facebookmetapixel
42% चढ़ सकता है महारत्न कंपनी का शेयर, ब्रोकरेज ने बढ़ाया टारगेट; Q3 में ₹4011 करोड़ का हुआ मुनाफाईरान की ओर बढ़ रहा है ‘विशाल सैन्य बेड़ा’, ट्रंप ने तेहरान को फिर दी चेतावनीदुनिया में उथल-पुथल के बीच भारत की अर्थव्यवस्था के क्या हाल हैं? रिपोर्ट में बड़ा संकेत30% टूट चुका Realty Stock बदलेगा करवट, 8 ब्रोकरेज का दावा – ₹1,000 के जाएगा पार; कर्ज फ्री हुई कंपनीसिर्फ शेयरों में पैसा लगाया? HDFC MF की रिपोर्ट दे रही है चेतावनीIndia manufacturing PMI: जनवरी में आर्थिक गतिविधियों में सुधार, निर्माण और सर्विस दोनों सेक्टर मजबूतसोना, शेयर, बिटकॉइन: 2025 में कौन बना हीरो, कौन हुआ फेल, जानें हर बातट्रंप ने JP Morgan पर किया 5 अरब डॉलर का मुकदमा, राजनीतिक वजह से खाते बंद करने का आरोपShadowfax Technologies IPO का अलॉटमेंट आज होगा फाइनल, फटाफट चेक करें स्टेटसGold and Silver Price Today: सोना-चांदी में टूटे सारे रिकॉर्ड, सोने के भाव ₹1.59 लाख के पार

उत्तर प्रदेश के धरोहर स्थलों की साज-संवार एवं देखभाल का जिम्मा निजी हाथों में दिया जाएगा

लखनऊ का बटलर पैलेस, चित्रकूट की दशरथ घाटी, महोबा का खाकरा मठ व शांतिनाथ मंदिर और ललितपुर की रॉक कट गुफाओं सहित 27 स्मारकों व पौराणिक स्थल इसमें शामिल।

Last Updated- March 20, 2025 | 9:48 PM IST
किसानों को मुफ्त बिजली, लखनऊ मेट्रो का विस्तार, अनपरा में दो पावर प्लांट को मंजूरी, Yogi Cabinet Decisions: Free Electricity To Farmers, Next Phase of Lucknow Metro, Two Power Plants In Anpara

राजधानी लखनऊ के बटलर पैलेस,चित्रकूट की दशरथ घाटी, महोबा का खाकरा मठ व शांतिनाथ मंदिर और ललितपुर की रॉक कट गुफाओं सहित 27 स्मारकों व पौराणिक स्थलों को देखभाल व पर्यटन सुविधाओं के विकास के लिए निजी क्षेत्र को सौंपा जाएगा। एडॉप्ट ए हेरिटेज योजना के तहत इन स्थलों को निजी-सार्वजनिक सहभागिता (पीपीपी) मॉडल पर विकसित किया जाएगा। निजी क्षेत्र इन स्मारकों की साज संवार के साथ यहां कैफेटेरिया खोलेंगे और पर्यटकों को लुभाने के लिए लाइट एंड साउंड शो का संचालन करेंगे। साथ ही इन ऐतिहासिक व पौराणिक स्थलों में पर्यटकों को वाई-फाई की सुविधा भी उपलब्ध करायी जाएगी।

वर्तमान में ऐतिहासिक व पौराणिक महत्व के ये स्थल राज्य पुरातत्व विभाग के आधीन है और सही देखभाल न हो पाने के चलते दयनीय हालात में हैं। इन स्थलों में से कुछ का उत्खनन अभी हाल ही में किया गया है तो कुछ 100 से 150 वर्ष पुराने हैं। राज्य सरकार की ओर से इस स्थलों को पीपीपी मॉडल पर दिए जाने संबंधी अधिसूचना जारी कर निजी कंपनियों, संस्थाओं के साथ ही व्यक्तियों से प्रस्ताव मांगे गए हैं। पुरातत्व विभाग के मुताबिक पीपीपी मोड में देने के बाद भी इन स्मारकों पर जनता का प्रवेश निशुल्क ही रहेगा। स्मारक परिसर में व्यावसायिक कार्य नहीं किए जाएंगे। साथ ही इन धरोहर स्थलों में अनुरक्षण का काम निजी कंपनियां या संस्थाएं नहीं करा सकेंगी। अनुश्रवण का काम पूर्व की भांति पुरातत्व विभाग ही कराएगा। स्मारकों के मूल स्वरूप में भी किसी तरह का बदलाव नहीं किया जा सकेगा।

जिन धरोहर स्थलों का विकास पीपीपी मॉडल के जरिए किया जाना है उनमें शेर जमन खां मकबरा जौनपुर, प्रयागराज का गंगोली शिवाला, कर्दमेश्वर और गुरूधाम मंदिर वाराणसी, चित्रकूट का सोमनाथ मंदिर व दशरथ घाटी, महोबा का खाकरा मठ व शांतिनाथ मंदिर, रसिक बिहारी लालजी मंदिर फतेहपुर, सुमेरगढ़ मंदिर, रणछोर मंदिर और ललितपुर की प्राचीन बैठक शामिल हैं।

राज्य सरकार की ओर से जारी की गयी अधिसूचना के मुताबिक धरोहर स्थलों की देखरेख के लिए चयनित होने वाली कंपनियां, संस्थाएं अथवा व्यक्ति उन स्थानों पर साइनेज. पेयजल, बिजली, बैठने के स्थान, 3डी प्रोजेक्शन मैपिंग, सोवेनियर शॉप के साथ कैफेटेरिया आदि की व्यवस्था करेंगे। इसके अलावा राजधानी लखनऊ के बटलर पैलेस में पिक्चर गैलरी, बुक कार्नर एवं सांस्कृतिक गतिविधियों का केंद्र तैयार किया जाएगा। बटलर पैलेस की झील को बोटिंग के साथ ही अन्य मनोरंजक गतिविधियों के लिए विकसित किया जाएगा।

First Published - March 20, 2025 | 9:46 PM IST

संबंधित पोस्ट