facebookmetapixel
Advertisement
सिर्फ सरकारी पैसों के भरोसे नहीं चलेगा काम, घरेलू बचत से ही बदलेगी देश की तस्वीरRBI की चेतावनी: पश्चिम एशिया संकट से बढ़ेगा महंगाई का दबाव, मॉनसून की बेरुखी भी बढ़ाएगी संकटरुपये में रिकॉर्ड तेजी: कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट से दो महीने की सबसे बड़ी बढ़त, डॉलर के मुकाबले 95 के स्तर परकुपोषण से उबर रहे भारत में अब मोटापा व मधुमेह बनी नई चुनौती, एक साल में 218% बढ़ी दवाओं की बिक्रीट्रक ड्राइवरों के लिए रेटिंग सिस्टम लाएगी सरकार, कौशल और चालान के आधार पर मिलेगी रैंकिंगSC का बड़ा फैसला: आदेश सुरक्षित रखने के 3 महीने के भीतर सुनाना होगा निर्णय, देरी पर बदलेगी पीठचुनावी वादे पूरे करना नवनिर्वाचित सरकारों के लिए साबित होगा भारी-भरकम सिरदर्दEditorial: देश के प्रमुख जलाशयों में तेजी से घट रहा पानी, अधिकतर नदी बेसिन गंभीर जल संकट के कगार परRBI Annual Report: RBI के विदेशी मुद्रा लेन-देन का मुनाफा 52% बढ़ा, कमाया ₹1.69 लाख करोड़ का लाभपश्चिम एशिया युद्ध के कारण बढ़ी घबराहट, देश में यूरिया 10% और DAP की बिक्री में 39% तक की बढ़ोतरी

आ गई HR report, 2025 में कितनी बढ़ेगी आपकी सैलरी, किस सेक्टर में सबसे ज्यादा, कहां होगी hiring…

Advertisement

Auto sector में जहां सैलरी को लेकर बेहतर की उम्मीद है, वहीं कृषि और रसायन, Shared Services Organisations में नौकरी जाने का खतरा ज्यादा है।

Last Updated- January 15, 2025 | 7:38 PM IST
salary- सैलरी
प्रतीकात्मक तस्वीर

मंगलवार को एक मानव संसाधन सलाहकार फर्म की रिपोर्ट में कहा गया है कि भारतीय कर्मचारियों को इस साल सभी उद्योगों में औसतन 9.4 प्रतिशत वेतन वृद्धि की उम्मीद है, जो मजबूत आर्थिक विकास और कुशल प्रतिभाओं की बढ़ती मांग को दर्शाता है। एचआर कंसल्टिंग फर्म मर्सर (HR consulting firm ‘Mercer’)द्वारा किए गए कुल पारिश्रमिक सर्वेक्षण (टीआरएस) के अनुसार, पिछले पांच वर्षों में वेतन वृद्धि में लगातार वृद्धि हुई है, जो 2020 में 8 प्रतिशत से बढ़कर 2025 में अनुमानित 9.4 प्रतिशत हो गई है। सर्वेक्षण में भारत की प्रौद्योगिकी, उपभोक्ता वस्तुओं, वित्तीय सेवाओं, विनिर्माण, मोटर वाहन, इंजीनियरिंग आदि क्षेत्र की 1,550 से अधिक कंपनियों ने हिस्सा लिया।

किस सेक्टर में होगी सबसे ज्यादा salary hike

मोटर वाहन क्षेत्र (Auto Sector)में कर्मचारियों का वेतन 10 प्रतिशत तक बढ़ने का अनुमान है। पिछले साल यह 8.8 प्रतिशत रहा था। यह इलेक्ट्रिक वाहनों (Electric
Vehicles, EV) में वृद्धि तथा सरकार के नेतृत्व में ‘मेक इन इंडिया’ पहल के कारण संभव हो पाया है। विनिर्माण व इंजीनियरिंग क्षेत्र (Manufacturing &
Engineering) में वेतन वृद्धि आठ से बढ़कर 9.7 प्रतिशत होने का अनुमान है, जो विनिर्माण परिवेश में पुनरुत्थान को दर्शाता है।

मर्सर की ‘इंडिया करियर लीडर’ मानसी सिंघल ने कहा, ‘‘ भारत के प्रतिभा परिदृश्य में उल्लेखनीय बदलाव हो रहा है। वेतन में उछाल भी कार्यबल को नया आकार दे रहे हैं। इसके अलावा 75 प्रतिशत से अधिक संगठनों द्वारा प्रदर्शन-आधारित वेतन योजनाओं को अपनाने, अल्पावधि व दीर्घावधि दोनों में प्रदर्शन को महत्व देना समग्र बदलाव को दर्शाता है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘ जो कंपनियां इन प्रवृत्तियों को प्राथमिकता देंगी, वे प्रतिस्पर्धी बाजार में प्रतिभाओं को आकर्षित करने तथा उन्हें बनाए रखने के लिए बेहतर स्थिति में होंगी। ’’

Hring और Job जाने को लेकर क्या कहती है रिपोर्ट

इसके अलावा, रिपोर्ट में खुलासा किया गया है कि 2025 में, 37 प्रतिशत संगठन अपने कर्मचारियों की संख्या बढ़ाने की योजना बना रहे हैं, जो कि विभिन्न क्षेत्रों में भारत की जीवंत प्रतिभा की मांग को दर्शाता है। स्वैच्छिक छंटनी 11.9 प्रतिशत पर स्थिर होने की उम्मीद है, जिसमें कृषि और रसायन (13.6 प्रतिशत) और साझा सेवा संगठन (13 प्रतिशत) सबसे अधिक दर का अनुभव कर रहे हैं, जो एक प्रतिस्पर्धी प्रतिभा बाजार का संकेत देता है।

2025 में कंपनियां अपने कर्मचारियों को क्या-क्या फायदा देंगी

यह भी उम्मीद है कि इस साल कुछ संगठन प्रतिभा को आकर्षित करने, टर्नओवर को कम करने और कार्यबल की मांगों को पूरा करने के लिए विकास को बनाए रखने के लिए रणनीतिक भर्ती, प्रतिस्पर्धी मुआवजे, अपस्किलिंग और कर्मचारी जुड़ाव पर ध्यान केंद्रित करेंगे। “भारत के प्रतिभा परिदृश्य में उल्लेखनीय परिवर्तन हो रहा है। वेतन प्रीमियम भी कार्यबल को नया आकार दे रहे हैं, इसके अतिरिक्त, 75 प्रतिशत से अधिक संगठनों द्वारा प्रदर्शन-लिंक्ड वेतन योजनाओं को अपनाना, अल्पावधि और दीर्घावधि दोनों में प्रदर्शन अभिविन्यास की ओर एक समग्र बदलाव को दर्शाता है।

साल 2023-24 में कहां मिली सबसे ज्यादा सैलरी

स्टाफिंग कंपनी टीमलीज सर्विसेज (Team Lease Services) की नई रिपोर्ट के मुताबिक, वित्त वर्ष 2023-24 में सबसे ज्यादा वेतन बढ़ोतरी बेंगलुरु में हुई, जहां वेतन में 9.3% की बढ़ोतरी दर्ज की गई। बेंगलुरु का औसत मासिक वेतन 29,500 रुपये रहा, जो इसे देश का सबसे अधिक वेतन देने वाला शहर बनाता है। इसके बाद चेन्नई में 7.5% और दिल्ली में 7.3% की वेतन वृद्धि दर्ज हुई है।

रिपोर्ट बताती है कि रिटेल, कंज्यूमर ड्यूरेबल्स, और बीएफएसआई (बैंकिंग, फाइनेंस, और इंश्योरेंस) सेक्टर में सबसे अधिक वेतन बढ़ोतरी हुई है। वहीं, लॉजिस्टिक्स, एफएमसीजी, हेल्थकेयर, और रियल एस्टेट जैसे क्षेत्रों में मध्यम बढ़ोतरी हुई है। टेलीकॉम, मैन्युफैक्चरिंग, हेल्थकेयर और फार्मा जैसे क्षेत्र हाई वेतन देने वाले उद्योगों में शामिल हैं।

2023-24 में किन सेक्टर्स में हुआ था अच्छा Salary Hike

रिपोर्ट के अनुसार, रिटेल सेक्टर में 8.4% की बढ़ोतरी हुई है, जो इसे सबसे तेजी से बढ़ने वाला क्षेत्र बनाता है। इसके बाद कंज्यूमर ड्यूरेबल्स और बीएफएसआई सेक्टर का स्थान है। इसके अलावा, हैदराबाद, अहमदाबाद, पुणे और दिल्ली में ऑपरेशंस, बैक ऑफिस और सेल्स जैसी भूमिकाओं में भी अच्छी वेतन वृद्धि दर्ज की गई है।

डेलॉयट इंडिया टैलेंट आउटलुक 2024: इस साल 9 फीसदी बढ़ेगा वेतन, नौकरी छोड़ने की दर 2023 में हुई कम

TeamLease Report: बेंगलुरु, चेन्नई और दिल्ली में सबसे ज्यादा वेतन में बढ़ोतरी

In Parliament: Amazon, Zomato, Blinkit जैसी कंपनियों में नौकरी की सच्चाई, ‘लंबी ड्यूटी, वर्क प्रेशर, 10 हजार से कम कमाई

 

Advertisement
First Published - January 14, 2025 | 7:36 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement