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भारत में बढ़ रहे वर्क फ्रॉम होम स्कैम, जानें इनसे कैसे बच सकते हैं आप

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ऑनलाइन कॉल और डेटा एंट्री जॉब रिमोट जॉब के हिसाब से सबसे बढ़िया नौकरी है। हालांकि, ये जॉब जालसाजों के बीच भी खासी लोकप्रिय है।

Last Updated- June 20, 2023 | 9:17 PM IST
Stock Market Fraud

घर से काम करने की बढ़ती लोकप्रियता ने लोगों के लिए नौकरी के कई सारे मौके पैदा किए हैं, लेकिन इसने नौकरी चाहने वालों के लिए नई मुश्किलें भी पैदा की हैं। क्योंकि कई लोग सही नौकरी देने वालों और जालसाजों के बीच अंतर नहीं कर पाते और उनके जाल में फँस जाते हैं।

ऑनलाइन कॉल और डेटा एंट्री जॉब रिमोट जॉब के हिसाब से सबसे बढ़िया नौकरी है। हालांकि, ये जॉब जालसाजों के बीच भी खासी लोकप्रिय है, जो भोले भाले नौकरी की तलाश कर रहे लोगों को फँसाते हैं और उनके पैसे लेकर गायब हो जाते हैं।

फ्रॉडस्टर कैसे वर्क फ्रॉम होम (WFH) स्कैम को देते हैं अंजाम?

स्कैमर खुद को प्रसिद्ध कंपनियों का HR बताते हुए लोगों को मैसेज भेजते हैं। वे पीड़ितों को सोशल मीडिया अकाउंट और यूट्यूब वीडियो को लाइक और फॉलो करने के लिए कहकर बरगलाते हैं। वे यकीन दिलाने के लिए पैसे भी भेजते हैं ताकि वे पीड़ित का भरोसा जीत सकें। स्कैमर पीड़ित से डेटा एंट्री का काम कराते हैं और उन्हें हर रोज पैसे भेजते हैं।

इस तरह से पीड़ित को यकीन होने लगता है कि वे सही काम कर रहे हैं। लेकिन चीजें तब खराब होना शुरू होती हैं जब स्कैमर्स पीड़ितों को टेलीग्राम ऐप पर एक ग्रुप में जोड़ देते हैं। वे नकली क्रिप्टो ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म बनाते हैं जो वास्तविक दिखते हैं और पीड़ितों को उन्हें पैसा भेजने और अपने निवेश को बढ़ाने के लिए कुछ टास्क करने के लिए कहते हैं।

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स्कैमर्स नकली वॉलेट बनाते हैं ताकि पीड़ितों को यह विश्वास दिलाया जा सके कि उनका पैसा सुरक्षित है। पीड़ित हर दिन पैसा भेजते रहते हैं और कभी-कभी अपनी सारी सेविंग खो देते हैं। कुछ पीड़ित दोस्तों से पैसे उधार भी लेते हैं और वे इस स्कैम में सब कुछ खो देते हैं।

WFH के टाइप

डेटा एंट्री स्कैम: इस प्रकार के घोटाले में, पीड़ितों को अच्छी सैलरी वाली डेटा एंट्री जॉब का वादा किया जाता है, लेकिन रजिस्ट्रेशन फीस देने या सॉफ्टवेयर में इन्वेस्ट करने के बाद, उन्हें पता चलता है वो जॉब तो है ही नहीं या उन्हें जो मटेरियल दिया जाता है, वह बेहद खराब क्वालिटी का होता है।

ऑनलाइन सर्वे स्कैम: इन मामलों में पीड़ित को सर्वे में हिस्सा लेने के लिए बोला जाता है और कहा जाता है कि ऐसा करने से उसको पैसे दिए जाएंगे। हालांकि, सर्वे पूरा होने के बाद या तो उन्हें कोई पैसा नहीं दिया जाता या फिर कमाई प्राप्त करने के लिए उन्हें कुछ फीस अदा करने को बोला जाता है।

फ्रीलांस जॉब स्कैम: स्कैमर रिक्रूटर के तौर पर पीड़ित को संपर्क करता है। जब पैसे देने की बात आती है, तो या कोई पेमेंट नहीं किया जाता या फेक चेक दे दिया जाता है।

फेक जॉब ऑफर: स्कैमर्स जॉब पोर्टल्स या सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर फर्जी जॉब लिस्टिंग पोस्ट करते हैं, जो घर से काम करने के अवसरों की तलाश कर रहे लोगों को टार्गेट करते हैं। वे तब प्रोसेसिंग फीस या ट्रेनिंग के लिए पैसे मांगते हैं, और फिर पैसे लेकर गायब हो जाते हैं।

आप वर्क-फ्रॉम-होम स्कैम का पता कैसे लगा सकते हैं?

1. इन नौकरियों के लिए आमतौर पर व्यक्तिगत जानकारी (कार्ड, नेट बैंकिंग या ओटीपी) मांगी जाती है या एडवांस भुगतान करने को कहा जाता है।
2. वे वादा करते हैं कि आप आसानी से और जल्दी पैसा कमा लेंगे।

3. अगर नौकरी का विवरण सही नहीं है या उम्मीदें कुछ ज्यादा ही हैं।
4. परखें कि जो आपको हायर करने की बात कर रहा है वह बात करने में कितना कुशल है और उसका व्यवहार कैसा है।

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आप इन ठगों से खुद को कैसे बचा सकते हैं?

नौकरी के ऑफर की प्रामाणिकता की पुष्टि करें: यदि आपको घर से काम करने के अवसरों या ऑनलाइन बिजनेस के लिए ऑफर मिलते हैं, तो अपना समय या पैसा निवेश करने से पहले पूरी तरह से रिसर्च करें और ऑफर कितना सही है इसकी अच्छे से जाँच करें।

अनजान मैसेज या ईमेल से सावधान रहें: अनजान मैसेज, ईमेल या फोन कॉल का जवाब न दें, खासकर यदि वे व्यक्तिगत जानकारी (कार्ड, नेट बैंकिंग या ओटीपी), पैसे के लेनदेन या निवेश की बात करते हैं।

अपनी व्यक्तिगत जानकारी को सुरक्षित रखें: केवल व्यक्तिगत जानकारी जैसे पासवर्ड, क्रेडिट कार्ड विवरण, आधार संख्या, या अन्य संवेदनशील जानकारी विश्वसनीय संस्थाओं के साथ शेयर करें, वो भी तब बहुत जरूरी हो। वैसे ये चीजें शेयर की नहीं जातीं।

क्रिप्टोकरेंसी से जुड़ी स्कीम से सावधान रहें: अगर आप क्रिप्टोकरेंसी में निवेश करना चाहते हैं, तो पहले जोखिमों और बेस्ट प्रैक्टिस के बारे में जानें।

संदिग्ध गतिविधि की रिपोर्ट करें: यदि आप किसी भी संदिग्ध या धोखाधड़ी वाली ऑनलाइन गतिविधियों को देखते हैं, तो उन्हें पुलिस या साइबर क्राइम सेल को रिपोर्ट करें और अपनी और अपने पैसे की सुरक्षा के लिए आवश्यक सावधानी बरतें।

अगर आप इस तरह के धोखे का शिकार हुए हैं तो आपको क्या करना चाहिए?

यदि आप इस प्रकार की वित्तीय धोखाधड़ी के शिकार हुए हैं, तो विशेषज्ञ आपको सलाह देते हैं कि:

1. सबसे पहले, धोखेबाज़ों के साथ सभी कम्युनिकेशन ब्लॉक करें।
2. धोखेबाजों की सारी जानकारी और संपर्क जानकारी के साथ-साथ धोखाधड़ी के सबूत, जैसे बातचीत या ईमेल के स्क्रीनशॉट लें।
3. जालसाजों को किए गए सभी पेमेंट का रिकॉर्ड रखें।
4. उपयुक्त अधिकारियों, जैसे कि पुलिस, साइबर क्राइम यूनिट, या उपभोक्ता अदालत को धोखाधड़ी की रिपोर्ट करें।
5. बैंकों और क्रेडिट कार्ड कंपनियों को धोखाधड़ी के बारे में सूचित करें और खातों को सुरक्षित करने के लिए आवश्यक कदम उठाएं।

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First Published - June 20, 2023 | 8:37 PM IST

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