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67% चढ़ सकता है सिर्फ ₹150 का शेयर, Motilal Oswal ने शुरू की कवरेज; BUY की दी सलाह

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Stock to buy: ब्रोकरेज के अनुसार, लॉन्च के 4 साल के भीतर कंपनी ने एक्टिव ग्राहकों की संख्या के आधार पर भारत का सबसे बड़ा रिटेल ब्रोकिंग प्लेटफॉर्म बनकर तेजी से ग्रोथ किया है।

Last Updated- January 06, 2026 | 9:26 AM IST
Groww stock

Groww Stock: भारतीय शेयर बाजार हफ्ते के पहले ट्रेडिंग सेशन यानी सोमवार को उतार-चढ़ाव वाले कारोबार में लाल निशान में बंद हुए। आईटी शेयरों में गिरावट की वजह से बाजार में दबाव रहा। जबकि रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचने के बाद मुनाफावसूली के चलते बाजार गिरावट में बंद हुआ। घरेलू बाजारों ने 2026 के पहले पूरे कारोबारी हफ्ते की शुरुआत सतर्क रुख के साथ की। बाजार में इस मूड-माहौल के बीच ब्रोकरेज हॉउस मोतीलाल हाल ही में लिस्ट ऑनलाइन इन्वेस्टमेंट प्लेटफार्म ग्रो पर बुलिश आउटलुक दिया है। ब्रोकरेज का कहना है कि ग्रो (Groww) ने लॉन्च होने के चार साल के भीतर ही एक्टिव ग्राहकों की संख्या के आधार पर भारत का सबसे बड़ा रिटेल ब्रोकिंग प्लेटफॉर्म बनकर तेजी से ग्रोथ किया है।

Groww Stock पर मोतीलाल ओसवाल का टारगेट: ₹260

मोतीलाल ओसवाल ने ग्रो यानी पर ‘BUY‘ रेटिंग के साथ कवरेज शुरू की है। ब्रोकरेज ने स्टॉक पर बुल केस में 260 रुपये का टारगेट दिया है। इस तरह, शेयर 67 प्रतिशत का रिटर्न दे सकता है। ग्रो के शेयर सोमवार को 155.15 रुपये पर बंद हुए। वहीं, बेस केस में ब्रोकरेज ने 185 रुपये का टारगेट प्राइस रखा है।

ब्रोकरेज ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि ग्रो ने लॉन्च के सिर्फ चार साल में एक्टिव क्लाइंट्स के आधार पर तेजी से बढ़ते हुए भारत का सबसे बड़ा रिटेल ब्रोकिंग प्लेटफॉर्म बन गया है। नवंबर में इसकी बाजार हिस्सेदारी 26.8% रही, जो दूसरे सबसे बड़ी कंपनी से 9 प्रतिशत ज्यादा है। ग्रो अब सिर्फ ब्रोकिंग तक सीमित नहीं है, बल्कि यह ब्रोकिंग, कमोडिटी और वेल्थ मैनेजमेंट जैसे कई सेक्टरों में फैला एक फुल-स्टैक निवेश प्लेटफॉर्म बन चुका है।

यह भी पढ़ें: स्टॉक स्प्लिट का ऐलान: इस रियल्टी कंपनी के शेयर 15 जनवरी से होंगे स्प्लिट, जानें डिटेल

मोतीलाल ओसवाल ने कहा कि ग्रो नए-नए ग्रोथ विकल्प तैयार कर रहा है। इससे आय के स्रोत बढ़ें और कमाई की गुणवत्ता बेहतर हो। एमटीएफ का तेजी से बढ़ना, कमोडिटी कारोबार का विस्तार और वेल्थ मैनेजमेंट में एंट्री—ये सभी मिलकर ब्रोकिंग जैसे अस्थिर सेगमेंट पर निर्भरता को कम करेंगे। ब्रोकरेज के ओसवाल के मुताबिक, वित्त वर्ष 2028 तक ग्रो की कुल आय में ब्रोकिंग सेगमेंट का योगदान मौजूदा 85% से घटकर 67% रह सकता है।

₹114 पर हुई थी Groww की लिस्टिंग

ऑनलाइन इन्वेस्टमेंट प्लेटफार्म ग्रो आईपीओ के शेयर बीएसई पर 114 रुपये पर लिस्ट हुए। यह आईपीओ प्राइस बैंड के अपर एंड 100 रुपये से 14 रुपये या करीब 14 फीसदी ज्यादा है। वहीं, एनएसई पर लेंसकार्ट के शेयर 112 रुपये पर लिस्ट हुए, जो की इश्यू प्राइस से 12 रुपये से 12 फीसदी प्रीमियम पर है।

ग्रो आईपीओ की लिस्टिंग ग्रे मार्केट के अनुमान से ज्यादा रहा। बाजारों पर नजर रखने वाले सूत्रों के अनुसार, लिस्टिंग से पहले ग्रो के नॉन-लिस्टेड शेयर 105 रुपये पर कारोबार कर रहे थे। यह इश्यू प्राइस के मुकाबले 5 रुपये या 5 प्रतिशत का ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) था। जबकि शेयर 14 फीसदी प्रीमियम पर लिस्ट हुए।

 

 

(डिस्क्लेमर: यहां शेयर में खरीदारी की सलाह ब्रोकरेज ने दी है। बाजार में निवेश जोख​िमों के अधीन है। निवेश संबंधी फैसला करने से पहले अपने एडवाइजर से परामर्श कर लें।)

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First Published - January 6, 2026 | 9:01 AM IST

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