facebookmetapixel
बुनियादी ढांचा परियोजनाओं की लागत में 18.3% का इजाफा, बजट बढ़कर ₹35.1 लाख करोड़ पहुंचामॉनसून पर मंडराया अल नीनो का साया: स्काईमेट ने जताई 2026 में सूखे और कम बारिश की गंभीर आशंकाPDS में अनाज की हेराफेरी पर लगेगा अंकुश, सरकार लाएगी डिजिटल ई-रुपी वाउचरIndia- EU FTA से 5 साल में यूरोप को निर्यात होगा दोगुना, 150 अरब डॉलर तक पहुंचेगा व्यापार: पीयूष गोयलMoody’s का दावा: यूरोपीय संघ के साथ समझौता भारत को देगा बड़ा बाजार, अमेरिकी टैरिफ से मिलेगी सुरक्षाRBI का नया कीर्तिमान: स्वर्ण भंडार और डॉलर में उतार-चढ़ाव से विदेशी मुद्रा भंडार सर्वकालिक उच्च स्तर परBPCL की वेनेजुएला से बड़ी मांग: कच्चे तेल पर मांगी 12 डॉलर की छूट, रिफाइनिंग चुनौतियों पर है नजरमासिक धर्म स्वास्थ्य अनुच्छेद 21 के तहत मौलिक अधिकार: छात्राओं को मुफ्त मिलेगा सैनिटरी पैड500 यूनिवर्सिटी छात्रों को मिलेंगे GPU और AI टूल्स, इंडिया AI मिशन का दायरा बढ़ाएगी सरकारराज्यों के पूंजीगत व्यय की धीमी रफ्तार: 9 महीनों में बजट का केवल 46% हुआ खर्च, केंद्र के मुकाबले पिछड़े

Covid-19: फिर डराने लगा कोरोनावायरस, संक्रमण से 4 लोगों की मौत

केरल की राजधानी तिरुवनंतपुरम के काराकुलम में 8 दिसंबर को की गई RT-PCR जांच में इसका पता चला था।

Last Updated- December 17, 2023 | 8:47 PM IST

दक्षिणी राज्य केरल में Corona virus एक बार फिर से डराने लगा है। शनिवार को केरल में चार लोगों की मौत की जानकारी मिली और 1,144 सक्रिय मामले सामने आए। प्रदेश की स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज ने रविवार को पुष्टि की कि राज्य में नए वेरिएंट जेएन.1 का पता चला है।

हालांकि, उन्होंने कहा कि इस वक्त चिंता की कोई बात नहीं है। जॉर्ज ने कहा, ‘चिंता की कोई बात नहीं है। दो या तीन महीने पहले सिंगापुर हवाईअड्डे पर जब भारतीयों की जांच की गई तो उसमें इसका पता चला था।’

उन्होंने कहा कि जेएन.1 वेरिएंट देश के कई हिस्सों में पहले से ही मौजूद है मगर केरल की स्वास्थ्य प्रणाली अच्छी रहने के कारण जीनोम सिक्वेंसिंग के माध्यम से इसका पता लगाया जा सकता है।

भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (ICMR) के महानिदेशक डॉ. राजीव बहल ने शनिवार को कहा कि इनसाकॉग (इंडियन सार्स-कोव-2 जीनोमिक कंसोर्टियम) द्वारा चल रही निगरानी में केरल में कोविड के जेएन.1 वेरिएंट का पता चला है। फिलहाल यह वेरिएंट अमेरिका और चीन में फैल रहा है।

केरल की राजधानी तिरुवनंतपुरम के काराकुलम में 8 दिसंबर को की गई एक आरटी-पीसीआर जांच में इसका पता चला था। मरीज की 18 नवंबर को हुई आरटी-पीसीआर जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी। मरीज में इन्फ्लुएंजा के हल्के लक्षण थे और वह कोविड-19 से उबर चुका है।

पिछले कुछ सप्ताह में केरल में कोविड-19 के मामले बढ़े हैं। जांच के लिए भेजे जाने वाले आईएलआई नमूनों की संख्या बढ़ने को इसका कारण बताया जा रहा है। इनमें से अधिकतर मरीज बिना किसी चिकित्सकीय उपचार के घर में ही ठीक हो जा रहे हैं।

केंद्र सरकार ने शनिवार को कहा कि स्वास्थ्य मंत्रालय देश भर के सरकारी अस्पतालों में स्वास्थ्य सुविधाओं का जायजा लेने के लिए मॉक ड्रिल कर रहा है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार केरल में सितंबर और अक्टूबर में रोजाना औसतन करीब 20 मरीज मिल रहे थे।

मामलों में अचानक वृद्धि के बाद स्वास्थ्य विभाग ने नए दिशानिर्देश जारी किए। इसके आधार पर स्वास्थ्य विभाग ने जांच की संख्या बढ़ाने का निर्देश दिया है।

इसके अलावा निर्देश दिया गया कि जिन लोगों में बुखार के अलावा कोविड-19 के लक्षण दिख रहे हों उनकी भी जांच कराई जाए। फिलहाल, प्रदेश में हर दिन 700 से 1,000 जांच की जा रही है, जो भारत में सर्वाधिक है।

First Published - December 17, 2023 | 8:47 PM IST

संबंधित पोस्ट