facebookmetapixel
Advertisement
VB-G RAM G: मजदूरी बढ़ी, काम के दिन भी बढ़े… फिर भी नई योजना पर क्यों उठ रहे सवाल?Q1 रिजल्ट से पहले इन 2 Insurance Stocks पर बढ़ा ब्रोकरेज का भरोसा, जानिए किसमें कितनी ग्रोथ की उम्मीदLaser Power & Infra IPO: ₹203-214 तय हुआ प्राइस बैंड, 9 जुलाई से खुलेगा इश्यू; निवेश से पहले जान लें कंपनी की पूरी डिटेलSBI, Airtel: शेयर बाजार में अब कहां बनेगा पैसा? Q1 के पहले ब्रोकरेज ने बताए टॉप सेक्टर और शेयरसेंसेक्स 1 लाख पहुंचेगा या 66,000 तक फिसलेगा? ग्लोबल ब्रोकरेज ने बताया आगे का आउटलुकKnack Packaging IPO Allotment: आज फाइनल होगा अलॉटमेंट, ऐसे करें स्टेटस चेक; जानें लेटेस्ट GMPITR Filing 2026: पिछले ITR में FD का ब्याज नहीं दिखाया? जानिए अब कितना टैक्स और जुर्माना देना पड़ सकता हैऑटो इंडस्ट्री के लिए ऐतिहासिक जून! EV, CNG ने बढ़ाया बाजार का जोश; अब मॉनसून पर नजरब्रेकआउट के बाद दौड़ सकते हैं ये 3 शेयर! Axis Direct ने जारी किए नए टारगेट, Nifty पर भी बड़ा अनुमान₹52,000 करोड़ की डिफेंस खरीद से इन 6 शेयरों की लग सकती है लॉटरी! ब्रोकरेज ने बताए टारगेट

गिरवी शेयर मामले में SAT के आदेश पर सुप्रीम कोर्ट की रोक

Advertisement

HDFC बैंक, बजाज फाइनैंस, ICICI बैंक और इंडसइंड बैंक जैसे अन्य लेनदारों के पास गिरवी रखे गए शेयर कार्वी के क्लाइंटों को सेबी व एनएसडीएल ने हस्तांतरित कर दिए थे।

Last Updated- January 25, 2024 | 9:42 PM IST
Supreme Court

बाजार नियामक सेबी को अंतरिम राहत देते हुए सर्वोच्च न्यायालय ने प्रतिभूति अपील पंचाट (सैट) के आदेश पर रोक लगा दी जिसमें लेनदारों को कार्वी स्टॉक ब्रोकिंग की तरफ से गिरवी रखे गए शेयरों को छुड़ाने की इजाजत मिली थी।

इसके साथ ही सर्वोच्च न्यायालय ने सेबी की अपील स्वीकार कर ली है। मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़ की अगुआई वाले पीठ ने कहा कि इसे सुनवाई के लिए अप्रैल 2024 के दूसरे हफ्ते में रखा जाए।

तब तक प्रतिभूति अपील पंचाट के आदेश पर रोक रहेगी। जहां तक ऐक्सिस बैंक के पास गिरवी रखे गए शेयरों का मामला है, इस संबंध में यथास्थिति का निर्देश है। बैंकों को अंतरिम राहत के लिए इसे सोमवार के लिए सूचीबद्ध किया जाए।

यह मामला सैट के 20 दिसंबर के आदेश से जुड़ा है जहां कई लेनदारों ने अपील की थी जिनके पास डिफॉल्टर कार्वी ने क्लाइंटों की 1,400 करोड़ रुपये की प्रतिभूतियां गिरवी रखी थीं।

एचडीएफसी बैंक, बजाज फाइनैंस, आईसीआईसीआई बैंक और इंडसइंड बैंक जैसे अन्य लेनदारों के पास गिरवी रखे गए शेयर कार्वी के क्लाइंटों को सेबी व एनएसडीएल ने हस्तांतरित कर दिए थे।

ट्रिब्यूनल ने इन प्रतिभूतियों के लिए लेनदारों को चार हफ्ते के भीतर मुआवजे का आदेश दिया था। ऐक्सिस बैंक के पास गिरवी शेयर वैसे ही पड़े रहे और उन्हें भुनाया नहीं गया था। इस​लिए सैट ने ऐक्सिस बैंक को गिरवी शेयर बेचने की इजाजत दी थी।

सेबी ने सैट के 20 दिसंबर के आदेश के खिलाफ सर्वोच्च न्यायालय में 30 दिसंबर को अपील की थी।

Advertisement
First Published - January 25, 2024 | 9:42 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement