भारतीय रिजर्व बैंक ने स्टेबलकॉइन्स सहित क्रिप्टो संपत्तियों पर अपने सतर्क रुख को दोहराया है। इसमें कहा गया है कि केंद्रीय बैंक का पैसा अंतिम निपटान संपत्ति और मौद्रिक प्रणाली में विश्वास का आधार बना रहना चाहिए।
केंद्रीय बैंक ने यह भी पुरजोर वकालत की कि देशों को पैसे में विश्वास बनाए रखने और वित्तीय स्थिरता बनाए रखने के लिए स्टेबलकॉइन्स पर केंद्रीय बैंक डिजिटल मुद्राओं (सीबीडीसी) को प्राथमिकता देनी चाहिए।
वित्तीय स्थिरता रिपोर्ट में रिजर्व बैंक ने कहा, ‘वैश्विक बदलावों के बीच मौद्रिक संप्रभुता की रक्षा और वित्तीय स्थिरता बनाए रखने के लिए रिजर्व बैंक स्टेबलकॉइन्स सहित क्रिप्टो संपत्तियों पर सतर्क रुख बनाए रखता है और संप्रभु डिजिटल इन्फ्रा को प्राथमिकता देता है।’
रिपोर्ट में कहा गया है कि केंद्रीय बैंक का पैसा ही मुद्रा की विशिष्टता और वित्तीय प्रणाली की अखंडता को बनाए रखता है। रिजर्व बैंक ने जोर देकर कहा, ‘यह (केंद्रीय बैंक का पैसा) अंतिम निपटान संपत्ति बना रहना चाहिए, और इसे पैसे में विश्वास के लिए आधार बना रहना चाहिए।’