facebookmetapixel
Advertisement
संकट के बीच सरकार का बड़ा झटका: वाणिज्यिक सिलिंडर ₹993 महंगा, दिल्ली में कीमत ₹3,000 के पारVI को सरकार से बड़ी संजीवनी: AGR बकाये में 27% की कटौती, बैंकों से कर्ज मिलने का रास्ता साफसवालों के घेरे में एग्जिट पोल: पश्चिम बंगाल में सर्वे से क्यों पीछे हटी बड़ी एजेंसियां?ईरान का बड़ा कदम: अमेरिका को बातचीत के लिए भेजा नया प्रस्ताव, पाकिस्तान को सौंपी अपनी मांगेसोने की चमक पड़ी फीकी? तेल की बढ़ती कीमतों और महंगाई के डर से सोना 1% टूटाभारी पड़े अरबों डॉलर के विदेशी अधिग्रहण: 10 में से 8 भारतीय कंपनियां शेयरधारकों को रिटर्न देने में फेलअप्रैल में जीएसटी का नया कीर्तिमान: ₹2.43 लाख करोड़ का रिकॉर्ड संग्रह, पर घरेलू खपत में दिखी नरमीचुनौतियों के बीच वित्त मंत्रालय का संकल्प: संकट के बावजूद पूरा होगा ₹12 लाख करोड़ का कैपेक्ससरकारी बैंकों में कम होगी सरकार की हिस्सेदारी! पूंजी जुटाने के लिए QIP और बॉन्ड का सहारारिकॉर्ड मार्च के बाद अप्रैल में थमी UPI की रफ्तार, लेनदेन का कुल मूल्य ₹29.03 लाख करोड़ रहा

FTA पर यूरोपीय संघ, ब्रिटेन के साथ जारी बातचीत पटरी पर: सरकारी अधिकारी

Advertisement
Last Updated- January 16, 2023 | 8:59 PM IST
India US trade
इलस्ट्रेशन- अजय मोहंती

भारत की ब्रिटेन (UK) और यूरोपीय संघ (EU) के साथ व्यापक मुक्त व्यापार समझौते (FTA) पर चल रही वार्ता पटरी पर है और दोनों क्षेत्रों के साथ अगले दौर की बातचीत जल्द होगी। एक वरिष्ठ अधिकारी ने सोमवार को यह जानकारी दी। भारत ने हाल ही में ब्रिटेन के सथ छठे और यूरोपीय संघ के साथ तीसरे दौर की वार्ता की है।

सरकारी अधिकारी ने कहा, ‘ब्रिटेन के साथ सातवें दौर और यूरोपीय संघ से चौथे दौर की वार्ता जल्द होगी। दोनों व्यापार समझौते सही रास्ते पर हैं।’ दोनों समझौते व्यापक स्तर पर हैं और उनमें वस्तु, सेवा, निवेश, श्रम और पर्यावरण शामिल हैं। उन्होंने कहा कि इन सभी मुद्दों पर समझौता करने वाले देशों में बहुत समानता होनी चाहिए और ये बहुत संवेदनशील मुद्दा है।

ब्रिटेन से वार्ता 13 जनवरी 2022 को शुरू हुई थी। दोनों देशों में द्विपक्षीय व्यापार 2020-21 में 13.2 अरब डॉलर से बढ़कर 2021-2022 में 17.5 अरब डॉलर हो गया है। भारत का 2021-22 में निर्यात 10.5 अरब डॉलर जबकि आयात सात अरब डॉलर रहा।

भारत और EU में प्रस्तावित समझौते पर वार्ता लगभग आठ साल के अंतर के बाद 17 जून 2022 को औपचारिक रूप से बहाल हुई। यूरोपीय संघ के साथ भारत का द्विपक्षीय व्यापार 2021-22 में 43.5 फीसदी बढ़कर 116.36 अरब डॉलर हो गया है।

तरजीही व्यवस्था की सामान्यीकृत प्रणाली (GPS) के तहत अमेरिका से निर्यात लाभों को बहाल करने की मांग पर अधिकारी ने कहा कि अगर अमेरिका इसे बहाल करता है तो भारत इसका स्वागत करेगा। अमेरिका ने 2019 में ये लाभ वापस ले लिए थे।

यह भी पढ़ें : दिसंबर में 12.2 प्रतिशत घटा देश का निर्यात

ईरान द्वारा भारत से चाय और चावल का आयात रोकने के मुद्दे पर एक अन्य वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि यह अस्थायी मुद्दा है। उन्होंने कहा, ‘मुझे लगता है कि कुछ चावल का निर्यात शुरू हुआ है।’

Advertisement
First Published - January 16, 2023 | 8:59 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement