facebookmetapixel
दूध के साथ फ्लेवर्ड दही फ्री! कहानी क्विक कॉमर्स की जो बना रहा नए ब्रांड्स को सुपरहिटWeather Update Today: उत्तर भारत में ठंड की लहर! IMD ने जारी किया कोहरा-बारिश का अलर्ट67% चढ़ सकता है सिर्फ ₹150 का शेयर, Motilal Oswal ने शुरू की कवरेज; BUY की दी सलाहअमेरिका का सख्त कदम, 13 देशों के लिए $15,000 तक का वीजा बॉन्ड जरूरीवेनेजुएला के तेल उद्योग पर अमेरिका की नजर: ट्रंप बोले- अमेरिकी कंपनियों को मिल सकती है सब्सिडीस्टॉक स्प्लिट का ऐलान: इस रियल्टी कंपनी के शेयर 15 जनवरी से होंगे स्प्लिट, जानें डिटेलStock Market Update: हैवीवेट शेयरों में बिकवाली से बाजार की कमजोर शुरुआत, सेंसेक्स 340 अंक गिरा; निफ्टी 26,200 के पासStocks To Watch Today: ONGC से Adani Power तक, आज बाजार में इन स्टॉक्स पर रहेगी नजरमजबूत फंडामेंटल के साथ शेयर बाजार में बढ़त की उम्मीद, BFSI क्षेत्र सबसे आगे: रमेश मंत्रीअमेरिकी प्रतिबंधों से वेनेजुएला की तेल अर्थव्यवस्था झुलसी, निर्यात पर गहरा असर; भारत का आयात भी घटा

India’s Fiscal Deficit: दिसंबर के अंत तक फिस्कल डेफिसिट बजट अनुमान के 60 फीसदी पर पहुंचा

Last Updated- January 31, 2023 | 9:10 PM IST
Rs.2000 note

राजस्व संग्रह में सुस्त वृद्धि से दिसंबर के अंत में सरकार का फिस्कल डेफिसिट समूचे वित्त वर्ष के बजट अनुमान का 59.8 फीसदी हो गया। वित्त मंत्रालय ने मंगलवार को यह आंकड़ा जारी किया।

मंत्रालय के मुताबिक, सरकार के राजस्व एवं व्यय के बीच के अंतर को दर्शाने वाला फिस्कल डेफिसिट वास्तविक संदर्भ में अप्रैल-दिसंबर, 2022 की अवधि में 9,92,976 करोड़ रुपये रहा। यह वित्त वर्ष 2022-23 के बजट अनुमान का 59.8 फीसदी है।

सरकार ने चालू वित्त वर्ष में फिस्कल डेफिसिट 16.61 लाख करोड़ रुपये रहने का अनुमान बजट में जताया था जो सकल घरेलू उत्पाद (GDP) का 6.4 फीसदी है। इस घाटे की भरपाई बाजार से कर्ज जुटाकर की जाती है। एक साल पहले की समान अवधि में अप्रैल-दिसंबर के दौरान फिस्कल डेफिसिट बजट अनुमान का 50.4 फीसदी रहा था।

लेखा महानियंत्रक (CGA) के आंकड़ों के मुताबिक, 15.55 लाख करोड़ रुपये का शुद्ध कर राजस्व वित्त वर्ष 2022-23 के बजट अनुमान का 80.4 फीसदी था। एक साल पहले की समान अवधि में यह तत्कालीन बजट अनुमान का 95.4 फीसदी था। चालू वित्त वर्ष के पहले नौ महीनों में गैर-कर राजस्व 2.14 लाख करोड़ रुपये रहा जो बजट अनुमान का 79.5 फीसदी है। वहीं वित्त वर्ष 2021-22 की समान अवधि में यह बजट अनुमान का 106.7 फीसदी था।

अप्रैल-दिसंबर के दौरान सरकार का कुल व्यय समूचे वित्त वर्ष के बजट अनुमान का 71.4 फीसदी रहा है। यह एक साल पहले की समान अवधि के 72.4 फीसदी के बजट अनुमान से कम है। दिसंबर, 2022 के अंत में पूंजी व्यय 4.89 लाख करोड़ रुपये रहा जो बजट अनुमान का 65.4 फीसदी है।

यह भी पढ़ें: Economic Survey 2023: गति शक्ति, लॉजिस्टिक पॉलिसी से इकोनॉमिक ग्रोथ को मिलेगा समर्थन

एक साल पहले की समान अवधि में यह बजट अनुमान का 70.7 फीसदी था। CGA आंकड़ों के मुताबिक, केंद्र सरकार की कुल प्राप्तियां 18.25 लाख करोड़ रुपये रहीं जो वित्त वर्ष 2022-23 के बजट अनुमान का 79.9 फीसदी हैं। पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि में यह बजट अनुमान का 89.1 फीसदी थी।

First Published - January 31, 2023 | 7:23 PM IST

संबंधित पोस्ट