facebookmetapixel
NFO: कैसे अलग है जियोब्लैकरॉक का सेक्टर रोटेशन फंड? किसे करना चाहिए निवेश राष्ट्रपति मुर्मू ने गांधी, नेहरू से वाजपेयी तक को किया याद, राष्ट्रीय मुद्दों पर एकजुटता का आह्वानMaruti Suzuki Q3 Results: मुनाफा 4.1% बढ़कर ₹ 3,879 करोड़, नए लेबर कोड का पड़ा असर; शेयर 1.5% गिरा600% डिविडेंड का ऐलान होते ही मोतीलाल ओसवाल के शेयर में उछाल! रिकॉर्ड डेट जान लीजिएचांदी की तेजी अब ‘बूम’ से ‘सनक’ की ओर? एक्सपर्ट बता रहे क्या करें50% टूट चुके Textile शेयर में लौटेगी तेजी, नुवामा ने कहा – बेहतर स्थिति में नजर आ रही कंपनीअजित पवार का 66 साल की उम्र में निधन: 1991 में पहली बार जीता लोकसभा चुनाव, समर्थकों में ‘दादा’ के नाम से लोकप्रियIndia-EU ट्रेड डील पर मार्केट का मिक्स्ड रिएक्शन! ब्रोकरेज क्या कह रहे हैं?Budget Expectations: बजट में बड़ा ऐलान नहीं, फिर भी बाजार क्यों टिका है इन सेक्टरों परBudget 2026: राष्ट्रपति ने गिनाईं सरकार की उपलब्धियां, कहा – EU से डील सर्विस और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर को देगा रफ्तार

गरीबी से पाकिस्तान का बुरा हाल, बढ़कर 39.4 प्रतिशत पर पहुंची, विश्व बैंक ने कहा-तत्काल सुधार की जरूरत

विश्व बैंक के अनुसार पाकिस्तान में गरीबी एक साल के भीतर 34.2 प्रतिशत से बढ़कर 39.4 प्रतिशत हो गई है। इसके साथ ही 1.25 करोड़ से अधिक लोग गरीबी रेखा से नीचे आ गए हैं।

Last Updated- September 23, 2023 | 6:26 PM IST
Pakistan Budget: Standing on the threshold of poverty, Pakistan increased the defense budget by 15.5 percent.

Poverty in Pakistan: विश्व बैंक (World Bank) ने कहा है कि पिछले वित्त वर्ष में पाकिस्तान में गरीबी (Pakistan Poverty) बढ़कर 39.4 प्रतिशत हो गई है। खराब आर्थिक हालात के कारण 1.25 करोड़ से अधिक लोग इसकी चपेट में आए हैं और वित्तीय स्थिरता हासिल करने के लिए देश को तत्काल कदम उठाने होंगे।

एक्सप्रेस ट्रिब्यून अखबार की एक खबर के अनुसार वाशिंगटन स्थित ऋणदाता ने शुक्रवार को एक मसौदा नीति का अनावरण किया। इसे पाकिस्तान की अगली सरकार के लिए सभी हितधारकों की मदद से तैयार किया है।

विश्व बैंक के अनुसार पाकिस्तान में गरीबी एक साल के भीतर 34.2 प्रतिशत से बढ़कर 39.4 प्रतिशत हो गई है। इसके साथ ही 1.25 करोड़ से अधिक लोग गरीबी रेखा से नीचे आ गए हैं।

पाकिस्तान में 3.65 अमेरिकी डॉलर प्रतिदिन के आय स्तर को गरीबी रेखा माना जाता है। मसौदा नीति में कहा गया कि लगभग 9.5 करोड़ पाकिस्तानी अब गरीबी में रहते हैं।

पाकिस्तान के लिए विश्व बैंक के प्रमुख अर्थशास्त्री टोबियास हक ने कहा कि पाकिस्तान का आर्थिक मॉडल अब गरीबी कम नहीं कर रहा है और समकक्ष देशों के मुकाबले यहां जीवन स्तर घट रहा है। विश्व बैंक ने कृषि और रियल एस्टेट पर कर लगाने तथा बेकार के खर्च में कटौती करने का आग्रह किया है।

First Published - September 23, 2023 | 6:26 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

संबंधित पोस्ट