facebookmetapixel
Angel One Q3 रिजल्ट जारी, जानिए स्टॉक स्प्लिट और डिविडेंड की पूरी डिटेलITC के Q3 नतीजों की तारीख तय, क्या इस बार मिलेगा मोटा डिविडेंड?Axis Bank, HCL Tech और Tata Steel पर दांव लगाने की सलाह, जानिए कितना मिल सकता है रिटर्नसेना दिवस: भैरव बटालियन ने जीता लोगों का दिल, ब्रह्मोस मिसाइल ने दिखाई अपनी ताकतX ने AI चैटबॉट ग्रोक से महिलाओं और बच्चों की अश्लील तस्वीरों पर लगाया बैन, पेड यूजर्स तक सीमित किया कंटेंट क्रिएशनI-PAC दफ्तर की तलाशी पर सुप्रीम कोर्ट सख्त: ED की याचिका पर बंगाल सरकार से जवाब, FIR पर रोकवै​श्विक वृद्धि के लिए हमारी रणनीति को रफ्तार दे रहा भारत, 2026 में IPO और M&A बाजार रहेगा मजबूत27 जनवरी को भारत-ईयू एफटीए पर बड़ा ऐलान संभव, दिल्ली शिखर सम्मेलन में तय होगी समझौते की रूपरेखासुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला: टाइगर ग्लोबल को टैक्स में राहत नहीं, मॉरीशस स्ट्रक्चर फेलएशिया प्राइवेट क्रेडिट स्ट्रैटिजी के लिए KKR ने जुटाए 2.5 अरब डॉलर, निवेशकों की दिलचस्पी बढ़ी

Omaxe Builder के चेयरमैन सहित छह के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज

Last Updated- June 07, 2023 | 5:22 PM IST

गौतमबुद्ध नगर जिले के बीटा-2 थाना में एक व्यक्ति ने ओमेक्स बिल्डर (Omaxe Builder) के चेयरमैन सहित छह लोगों के खिलाफ कथित तौर पर धोखाधड़ी कर उनकी रकम हड़पने की शिकायत दर्ज कराई है।

बीटा-2 थाना के प्रभारी निरीक्षक विनोद कुमार मिश्रा ने बताया कि बिजेंद्र सिंह नामक व्यक्ति ने बीती रात को ओमेक्स बिल्डर के चेयरमैन रोहतास गोयल, प्रबंध निदेशक मोहित गोयल, निदेशक जतिन गोयल, विनीत गोयल,गुरनाम सिंह और निशांत जैन के खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज कराई है। वहीं, ओमेक्स बिल्डर की ओर मामले पर अबतक कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

मिश्रा ने बताया कि यह प्राथमिकी अदालत के आदेश पर दर्ज की गई है। थाना प्रभारी के मुताबिक पीड़ित ने आरोप लगाया है कि बिल्डर कंपनी ने बीटा-2 स्थित ओमेक्स कनॉट प्लेस की दुकान संख्या 140 उन्हें 20,90,521 रूपये में बेचा था और बुकिंग के दौरान उन्होंने 18,50,835 रुपये का भुगतान कर दिया था।

पीड़ित के मुताबिक उसने बाद में 2,29,686 रुपये चेक के जरिये कंपनी को दिए और बिल्डर ने दो साल में दुकान पर कब्जा देने का वादा किया। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया है कि एक वर्ष पश्चात बिल्डर ने बिजली उपकरण, लीज रेंट, पावर बैकअप, उपकरण, मेंटेनेंस व बिजली मीटर के नाम पर और 1,44,125 रुपये लिए और इस प्रकार उन्होंने कुल 22,34,646 रुपये का भुगतान बिल्डर को किया।

पुलिस ने तहरीर के हवाले से बताया कि पीड़ित को जब दुकान पर कब्जा नहीं मिला तो उसने ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण में जाकर परियोजना की जानकारी ली जहां पता चला कि जो दुकान उन्हें आवंटित की गई है उसका नक्शा प्राधिकरण द्वारा स्वीकृत नहीं किया गया है।

मिश्रा ने बताया कि पीड़ित ने आरोप लगाया है कि बिल्डर ने उनके और उनकी तरह कई अन्य के साथ धाखोधड़ी की है। उन्होंने बताया कि मामले में प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। वहीं, इस बारे में ओमेक्स ग्रुप के पदाधिकारियों से संपर्क करने की कोशिश की गई लेकिन उनसे बात नहीं हो पाई।

First Published - June 7, 2023 | 5:22 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

संबंधित पोस्ट