facebookmetapixel
Advertisement
Dividend Stocks: शेयर बाजार में 10 से 14 अगस्त तक डिविडेंड की बारिश, 90 से अधिक कंपनियां बाटेंगी मुनाफाE20 विवाद के बीच सरकारी तेल कंपनियों का दावा: ईंधन पूरी तरह सुरक्षित, ना घट रही माइलेज ना हो रहा नुकसानरूसी तेल खरीदने पर 100% टैरिफ, अमेरिकी सीनेट में पास हुआ विधेयक; भारत-चीन को खतराविधानसभा उपचुनावों में 17 सालों से सत्ता पक्ष का रहा है दबदबा, 53% सीटों पर हासिल की जीतबिहार में शराबबंदी से नहीं थमा महिलाओं के खिलाफ अपराध, पर राज्य में बढ़ा अवैध शराब का कारोबारभारतीय मीडिया उद्योग में तीन गुना बढ़ने की क्षमता, नियमों के शिकंजे से मिले आजादी: सुभाष चंद्राफाइनेंशियल सेक्टर में AI को अपनाने के साथ सुरक्षा भी बढ़ानी होगी, नुकसान का न करें इंतजार: CEA नागेश्वरन‘एक पर हमला, सब पर हमला’: पाकिस्तान, सऊदी अरब और तुर्किये ने मक्का समझौते पर किए हस्ताक्षर‘NTA की लापरवाही और सुरक्षा खामियों से लीक हुआ प्रश्नपत्र’, नीट UG 2026 को लेकर CBI ने किया खुलासाविदेशी निवेश को मिलेगा सहारा, नए BIT मॉडल पर जल्द फैसला करेगी सरकार; खाका तैयार

अमेरिका संग पूर्ण व्यापार समझौता जल्द, भारत-US द्विपक्षीय साझेदारी को मिलेगी नई दिशा: जयशंकर

Advertisement

विदेश मंत्री ने कहा- भारत-अमेरिका व्यापार सौदा अंतिम चरण में, दुर्लभ खनिजों पर सहयोग भी मजबूत

Last Updated- February 06, 2026 | 9:18 AM IST
External Affairs Minister S Jaishankar
Representational Image

विदेश मंत्री एस जयशंकर अमेरिका की दो दिवसीय यात्रा से गुरुवार को वापस आ गए, जिसे उन्होंने काफी उत्पादक और सकारात्मक बताया। उन्होंने कहा कि ऐतिहासिक भारत-अमेरिका व्यापार सौदा अंतिम चरण में है। इस बहुप्रतीक्षित सौदे को बहुत जल्द पूरा कर लिया जाएगा।

सोशल मीडिया पर अपनी पोस्ट में जयशंकर ने कहा कि भारत-अमेरिका व्यापार सौदा ‘हमारी द्विपक्षीय साझेदारी को नई दिशा देगा, जिसमें आपसी संबंधों के लिए व्यापक संभावनाएं हैं।’ केंद्रीय मंत्री दुर्लभ खनिजों पर मंत्रिस्तरीय बैठक में भाग लेने के लिए वाशिंगटन डीसी गए थे, जिसकी मेजबानी अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने की। इस बैठक में 50 देशों के मंत्रियों और अधिकारियों ने भाग लिया।

जयशंकर ने कहा कि भारत-अमेरिका के बीच दुर्लभ खनिजों को लेकर आपसी सहयोग भी मजबूत हो रहा है। उन्होंने कहा, ‘आने वाले दिनों में रणनीतिक मुद्दों, रक्षा और ऊर्जा पर बातचीत होने की उम्मीद है।’ जयशंकर ने अमेरिका में रुबियो के साथ भी व्यापक वार्ता की।

दुर्लभ खनिजों पर बैठक के दौरान अपने संबोधन में जयशंकर ने इस क्षेत्र से जुड़ी चुनौतियों और आपूर्ति जोखिम कम करने के महत्त्व पर प्रकाश डाला। इस दौरान उन्होंने नए सिरे से आकार ले रहे अंतरराष्ट्रीय सहयोग पर भी बात की। उन्होंने राष्ट्रीय दुर्लभ खनिज मिशन, दुर्लभ खनिज कॉरिडोर और जिम्मेदार व्यापार के माध्यम से इस क्षेत्र में अधिक लचीलापन लाने के भारत के प्रयासों को भी रेखांकित किया। उन्होंने दुर्लभ खनिज साझेदारी के बाद शुरू की गईं अमेरिका की फोरम ऑन रिसोर्स, जियोस्ट्रैटेजिक एंगेजमेंट या फोर्ज जैसी पहलों को भी समर्थन देने की बात कही।

अपने साप्ताहिक संवाददाता सम्मेलन में गुरुवार दोपहर को विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि भारत-अमेरिका व्यापार समझौते से अमेरिका के लिए भारत के निर्यात को बहुत अधिक बढ़ावा देगा। उन्होंने कहा, ‘हमें उम्मीद है कि इस समझौते से भारत में श्रम-आधारित उद्योगों को गति मिलेगी और नौकरी के नए अवसर खुलेंगे। इससे विकास और समृद्धि आएगी। अमेरिकी पक्ष ने यह भी स्पष्ट किया है कि टैरिफ का अंतिम आंकड़ा 18 प्रतिशत है।’

जायसवाल ने कहा कि नियमित आदान-प्रदान के तहत तीन अमेरिकी कांग्रेस के तीन सदस्य अलाबामा के रिपब्लिकन माइक रोजर्स, वाशिंगटन के डेमोक्रेट एडम स्मिथ और फ्लोरिडा के रिपब्लिकन जिमी पेट्रोनीस 25 से 27 जनवरी तक भारत दौरे पर आए थे। यह वरिष्ठ कर्मचारियों के साथ द्विदलीय प्रतिनिधिमंडल था। इस दल ने विदेश मंत्री और रक्षा सचिव से विभिन्न मुद्दों पर सार्थक मुलाकात की थी।

Advertisement
First Published - February 6, 2026 | 9:18 AM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement