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भारत का पाक को सख्त जवाब, US से मुनीर का बयान गलत, परमाणु बम की धमकी देना आदत, हम नहीं डरते

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 पाकिस्तान के अखबार ‘डॉन’ सहित अन्य मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, मुनीर ने फ्लोरिडा के टैंपा में पाकिस्तानी समुदाय को संबोधित करते हुए परमाणु युद्ध की धमकी दी थी।

Last Updated- August 11, 2025 | 10:54 PM IST
General Asim Munir

भारत ने पाकिस्तान के सेना प्रमुख फील्ड मार्शल आसिम मुनीर की परमाणु युद्ध की धमकी की सोमवार को कड़ी निंदा करते हुए कहा कि ‘परमाणु युद्ध की धमकी देना पाकिस्तान की आदत है।’ भारत ने कहा कि ऐसी धमकियां पाकिस्तान के परमाणु कमान और नियंत्रण को लेकर संदेह पैदा करती हैं, जहां सेना आतंकवादी समूहों के साथ मिली हुई है। विदेश मंत्रालय ने कहा, ‘भारत पहले ही यह साफ कर चुका है कि वह परमाणु युद्ध की धमकी के आगे नहीं झुकेगा। हम अपनी राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए सभी जरूरी कदम उठाते रहेंगे।’

भारत ने मुनीर की टिप्पणी को ‘अफसोसनाक’ बताते हुए कहा कि उन्होंने एक तीसरे मित्र देश की धरती से ऐसा बयान दिया। मुनीर इन दिनों अमेरिका के दौरे पर हैं और दो महीने में यह उनका दूसरा अमेरिकी दौरा है। विदेश मंत्रालय ने कहा, ‘अंतरराष्ट्रीय समुदाय ऐसी गैर-जिम्मेदाराना टिप्पणियों से खुद ही निष्कर्ष निकाल सकता है। ये टिप्पणियां इस बात पर भी संदेह पैदा करती हैं कि जिस देश की सेना आतंकवादी समूहों के साथ मिली हुई है, वहां परमाणु कमान और नियंत्रण की स्थिति कैसी होगी।’

सूत्रों ने 1947 के बाद से पाकिस्तान के इतिहास की ओर भी इशारा करते हुए कहा कि  जब भी पाकिस्तान की सेना अमेरिका के करीब आई है तब वहां सैन्य तख्तापलट हुआ है और लोकतंत्र को कुचला गया है। एक सूत्र ने कहा, ‘अमेरिका में मिले स्वागत से उत्साहित होकर मुमकिन है कि अगले कदम के रूप में पाकिस्तान में खामोशी से या फिर खुले तौर पर तख्तापलट हो जाए ताकि फील्ड मार्शल राष्ट्रपति बन सकें।’ सरकारी सूत्रों ने कहा कि पाकिस्तान के सेना प्रमुख की टिप्पणियां पाकिस्तान के व्यवहार को ही दर्शाती हैं। जब भी अमेरिका पाकिस्तानी सेना का समर्थन करता है, तब वे हमेशा अपनी आक्रामकता का असली रंग दिखाते हैं।

पाकिस्तान के अखबार ‘डॉन’ सहित अन्य मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, मुनीर ने फ्लोरिडा के टैंपा में पाकिस्तानी समुदाय को संबोधित करते हुए परमाणु युद्ध की धमकी दी थी। वर्ष 1960 की सिंधु जल संधि को भारत द्वारा फिलहाल ठंडे बस्ते में डालने के फैसले का जिक्र करते हुए पाकिस्तानी सेना प्रमुख ने चेतावनी दी कि अगर भारत ने पाकिस्तान के पानी का प्रवाह रोका तब पाकिस्तान भारत के बुनियादी ढांचे को तबाह कर देगा। मीडिया रिपोर्ट में उनके हवाले से कहा गया, ‘हम एक परमाणु शक्ति हैं। अगर हमें लगा कि हम डूब रहे हैं तब हम आधी दुनिया को अपने साथ ले जाएंगे।’ ‘डॉन’ अखबार के अनुसार, उन्होंने कहा, ‘हम भारत के बांध बनाने का इंतजार करेंगे और जब वे ऐसा करेंगे, तब हम उसे तबाह कर देंगे।’डेढ़ महीने के अंतराल के बाद अमेरिका के अपने दूसरे दौरे पर मुनीर ने कहा कि इन दौरों का मकसद संबंधों को एक रचनात्मक और सकारात्मक रास्ते पर ले जाना है। पहलगाम हमले से कुछ हफ्ते पहले मुनीर ने कहा था कि पाकिस्तान कश्मीर के मुद्दे को नहीं भूलेगा और जोर देकर कहा था, ‘यह हमारी शह-रग (गर्दन की नस) थी।’

भारत ने मुनीर की इन टिप्पणियों को खारिज कर दिया था। भारत ने कहा था कि कश्मीर भारत और पाकिस्तान के बीच एक द्विपक्षीय मुद्दा है और इसमें कोई बदलाव नहीं आया है। विदेश मंत्रालय ने कहा था, ‘कोई भी विदेशी चीज शह-रग में कैसे हो सकती है? यह भारत का एक केंद्र शासित प्रदेश है। इसका पाकिस्तान से एकमात्र संबंध, उस देश द्वारा अवैध रूप से कब्जा किए गए क्षेत्रों को खाली करना है।’

पहलगाम आतंकी हमले के बाद और ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के बाद भारतीय सशस्त्र बलों ने पाकिस्तान में आतंकवादी बुनियादी ढांचे को नष्ट कर दिया था और विदेश मंत्रालय ने कहा था कि भारत 1960 में हस्ताक्षरित सिंधु जल संधि (आईडब्ल्यूटी) को तब तक निलंबित रखेगा, जब तक पाकिस्तान सीमा पार आतंकवाद को विश्वसनीय और अपरिवर्तनीय तरीके से त्याग नहीं देता। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी कहा था कि भारतीय सशस्त्र बलों ने पाकिस्तान की परमाणु युद्ध की धमकी की हवा निकाल दी है। 

पाकिस्तानी सेना ने एक बयान में कहा कि अमेरिका के अपने आधिकारिक दौरे के दौरान, मुनीर ने वरिष्ठ राजनीतिक और सैन्य नेतृत्व के साथ-साथ पाकिस्तानी समुदाय के साथ उच्च-स्तरीय बातचीत की। उन्होंने यह भी कहा कि पाकिस्तान अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप का बहुत आभारी है, जिनके रणनीतिक नेतृत्व ने भारत और पाकिस्तान के बीच युद्ध को रोका और दुनिया भर में कई अन्य युद्धों को भी रोका। वहीं दूसरी तरफ भारत सरकार का रुख रहा है कि भारत और पाकिस्तान ने अमेरिका के किसी भी मध्यस्थता के बिना, अपनी सेनाओं के बीच सीधी बातचीत के बाद अपनी सैन्य कार्रवाई रोक दी थी।

मुनीर ने कहा कि अमेरिका के साथ एक व्यापार समझौते से बड़ा निवेश मिलने की उम्मीद है और पाकिस्तान ने अंतरराष्ट्रीय संबंधों के मोर्चे पर महत्वपूर्ण सफलताएं हासिल की हैं। जून में मुनीर पांच-दिवसीय यात्रा पर अमेरिका गए थे जिस दौरान वहां के राष्ट्रपति ट्रंप के साथ निजी स्तर पर दोपहर के भोजन में शिरकत की थी। उस बैठक के बाद ट्रंप ने विभिन्न क्षेत्रों में अमेरिका-पाकिस्तान के बीच सहयोग बढ़ाने की घोषणा की थी, जिसमें एक तेल समझौता भी शामिल था। पाकिस्तानी सेना ने एक बयान में कहा कि टाम्पा में, मुनीर ने निवर्तमान कमांडर यूनाइटेड स्टेट्स सेंट्रल कमांड (सेंटकॉम), जनरल माइकल ई. कुरिल्ला के सेवानिवृत्ति समारोह और एडमिरल ब्रैड कूपर द्वारा कमान संभालने के समारोह में भाग लिया।  पाकिस्तान और अमेरिका के अधिकारी व्यापार समझौते के ब्योरे को अंतिम रूप देने के लिए बातचीत कर रहे हैं, जिसमें अमेरिका द्वारा जताई गई निवेश प्रतिबद्धताएं शामिल हैं।

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First Published - August 11, 2025 | 10:23 PM IST

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