीमत 11 फीसदी और नॉन-वेज की 6 फीसदी बढ़ी। हालांकि सालाना आधार पर दोनों की कीमत में कमी आई है।

Last Updated- August 06, 2024 | 2:40 PM IST
Veg thali cost rises 11%, non-veg thali falls 2% in Sept 2024: Crisil

इस साल जुलाई में खाना खाना महंगा हो गया है। जुलाई में वेज (शाकाहारी) और नॉन वेज (मांसाहारी) दोनों थाली की कीमतों में इजाफा हुआ है। हालांकि सालाना आधार पर दोनों थाली की कीमतों में कमी दर्ज की गई है।

वेज थाली में रोटी, चावल, दाल, दही, सलाद के साथ ही प्याज, आलू, टमाटर होते हैं। मांसाहारी थाली में शाकाहारी थाली के काफी खाद्य पदार्थ होते हैं। लेकिन दाल की जगह चिकन (ब्रॉयलर) होता है।

घर में पकाई जाने वाली इन थालियों की औसत मूल्य की गणना उत्तर, दक्षिण, पूर्व और पश्चिम भारत में इस थाली में शामिल भोजन को बनाने में उपयोग होने वाले खाद्य पदार्थों की कीमतों के आधार पर की जाती है।

जुलाई में कितनी महंगी हुई शाकाहारी थाली?

रेटिंग एजेंसी क्रिसिल की ‘रोटी राइस रेट‘ नाम से जारी रिपोर्ट के अनुसार इस साल जून में शाकाहारी थाली की कीमत 29.4 रुपये थी, जो जुलाई में बढ़कर 32.6 रुपये हो गई। इस तरह जून की तुलना में जुलाई में शाकाहारी थाली करीब 11 फीसदी महंगी हुई।

हालांकि सालाना आधार पर जुलाई में शाकाहारी थाली 4 फीसदी सस्ती हुई है क्योंकि सालाना आधार पर टमाटर के भाव में 40 फीसदी कमी आई है। सालाना आधार पर प्याज 65 फीसदी और आलू 55 फीसदी महंगा होने से शाकाहारी थाली के दाम और कम होने से रुक गए।

शाकाहारी थाली महंगी होने की क्या रही वजह?

क्रिसिल की इस रिपोर्ट के अनुसार शाकाहारी थाली महंगी होने की मुख्य वजह टमाटर के दाम बढ़ना है। जून की तुलना में जुलाई में टमाटर के भाव 55 फीसदी बढ़कर 66 रुपये किलो हो गए। इसके अलावा जुलाई में आलू व प्याज के भाव क्रमश: 20 और 16 फीसदी बढ़ने के कारण भी शाकाहारी थाली महंगी हुई है।

कितनी महंगी हुई मांसाहारी थाली?

शाकाहारी साथ अब मांसाहारी थाली के दाम भी बढ़ रहे हैं। इससे पहले इस थाली के दाम कम हो रहे थे। क्रिसिल की इस रिपोर्ट के अनुसार इस साल जून में मांसाहारी थाली की कीमत 58 रुपये थी, जो जुलाई में 6 फीसदी बढ़कर 61.4 रुपये हो गई। इसकी भी वजह टमाटर महंगा होना है।

शाकाहारी की तुलना में मांसाहारी थाली कम महंगी होने का कारण इस थाली में 50 फीसदी हिस्सेदारी रखने वाले ब्रॉयलर के दाम स्थिर रहना हैं। मासिक आधार पर मांसाहारी थाली भले ही महंगी हुई हो, लेकिन सालाना आधार पर इसकी कीमत में कमी आई है। पिछले साल जुलाई में इस थाली की कीमत 67.8 रुपये थी, जो इस जुलाई घटकर 61.4 रुपये रह गई। सालाना आधार पर मांसाहारी थाली सस्ती होने की वजह ब्रॉयलर के दाम में 11 फीसदी कमी आना है।

First Published - August 6, 2024 | 2:08 PM IST

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