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₹5,000 करोड़ की बिजली कंपनी पर अदाणी की नजर, डील होते ही बदल सकता है गेम

Adani Group Acquisition: डायमंड पावर इंफ्रास्ट्रक्चर बिजली क्षेत्र से जुड़ी कंपनी है, जो केबल्स, कंडक्टर, ट्रांसमिशन टावर और पावर डिस्ट्रीब्यूशन जैसे कामों में लगी है।

Last Updated- May 26, 2025 | 12:38 PM IST
Adani Group

Adani Group Acquisition: अहमदाबाद की कंपनी Diamond Power Infrastructure Limited (DPIL) में अदाणी ग्रुप हिस्सेदारी खरीदने का बड़ा दावेदार बनकर उभरा है। इकोनॉमिक टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, कंपनी के प्रमोटर अब तीन अलग-अलग खरीदारों से बातचीत कर रहे हैं, जिनमें से एक अदाणी ग्रुप भी है। यह कदम अदाणी ग्रुप की उस रणनीति का हिस्सा है, जिसके तहत वह अपनी सप्लाई चेन और वेंडर सिस्टम पर मजबूत पकड़ बनाना चाहता है, क्योंकि आने वाले सालों में उसका कैपिटल खर्च (capex) और बढ़ने वाला है।

क्या करती है DPIL?

डायमंड पावर इंफ्रास्ट्रक्चर बिजली क्षेत्र से जुड़ी कंपनी है, जो केबल्स, कंडक्टर, ट्रांसमिशन टावर और पावर डिस्ट्रीब्यूशन जैसे कामों में लगी है। यह कंपनी बिजली ट्रांसमिशन लाइनों का निर्माण और इंस्टॉलेशन भी करती है। DPIL को 2022 में GSEC लिमिटेड और राकेश शाह ने NCLT के ज़रिए खरीदा था। कंपनी अभी BSE पर लिस्टेड है और इसकी मार्केट वैल्यू करीब ₹5,000 करोड़ है।

सेबी के नियमों के मुताबिक किसी भी लिस्टेड कंपनी में प्रमोटर की हिस्सेदारी 75% से ज्यादा नहीं होनी चाहिए। DPIL के प्रमोटरों के पास फिलहाल 90% हिस्सेदारी है, जो मार्च 2024 में 94.88% थी। अब सेबी नियमों का पालन करने के लिए प्रमोटरों को अपनी हिस्सेदारी घटानी पड़ेगी। रिपोर्ट के मुताबिक, “DPIL अब तीन संभावित खरीदारों से चर्चा कर रही है, जिसमें अदाणी ग्रुप भी शामिल है। डील अगले 60 दिनों में हो सकती है।”

अगर अदाणी ग्रुप यह हिस्सेदारी खरीदता है, तो वह कंपनी के मौजूदा मैनेजमेंट को बनाए रख सकता है। यह रणनीति अदाणी पहले भी अपना चुका है, जैसे 2023 में PSP प्रोजेक्ट्स लिमिटेड में 30% हिस्सेदारी खरीदने के बाद भी टीम नहीं बदली गई थी।

यह भी पढ़ें…SpiceJet को बड़ी राहत, दिल्ली हाई कोर्ट ने मारन की ₹1,300 करोड़ की याचिका खारिज की

DPIL को कैपिटल की ज़रूरत

DPIL को अपने विस्तार के लिए पैसे की ज़रूरत है। कंपनी अगले तीन साल में ₹10,000 करोड़ की कमाई का टारगेट लेकर चल रही है, जबकि वित्त वर्ष 2024-25 में उसकी आय सिर्फ ₹343 करोड़ रही। हाल ही में हुए Rising Northeast Investors Summit में गौतम अदाणी ने नॉर्थईस्ट भारत में अगले 10 सालों में ₹50,000 करोड़ के निवेश का ऐलान किया। यह ऐलान उस वक़्त हुआ जब सिर्फ तीन महीने पहले उन्होंने असम में भी इतनी ही राशि निवेश करने का वादा किया था। गौतम अदाणी ने कहा, “तीन महीने पहले असम में हमने ₹50,000 करोड़ निवेश का वादा किया था। आज एक बार फिर प्रधानमंत्री मोदी जी की प्रेरणा से हम पूरे नॉर्थईस्ट में ₹50,000 करोड़ का अतिरिक्त निवेश करेंगे।”

कहां होगा निवेश?

यह निवेश हरित ऊर्जा (ग्रीन एनर्जी), हाइड्रो पावर, ट्रांसमिशन, सड़कें, स्मार्ट मीटर, डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर, लॉजिस्टिक्स और स्किल ट्रेनिंग जैसे क्षेत्रों में होगा। अदाणी ने नॉर्थईस्ट को “भारत की सांस्कृतिक ताकत, आर्थिक संभावना और रणनीतिक अहमियत” वाला क्षेत्र बताया।

First Published - May 26, 2025 | 12:38 PM IST

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