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ईसीएलजीएस योजना की मोहलत 3 महीने बढ़ी

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Last Updated- December 12, 2022 | 6:27 AM IST

सरकार ने आपातकालीन क्रेडिट लाइन गारंटी योजना (ईसीएलजीएस) को और तीन महीने के लिए बढ़ा दिया है। इसके साथ ही अतिरिक्त रकम जारी करने के इसके दायरे को 29 फरवरी, 2020 तक बकाये ऋण के 20 फीसदी से बढ़ाकर 40 फीसदी कर दिया है।
इस योजना को ईसीएलजीएस 3.0 बताया जा रहा है। वित्त मंत्रालय ने एक वक्तव्य में कहा कि चुनिंदा सेवा क्षेत्रों पर कोविड-19 महामारी के लगातार पड़ रहे बुरे प्रभाव को देखते हुए इस योजना की अवधि को 30 जून तक या 3 लाख करोड़ रुपये बांटे जाने तक के लिए बढ़ा दिया गया है। आत्मनिर्भर भारत पैकेज के तहत गिरवी से मुक्त ऋण गारंटी योजना की घोषणा की गई थी। इसके तहत अब 500 करोड़ रुपये तक के बकाये वाले ऐसे कर्जदारों को भी शामिल किया गया है जिनका बकाया 29 फरवरी को 60 दिन या उससे कम समय से लंबित है जिसकी सीमा पहले 30 दिन रखी गई थी।   ईसीएलजीएस 3.0 के तहत दिए गए ऋणों की अवधि 6 वर्ष होगी जिसमें 2 वर्ष का ऋणस्थगन अवधि शामिल होगी। इसके पिछले संस्करण यानी ईसीएलजीएस 2.0 में ऋण की अवधि पांच वर्ष थी जिसमें मूलधन के पुनर्भुगतान पर 12 महीने का ऋणस्थगन था।
वक्तव्य में कहा गया है, ‘योग्य लाभार्थियों को अतिरिक्त रकम की उपलब्धता के लिए योजना में किए गए बदलाव की आर्थिक सुधार, नौकरियों की रक्षा और रोजगार सृजन के लिए अनुकूल माहौल तैयार करने में बहुत बड़ी भूमिका होगी। योजना के तहत एमएलआई (सदस्य ऋणदाता संस्थाओं) को प्रोत्साहन दिया जाएगा।’ सरकार ने 91.9 लाख ऋणों को गारंटी मुहैया कराने के लिए 4,000 करोड़ रुपये खर्च किए हैं। इन ऋणों की रकम 15 मार्च को 2.01 लाख करोड़ रुपये थी।

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First Published - March 31, 2021 | 11:57 PM IST

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