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Indian spices: ब्रिटेन ने भारतीय मसाला आयात पर कड़ी जांच शुरू की, हालिया चिंताओं को देखते हुए उठाया कदम

न्यूजीलैंड, अमेरिका और ऑस्ट्रेलिया ने भी बताया है कि वो इन दो ब्रांड्स से जुड़े मामलों की जांच कर रहे हैं।

Last Updated- May 16, 2024 | 3:16 PM IST
Everest_MDH masala row

ब्रिटेन ने भारत से आने वाले सभी मसालों पर सख्ती कर दी है। जिसके बाद ब्रिटेन सभी भारतीय मसालों की जांच बढ़ाने वाला पहला बड़ा देश बन गया है। गौर करने वाली बात है कि हांगकांग में दो भारतीय ब्रांड्स – MDH और Everest के मसालों में कैंसर पैदा करने वाला रसायन पाए जाने के बाद यह कदम उठाया गया है।

सिंगापुर ने भी एवरेस्ट के मसाला मिक्स को वापस लेने का आदेश दिया था। वहीं न्यूजीलैंड, अमेरिका, भारत और ऑस्ट्रेलिया ने भी बताया है कि वो इन दो ब्रांड्स से जुड़े मामलों की जांच कर रहे हैं। MDH और Everest – जो भारत के सबसे लोकप्रिय ब्रांड्स में से हैं – का कहना है कि उनके उत्पाद खाने के लिए सुरक्षित हैं।

ब्रिटेन की FSA ने कही ये बात

ब्रिटेन की खाद्य सुरक्षा एजेंसी (FSA) ने अब तक की सबसे सख्त कार्रवाई करते हुए कहा है कि वो भारत से आने वाले सभी मसालों पर जहरीले कीटनाशकों की जांच को और सख्त कर रही है, जिसमें एथिलीन ऑक्साइड भी शामिल है। एजेंसी ने ये कदम हालिया चिंताओं को देखते हुए उठाया है। हालांकि, ये नहीं बताया गया है कि वो किन तरीकों से जांच को और मजबूत बनाएगी।

ब्रिटेन के खाद्य नीति के डिप्टी डायरेक्टर जेम्स कूपर ने रॉयटर्स को बयान में बताया, “यहां एथिलीन ऑक्साइड के इस्तेमाल की अनुमति नहीं है और जड़ी बूटियों और मसालों के लिए अधिकतम अवशेष स्तर तय किए गए हैं.”

भारत का मसाला बोर्ड, जो निर्यात को नियंत्रित करता है, ने इस पर अभी तक कोई कॉमेंट नहीं किया है। गौरतलब है कि भारत दुनिया का सबसे बड़ा मसाला उत्पादक, उपभोक्ता और निर्यातक है।

Also Read: Indian spices: भारत ने अंतरराष्ट्रीय समिति से मसालों में एथिलीन ऑक्साइड की सीमा तय करने को कहा

भारत से भारी मात्रा में मसाला निर्यात करता है ब्रिटेन

ब्रिटेन ने साल 2022 में 128 मिलियन डॉलर मूल्य के मसालों का आयात किया था, जिसमें से लगभग 23 मिलियन डॉलर का हिस्सा भारत से आया था (ये आंकड़े ऑब्जर्वेटरी ऑफ इकोनॉमिक कॉम्प्लेक्सिटी वेबसाइट से मिले हैं)। MDH और Everest अपने प्रोडक्ट को अमेरिका, यूरोप, दक्षिण पूर्व एशिया, पश्चिमी एशिया और ऑस्ट्रेलिया सहित कई क्षेत्रों में निर्यात करते हैं।

भारत के नियामकों ने भी सभी मसाला प्रोडक्ट की जांच की है और MDH और Everest प्रोडक्ट के सैंपल की जांच की है, हालांकि अभी तक कोई नतीजे सार्वजनिक नहीं किए गए हैं।

रॉयटर्स द्वारा यूएस एफडीए डेटा के विश्लेषण में पाया गया है कि 2021 के बाद से, अमेरिका में एमडीएच की लगभग 14.5 प्रतिशत खेपों को साल्मोनेला नामक बैक्टीरिया की मौजूदगी के कारण अस्वीकार कर दिया गया है।

कनाडा की खाद्य निरीक्षण एजेंसी ने बुधवार को रॉयटर्स को एक बयान में बताया कि उन्हें MDH और Everest के प्रोडक्ट को लेकर चिंताओं की जानकारी है और वो “स्थिति पर नजर रखे हुए हैं।” उन्होंने ये भी कहा कि, “अभी तक मिली जानकारी के आधार पर, हमारे पास यह सुझाव देने का कोई सबूत नहीं है कि उठाए गए मुद्दे कनाडा के बाजार में मौजूद प्रोडक्ट को प्रभावित करते हैं या नहीं।” (रॉयटर्स के इनपुट के साथ)

First Published - May 16, 2024 | 3:16 PM IST

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