Editorial: रिजर्व बैंक के लिए आगे की राह
सोमवार को भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के 90वें वर्ष में प्रवेश करने के अवसर पर आयोजित एक कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उचित ही कहा कि बैंक ने देश को विकास के मार्ग पर आगे ले जाने में अहम भूमिका निभाई है। दीर्घावधि की आर्थिक वृद्धि और विकास के लिए वित्तीय स्थिरता एक अनिवार्य […]
Editorial: विकसित भारत का लक्ष्य
बिज़नेस स्टैंडर्ड के सालाना आयोजन बिजनेस मंथन के आरंभिक संस्करण में केंद्रीय मंत्रियों समेत कई प्रमुख नीति निर्माता और कारोबारी तथा वैचारिक नेता शामिल हुए। आयोजन के दौरान हुई चर्चाओं में उन्होंने 2047 तक देश को विकसित राष्ट्र का दर्जा दिलाने के संभावित सफर का जायजा लिया, उस पर बातचीत की। आधार वक्तव्य में केंद्रीय […]
Editorial: बड़ी टेक कंपनियों की परीक्षा
डिजिटल मार्केट अधिनियम (डीएमए) के प्रवर्तन के कुछ सप्ताह बाद यूरोपीय आयोग ने गूगल, मेटा, एमेजॉन और ऐपल की जांच शुरू की है। यह जांच निष्पक्ष और प्रतिस्पर्धी डिजिटल मार्केट तैयार करने के लिए जरूरी अहम सिद्धांतों का पालन नहीं करने के आरोपों के कारण की जा रही है। ये जांच किसी न किसी रूप […]
Editorial: भारत में रोजगार के अवसर
अंतरराष्ट्रीय श्रम संगठन (आईएलओ) तथा मानव विकास संस्थान ने मिलकर एक रिपोर्ट जारी की है जिसमें सन 2000 के बाद से भारत में रोजगार के उपलब्ध आंकड़ों का व्यापक विश्लेषण किया गया है। वर्ष 2012 तक यह सर्वे रोजगार और बेरोजगारी के सर्वेक्षणों पर निर्भर था और 2019 से 2022 तक के आंकड़ों के लिए […]
Editorial: महिलाओं का प्रतिनिधित्व
आगामी संसदीय चुनाव प्रचार अभियान में महिलाएं केंद्रीय भूमिकाओं में नजर आ रही हैं। हर राजनीतिक दल महिलाओं को लेकर चुनावी वादे कर रहा है जो देश के कुल 96.8 करोड़ मतदाताओं में करीब आधी हैं। सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस लगातार महिला मतदाताओं को आकर्षित करने के लिए एक […]
Editorial: मजबूत बैंकिंग जरूरी
तकरीबन एक दशक तक फंसे कर्ज यानी गैर निष्पादित परिसंपत्तियों (एनपीए) में इजाफा होने तथा जोखिम आंकने, खासकर कॉर्पोरेट ऋण के जोखिम के अंकन में शिथिलता के बाद अब देश का बैंकिंग क्षेत्र अच्छी स्थिति में नजर आ रहा है। उसका मुनाफा बढ़ रहा है और निवेशकों का विश्वास नए सिरे से बहाल हो रहा […]
Editorial: वैश्विक व्यापार और आशावाद
संयुक्त राष्ट्र व्यापार एवं विकास सम्मेलन (अंकटाड) की वैश्विक व्यापार रिपोर्ट का मार्च संस्करण पिछले सप्ताह जारी किया गया। उसमें अनुमान जताया गया कि वर्ष 2023 में जहां वैश्विक व्यापार में एक लाख करोड़ डॉलर की कमी आई , वहीं यह भी कहा गया कि 2024 में यह रुझान बदल जाएगा। अंकटाड ने इस दावे […]
Editorial: गलत सूचनाओं पर रोक
सर्वोच्च न्यायालय ने गुरुवार को उस अधिसूचना पर रोक लगा दी जिसके तहत पत्र सूचना ब्यूरो के अधीन एक फैक्ट चेकिंग यूनिट (तथ्यों की जांच करने वाली इकाई) की स्थापना की जानी थी। न्यायालय ने कहा कि इस पर तब तक रोक रहेगी जब तक बंबई उच्च न्यायालय सूचना प्रौद्योगिकी नियमों में संशोधनों को चुनौती […]
Editorial: मौद्रिक नीति का मार्ग और शेयर बाजारों में तेजी
अमेरिकी केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व की फेडरल ओपन मार्केट कमेटी ने अपनी दो दिवसीय बैठक के बाद यह संकेत देकर शेयर बाजारों में तेजी ला दी कि वह इस वर्ष नीतिगत ब्याज दरों में 0.75 फीसदी की कटौती के मार्ग पर बनी रहेगी। इस वर्ष मुद्रास्फीति के पूर्वानुमान में इजाफे के बावजूद ऐसा किया जा […]
Editorial: एजेंडे से गायब प्रदूषण, भारत दुनिया का तीसरा सबसे प्रदूषित देश
भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में से एक के रूप में गौरवान्वित होता रहा है लेकिन दुनिया के सर्वाधिक प्रदूषित शहरों में से एक होने की छवि उस पर कहीं अधिक भारी पड़ रही है। स्विस संगठन आईक्यूएयर द्वारा विश्व स्तर पर हवा की गुणवत्ता को लेकर जो रिपोर्ट जारी की […]









