facebookmetapixel
Q3 Results: DLF का मुनाफा 13.6% बढ़ा, जानें Zee और वारी एनर्जीज समेत अन्य कंपनियों का कैसा रहा रिजल्ट कैंसर का इलाज अब होगा सस्ता! Zydus ने भारत में लॉन्च किया दुनिया का पहला निवोलुमैब बायोसिमिलरबालाजी वेफर्स में हिस्से के लिए जनरल अटलांटिक का करार, सौदा की रकम ₹2,050 करोड़ होने का अनुमानफ्लाइट्स कैंसिलेशन मामले में इंडिगो पर ₹22 करोड़ का जुर्माना, सीनियर वाइस प्रेसिडेंट हटाए गएIndiGo Q3 Results: नई श्रम संहिता और उड़ान रद्द होने का असर: इंडिगो का मुनाफा 78% घटकर 549 करोड़ रुपये सिंडिकेटेड लोन से भारतीय कंपनियों ने 2025 में विदेश से जुटाए रिकॉर्ड 32.5 अरब डॉलरग्रीनलैंड, ट्रंप और वैश्विक व्यवस्था: क्या महा शक्तियों की महत्वाकांक्षाएं नियमों से ऊपर हो गई हैं?लंबी रिकवरी की राह: देरी घटाने के लिए NCLT को ज्यादा सदस्यों और पीठों की जरूरतनियामकीय दुविधा: घोटालों पर लगाम या भारतीय पूंजी बाजारों का दम घोंटना?अवधूत साठे को 100 करोड़ रुपये जमा कराने का निर्देश 

बायोकॉन बायोलॉजिक्स: पुराना कर्ज चुकाने को नए का इंतजाम, IPO की संभावना पर विचार जारी

Biocon Biologics debt: बायोकॉन बायोलॉजिक्स पर वियाट्रिस के बायोसिमिलर कारोबार के अधिग्रहण के लिए 1.2 अरब डॉलर का कर्ज है।

Last Updated- October 03, 2024 | 9:59 PM IST
Biocon Biologics

Biocon Biologics debt: बायोकॉन की सहायक कंपनी बायोकॉन बायोलॉजिक्स ने गुरुवार को कहा कि उसने यूएस डॉलर बॉन्ड और नई सिंडिकेटेड सुविधा के जरिये 1.1 अरब डॉलर (9,300 करोड़ रुपये) का दीर्घकालिक ऋण चुकाने के लिए नए कर्ज का इंतजाम किया है। इसमें 6.67 प्रतिशत के कूपन पर साल 2029 तक चुकाया जाने वाला 80 करोड़ डॉलर (6,600 करोड़ रुपये) के सीनियर सिक्योरिटी नोट भी शामिल हैं।

बायोकॉन बायोलॉजिक्स पर वियाट्रिस के बायोसिमिलर कारोबार के अधिग्रहण के लिए 1.2 अरब डॉलर का कर्ज है।

बिजनेस स्टैंडर्ड के साथ बाचीत में बायोकॉन बायोलॉजिक्स के सीएफओ केदार उपाध्याय ने कहा कि कंपनी के पास अब अंतरराष्ट्रीय पूंजी बाजार तक पहुंच है और इससे उन्हें काफी ज्यादा वित्तीय लचीलापन मिलता है। उन्होंने कहा, ‘इससे हमारी तरलता, प्रोफाइल में सुधार होगा और साफ तौर पर ब्याज दर में भी कुछ बचत होगी।’

उपाध्याय ने बताया ‘हमें अगले साल 25 करोड़ डॉलर चुकाने थे। अब यह पांच साल के आखिर में चुकाया जाना है। तरलता प्रोफाइल में सुधार की एक खास वजह परिपक्वता की अवधि में देरी है। साथ ही कूपन दर में करीब 30 आधार अंकों का सुधार हुआ है।’

उन्होंने स्पष्ट किया कि उनके पास निवेश का अब कोई बड़ा कार्यक्रम नहीं है। आरऐंडडी व्यय राजस्व स्तर के सात से आठ प्रतिशत पर जारी रहेगा और वार्षिक पूंजीगत व्यय तकरीबन आठ से 10 करोड़ डॉलर या उससे अधिक होगा। बायोकॉन बायोलॉजिक्स ने अंततः आईपीओ लाने की संभावना से इनकार नहीं किया है।

उपाध्याय ने कहा, ‘इक्विटी जुटाने के कई विकल्प हैं तथा हम उनमें से प्रत्येक के फायदे और नुकसान का आकलन करने के बाद इस दिशा में बढ़ेंगे। इसलिए आईपीओ हमें वहां पहुंचने में या किसी अन्य राह के लिए मदद करेगा। इस स्तर पर हम कोई निश्चित बयान नहीं दे रहे हैं कि हम किस रास्ते से इक्विटी लाएंगे।’

उन्होंने कहा कि बेहतर तरलता का प्रोफाइल किसी को भी इसमें आने का भरोसा प्रदान करता है, चाहे वह आईपीओ ही क्यों न हो। इसलिए इसके बाद अच्छा सौदा मिलने की संभावना बढ़ जाती है।

First Published - October 3, 2024 | 9:59 PM IST

संबंधित पोस्ट