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सितंबर में रेल से माल ढुलाई 4%, कमाई 3 प्रतिशत बढ़ी

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विविध वस्तुओं, लौह अयस्क और इस्पात उत्पादों की ढुलाई में तेज वृद्धि के कारण रेलवे की कुल माल ढुलाई बढ़ी

Last Updated- October 01, 2025 | 10:42 PM IST
Railway

भारतीय रेलवे ने सितंबर 2025 में 12.75 करोड़ टन  माल की ढुलाई की, जो पिछले साल के इसी महीने में की गई ढुलाई से 4 प्रतिशत अधिक है। हालांकि कोयले ढुलाई 6.11 करोड़ टन पर स्थिर रही। विविध वस्तुओं, लौह अयस्क और इस्पात उत्पादों की ढुलाई में तेज वृद्धि के कारण रेलवे की कुल माल ढुलाई बढ़ी है।

नैशनल ट्रांसपोर्टर की माल ढुलाई से होने वाली कमाई इस दौरान 3 प्रतिशत बढ़कर 13,646 करोड़ रुपये हो गई। सितंबर में सीमेंट और उर्वरक की ढुलाई की मात्रा में क्रमशः 1 प्रतिशत और 22 प्रतिशत की कमी आई, जिससे लगभग दस लाख टन ढुलाई घटी है।

कुल ढुलाई में विविध वस्तुओं की हिस्सेदारी लगभग 9 प्रतिशत हैं। सालाना आधार पर इनकी ढुलाई 16 प्रतिशत बढ़कर 1.07 करोड़ टन हो गई। चालू वित्त वर्ष में अब तक रेलवे ने 80.1 करोड़ टन माल ढुलाई की की है, जो पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में 3.2 प्रतिशत अधिक है। वित्त वर्ष के पहले 6 महीनों में रेलवे ने माल ढुलाई से 85,104 करोड़ रुपये कमाए हैं।

इस वित्त वर्ष में अब तक कोयले की लदान में केवल 1 प्रतिशत की वृद्धि हुई है और कोयले से होने वाली कमाई 2 प्रतिशत घटकर 43,899 करोड़ रुपये हो गई है। रेलवे के माल ढुलाई बास्केट में इस जिंस का हिस्सा लगभग आधा है।बेमौसम बारिश के कारण इस वित्त वर्ष में कोयले की ढुलाई कम रही है। ताप बिजली संयंत्रों में रेलवे इस दौरान कोयले का पर्याप्त स्टॉक सुनिश्चित करने में सक्षम रहा है।

जून 2025 में ताप बिजली संयंत्रों में कोयले का भंडार 5.825 करोड़ टन के सर्वकालिक उच्च स्तर पर पहुंच गया, जो 25 दिनों की खपत को पूरा करने के लिए पर्याप्त था। 2022 में कोयला स्टॉक का स्तर गंभीर हो गया था, जिसके कारण रेलवे को आपूर्ति संकट से बचने के लिए 1,000 से अधिक यात्री ट्रेनों को रद्द करना पड़ा था।
चालू वित्त वर्ष में अब तक कंटेनर की मात्रा 9 प्रतिशत बढ़कर 6.02 करोड़  टन हो गई है।

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First Published - October 1, 2025 | 10:42 PM IST

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