facebookmetapixel
Advertisement
छात्रों के विरोध के आगे झुकी सरकार! कैसे PM मोदी के 12 साल के कार्यकाल में इस्तीफा देने वाले दूसरे केंद्रीय मंत्री बने प्रधानपश्चिम एशिया संकट व तेल की बढ़ती कीमतों के बीच अगले हफ्ते कैसा रहेगा शेयर बाजार और कमोडिटी मार्केट का हाल?नीट पेपर लीक, परीक्षा रद्द, आंदोलन और अब शिक्षा मंत्री का इस्तीफा…..3 मई से लेकर अब तक क्या-क्या हुआ?शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने दिया इस्तीफा, खुद अपने पोस्ट में लेटर जारी करके दी जानकारीफ्लैट खरीदने के बाद पुराने मेंटेनेंस बकाया का आ गया बिल? जानिए क्या कहता है कानून और क्या करें नए खरीदार360% का मोटा डिविडेंड! IT सेक्टर की दिग्गज कंपनी का निवेशकों को तोहफा, रिकॉर्ड डेट फिक्सक्या ईरान पर सबसे बड़े हमले की तैयारी में अमेरिका? ट्रंप बोले: हम ‘लॉक्ड एंड लोडेड’, पर बातचीत भी जारी‘उदारीकण के बाद अहसास हुआ कि हमें इनोवेशन करना होगा, न कि दिल्ली में इंतजार’, नारायण मूर्ति ने बयां की 1991 से पहले की दुश्वारियां1991 से अब तक का सफर: अविश्वास से निकलकर भरोसे पर आधारित आर्थिक नीति बनाने की जरूरत‘बंगाल को मिली तबाही और निराशा की विरासत’, बोले स्वप्न दासगुप्ता: निवेश लाने के लिए करेंगे अतिरिक्त प्रयास

FY27 के लिए इंडिया रेटिंग्स का अनुमान, यात्री वाहनों की बिक्री होगी नरम

Advertisement

चालू वित्त वर्ष की अप्रैल से फरवरी तक अवधि में लगभग 42.5 लाख यात्री वाहन बेचे गए। पिछले वित्त वर्ष की इसी अवधि में 38 लाख वाहन बेचे गए थे

Last Updated- March 05, 2026 | 10:47 PM IST
PV Sales

देश में यात्री वाहनों की बिक्री की वृद्धि दर वित्त वर्ष 27 में पिछले साल के मुकाबले नरम होकर 3 से 5 प्रतिशत तक रहने का अनुमान है। अ​धिक आधार और पहले से तय प्रतिस्थापन मांग की वजह से ऐसा हो सकता है, भले ही समूचा वाहन उद्योग अपना घरेलू बिक्री का वृद्धि चक्र जारी रखे। इंडिया रेटिंग्स ऐंड रिसर्च ने गुरुवार को जारी रिपोर्ट में यह जानकारी दी।

फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशंस (फाडा) के गुरुवार को जारी आंकड़ों के अनुसार वित्त वर्ष 26 के पहले 11 महीनों के दौरान यात्री वाहनों की बिक्री की वृद्धि दर 11.82 प्रतिशत रही। चालू वित्त वर्ष की अप्रैल से फरवरी तक अवधि में लगभग 42.5 लाख यात्री वाहन बेचे गए। पिछले वित्त वर्ष की इसी अवधि में 38 लाख वाहन बेचे गए थे।

इंडिया रेटिंग्स की रिपोर्ट में कहा गया है कि यात्री वाहन श्रेणी में वृद्धि दर दमदार इजाफे के बाद स्थिर होने के आसार हैं। हालांकि इसमें यूटिलिटी वाहन छोटी कारों और वैन की तुलना में बेहतर प्रदर्शन करते रहेंगे। हाल के वर्षों में मांग पुरानी गाड़ी बदलने और स्पोर्ट यूटिलिटी व्हीकल (एसयूवी) के प्रति उपभोक्ताओं की बढ़ती पसंद से आई है, जिसके परिणामस्वरूप उद्योग के लिए ऊंचा आधार तैयार हो गया।

रिपोर्ट में कहा गया है कि दोपहिया वाहन श्रेणी के महत्त्वपूर्ण स्तर तक पहुंचने की उम्मीद है और वित्त वर्ष 26 में घरेलू बिक्री वै​श्विक महामारी से पहले का अ​धिक स्तर हासिल कर लेगी। रेटिंग एजेंसी ने कहा कि महामारी से संबंधित कई वर्षों के व्यवधानों और कमजोर ग्रामीण मांग के बाद यह श्रेणी उद्योग की बिक्री में सुधार की प्रमुख चालक बन रही है।

देश में दोपहिया वाहनों की बिक्री के मामले में महामारी से पहले का शीर्ष स्तर वित्त वर्ष 19 था, जब घरेलू बिक्री लगभग 2.118 करोड़ वाहनों तक पहुंच गई थी। मौजूदा वित्त वर्ष के पहले 11 महीने के दौरान दोपहिया विनिर्माताओं ने लगभग 1.946 करोड़ वाहन बेचे और सालाना आधार पर 12 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की। इसका मतलब है कि दोपहिया उद्योग की बिक्री वित्त वर्ष 26 में ही महामारी से पहले वाले शीर्ष स्तर को पार कर जाएगी।

Advertisement
First Published - March 5, 2026 | 10:42 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement