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5जी से मिलेगी तूफानी डाउनलोडिंग रफ्तार

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Last Updated- December 11, 2022 | 3:27 PM IST

अगले महीने देशवासियों को हैरत हो सकती है। 5जी मोबाइल फोन रखने वालों में से कुछ लोग 3.5 गीगाहर्ट्ज बैंड के बल पर 150 से 200 एमबीपीएस या उससे भी तेज रफ्तार से डाउनलोड कर सकते हैं। 5जी नेटवर्क का निर्माण कर रही दूरसंचार उपकरण कंपनियों का यह दावा है।
140 से अधिक देशों में रफ्तार पर नजर रखने वाली स्पीडटेस्ट के अनुसार अभी 4जी की औसत डाउनलोड गति केवल 3.2 एमबीपीएस है। लेकिन जिनके पास 5जी फोन हैं, वे 4जी पर भी बाकी लोगों की तुलना में 30 से 35 प्रतिशत अधिक रफ्तार का लुत्फ ले रहे हैं। यहां मार्के की बात है कि 5जी का इस्तेमाल शुरू होने पर इसके ग्राहक और इस्तेमाल काफी कम रहते हैं। ऐसे में रफ्तार अच्छी रहती है मगर ग्राहक बढ़ने पर रफ्तार कम होती जाती है। 
दूरसंचार उपकरण बनाने वाली कंपनी के एक वरिष्ठ अधिकारी कहते हैं कि कंपनी भारत में नेटवर्क निर्माण पर काम कर रही है जो कम से कम 50-60 एमबीपीएस की औसत डाउनलोड गति देगा भले ही नेटवर्क पर ग्राहक 10 करोड़ हों या उससे अधिक। इस ग्राहक संख्या तक पहुंचने में प्रत्येक कंपनी को कुछ साल लग जाएंगे।
एक अन्य वैश्विक दूरसंचार उपकरण कंपनी के एक अधिकारी ने कहा ‘अगर ज्यादा टावर, बड़े स्तर पर एमआईएमओ के इस्तेमाल और फाइबर बैकहॉल में बढ़ोतरी के लिहाज से कॉन्फिगरेशन सही रहता है, तो हम 100 एमबीपीएस की औसत स्थिर गति दे सकते हैं।’ डाउनलोड रफ्तार के संबंध में भारत हमेशा दूसरे देशों से पीछे रहा है। इसकी औसत 4जी डाउनलोड रफ्तार अब भी 30.79 एमबीपीएस के वैश्विक औसत के आधे से भी कम है। इसे 117वें स्थान पर रखा जा सकता है। इसकी वजह यह है कि दूरसंचार कंपनियों को ज्यादा ग्राहक होने के बावजूद वैश्विक कंपनियों के मुकाबले बहुत कम स्पेक्ट्रम दिया गया है। 
इस बार की 5जी नीलामी से इसमें कुछ हद तक बदलाव आया है। भारती एयरटेल और रिलायंस जियो ने 3.5 गीगाहर्ट्ज स्पेक्ट्रम के 100 मेगाहर्ट्ज और मिलीमीटर बैंड में 800-1000 की भी खरीद की है। यह वैश्विक रुझानों के अनुरूप है। ये दोनों ही बैंड 5जी की तेज गति के लिए महत्त्वपूर्ण होते हैं लेकिन दूरसंचार कंपनियां मोबाइल सेवाओं के लिए फिलहाल केवल 3.5 गीगाहर्ट्ज स्पेक्ट्रम का ही इस्तेमाल कर रही हैं क्योंकि मिलीमीटर बैंड पर काम करने वाले उपकरण अभी यहां उपलब्ध नहीं हैं।
दुनिया भर में 5जी रफ्तार की निगरानी कर चुकी ओकला के वैश्विक आंकड़ों से पता चलता है कि वर्ष 2021 की तीसरी तिमाही में 5जी की औसत वैश्विक डाउनलोड गति 166.13 एमबीपीएस थी, जो वर्ष 2020 की तीसरी तिमाही के मुकाबले 13 प्रतिशत कम रही, जब यह गति 206.22 एमबीपीएस थी। जाहिर है कि ज्यादा ग्राहकों के कारण गति कम हो जाएगी। 5जी गति के लिहाज से शीर्ष 15 भौगोलिक क्षेत्रों को देख चुकी ओपनसिग्नल का कहना है कि औसत गति 100 एमबीपीएस से ऊपर बनी हुई है, जिसमें दक्षिण कोरिया 432.7 एमबीपीएस के साथ इस सूची में सबसे ऊपर है। यह अमेरिका के मुकाबले काफी ज्यादा है, जहां विशेषज्ञ टी-मोबाइल का उदाहरण देते हैं, जो केवल 130 से 140 एमबीपीएस की 5जी गति देती है।
 

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First Published - September 18, 2022 | 10:20 PM IST

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