विदेशी निवेशकों द्वारा की जा रही भारी मात्रा बिकवाली से बन रही स्थितियों के मद्देनजर कुछ मध्यम दर्जे की कंपनियों के प्रवर्तकों को भारी मुश्किलों में डाल रही है। दरअसल इन प्रमोटरों या उनकी संस्थाओं ने अपनी प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से व्यक्तिगत होल्डिंग के एवज में गैर बैंकिंग वित्तीय संस्थाओं (एनबीएफसी) से उधार लिया […]
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पिछला सप्ताह भारतीय म्युचुअल फंड उद्योग के लिहाज से अभूतपूर्व रहा है। करीब एक दर्जन से ज्यादा लिक्विड फंडों की शुध्द परिसंपत्ति मूल्यों(एनएवी ) में गिरावट देखने को मिली है। उदाहरण के लिए मिरे एसेट मैंनेंजमेंट कंपनी के छह लिक्विड प्लस फंड के एनएवी में सोमवार को 7.50 रुपये की गिरावट आई जबकि शुक्रवार को […]
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भारतीय रिजर्व बैंक का 20 हजार करोड़ का बेलआउट पैकेज म्युचुअल फंडों के रिडेम्पशन को और बढ़ावा देगा या फिर इससे निवेशकों का भरोसा बहाल क रने में कारगर साबित होगा। भारतीय रिजर्व बैंक के 20,000 करोड़ की शॉर्ट टर्म लेंडिंग के जरिए म्युचुअल फंडों की लिक्विडिटी की समस्या ठीक करने और रिडेम्पशन केदबाव को […]
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पिछले के छह महीने ब्रोकिंग फर्मों के लिए बहुत प्रतिकूल रहें हैं। सितंबर की इस दूसरी चुनौतीपूर्ण तिमाही में भी मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेस ने अपने प्रॉफिट ऑफ्टर टैक्स में सिक्वेंशियल स्तर पर 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की है और यह 27 करोड रुपये रहा। हालांकि साल-दर-साल के हिसाब से कंपनी का पीएटी में […]
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सोमवार को निफ्टी ने सारे ही सपोर्ट स्तर तोड़ दिए लेकिन आखिरी के घंटे में आए सुधार से ये 4000 अंकों से ऊपर यानी कुल 155 अंकों की गिरावट लेकर 4073 अंक के स्तर पर बंद होने में कामयाब रहा। निफ्टी सितंबर वायदा स्पॉट की तुलना में 20 अंकों के प्रीमियम पर बंद हुआ जबकि […]
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भारतीयों के द्वारा की जा रही अच्छी-खासी बचत को देखते हुए 17 कंपनियों ने अपने म्युचुअल फंड लाइसेंस के लिए भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड यानी सेबी से मंजूरी मांगी है। इन कंपनियों में जानी-मानी कंपनियां शामिल है जिनमें वित्तीय सेवा प्रदान करनेवाली संस्थाओं में एक्सिस बैंक, स्क्रोडर इन्वेस्टमेंट मैंनेजमेंट, इंडियाबुल्स, निको-एंबिट और शिनसेई बैंक […]
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सीआरआर में कटौती करके 60 हजार करोड़ रुपये की तगड़ी खुराक देने के बाद आरबीआई ने मंदी की मार झेल रहे बाजार को एक बार फिर 20 हजार करोड़ रुपये का एक और इंजेक्शन लगा दिया। इसके तहत, सरकार का इरादा अल्पकालिक ऋण के जरिए म्युचुअल फंडों में नकदी की जरूरत पूरी करने और उनका […]
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सरकार की ओर से बाजार को राहत देने की घोषणा और वैश्विक बाजारों में आई तेजी का असर भारतीय बाजारों में भी दिखा। तेजी के बीच सेंसेक्स लगातार दूसरे दिन भारी बढ़त पर खुला, लेकिन बाद में मुनाफावसूली का दौर शुरू हो गया और अंत आशा के अनुरूप नहीं रहा। कारोबार समाप्ति पर बंबई स्टॉक […]
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वैश्विक बाजार की तेजी के कारण अमेरिकी शेयर बाजारों में सूचीबध्द भारतीय कंपनियों के शेयरों ने संयुक्त रूप से प्रमुख आईटी कंपनी विप्रो के नेतृत्व में 11 अरब डॉलर की बढ़ोतरी दर्ज की। जबकि 10 अक्टूबर को समाप्त सप्ताह के दौरान उन्हें 19.45 अरब डॉलर का नुकसान हुआ था। विप्रो की बाजार पूंजी में तीन […]
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नकदी की किल्लत झेल रहे म्युचुअल फंडों को राहत देने के मकसद से रिजर्व बैंक की ओर से जो कदम उठाए गए, उसमें चंद बैंकों ने ही दिलचस्पी दिखाई। रिजर्व बैंक की ओर से 14 दिनों के लिए कम रेपो दर 20,000 करोड़ रुपये मुहैया कराने के लिए जो नीलामी बुलाई गई थी, उसमें गिनती […]
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