Editorial: महत्त्वपूर्ण खनिजों के लिए गंभीर प्रयास
केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बुधवार को राष्ट्रीय अति महत्त्वपूर्ण खनिज मिशन पर मुहर लगा दी। इस अभियान या मिशन पर केंद्र सरकार 16,300 करोड़ रुपये व्यय करेगी और सार्वजनिक क्षेत्र एवं अन्य स्रोतों से भी 18,000 करोड़ रुपये का निवेश होगा। यह मिशन भारत में नीति निर्धारण को एक नई दिशा देता दिख रहा है। 21वीं […]
Editorial: शिक्षा के स्तर के नतीजे से सबक
गैर-सरकारी संगठन प्रथम द्वारा जारी की जाने वाली वार्षिक शिक्षा स्थिति रिपोर्ट (असर) आमतौर पर एक गंभीर रिपोर्ट मानी जाती है जो भारत के स्कूलों में सीखने के अंतर का जायजा लेती है। उम्मीद के मुताबिक महामारी के दौरान लंबे समय तक स्कूलों के बंद रहने से स्थिति और भी खराब हो गई। हालांकि, मंगलवार […]
Editorial: डीपसीक और एआई में क्रांति, चीनी कंपनी ने दो नए प्रोग्राम और चैटबॉट किए पेश
चीन की आर्टिफिशल इंटेलिजेंस (एआई) कंपनी डीपसीक ने दो एआई प्रोग्राम और चैटबॉट पेश किए हैं। कंपनी के इस कदम ने तकनीक के बाजार में उथलपुथल मचा दी है। डीपसीक ने अपने कुछ मॉडलों की ईजाद के साथ ही बड़े मुकाम हासिल किए हैं। कंपनी ने इन्हें तैयार करने के लिए करीब 56 लाख डॉलर […]
Editorial: ई-कॉमर्स: स्पष्ट नियम जरूरी
भारतीय मानक ब्यूरो (बीआईएस) ने हाल में ई-कॉमर्स क्षेत्र के लिए दिशानिर्देशों का मसौदा जारी किया है। बीआईएस का यह कदम स्वागत योग्य है और ऐसे समय में उठाया गया है जब देश में ऑनलाइन खरीदारी बहुत तेज रफ्तार से बढ़ रही है। इन दिशानिर्देशों का उद्देश्य उपभोक्ताओं और अन्य हितधारकों की चिंता दूर करना […]
Editorial: ‘व्ह्रेन लिस्टेड’ की श्रेणी लागू होने से बढ़ेगी पारदर्शिता
भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) शेयर बाजारों से अपने प्लेटफॉर्म पर ‘व्ह्रेन लिस्टेड’ की श्रेणी लागू करने को कहने पर विचार कर रहा है, जहां प्रारंभिक सार्वजनिक पेशकश यानी आईपीओ आवंटन और सूचीबद्धता के बीच तीन दिन तक कारोबार किया जा सकता है। ऐसा इसलिए किया जा रहा है ताकि ऐसे शेयरों के ग्रे […]
Editorial: अमेरिका की घटती वैश्विक भूमिका
अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने पदभार संभालने के तुरंत बाद दो कार्यकारी आदेशों पर हस्ताक्षर किए जो इस बात की तस्दीक करते हैं कि कैसे एक महाशक्ति जलवायु परिवर्तन और स्वास्थ्य जैसी महत्त्वपूर्ण वैश्विक चुनौतियों का नेतृत्व करने से कदम पीछे खींच रहा है। इनमें से पहला आदेश, संयुक्त राष्ट्र जलवायु परिवर्तन फ्रेमवर्क कन्वेंशन […]
Editorial: विकल्प खुले रखना जरूरी
अमेरिका के कारोबारी साझेदारों के बीच इस बात को लेकर राहत थी कि डॉनल्ड ट्रंप ने अपने दूसरे कार्यकाल की शुरुआत टैरिफ लगाकर नहीं की। हालांकि ऐसी आशंकाएं प्रकट की जा रही थीं। बहरहाल, राहत लंबी टिकती नहीं दिखती क्योंकि नए राष्ट्रपति की नीतिगत विचार प्रक्रिया उनके पिछले कार्यकाल से अलग नहीं नजर आई। कई […]
Editorial: ‘मागा’ की वापसी! ‘आज़ादी का दिन’ या वैश्विक अनिश्चितता की शुरुआत?
यह सही है कि आंतरिक व्यवस्था के हिसाब से माहौल काफी संतुलित था लेकिन दूसरी बार राष्ट्रपति बनने के बाद डॉनल्ड ट्रंप ने जो आरंभिक भाषण दिया वह भी 2017 के भाषण जैसा ही था। इसमें भी अमेरिका को प्राथमिकता देने वाले एजेंडे को बढ़ावा देने की बात कही गई और अमेरिका तथा शेष विश्व […]
Editorial: दावोस में भारतीय राज्य
घरेलू निजी निवेश की कमजोरी और प्रत्यक्ष विदेशी निवेश में धीमी गति से हो रही वृद्धि के बीच केंद्र और राज्य सरकारों ने दावोस के स्विस स्की रिजॉर्ट में आयोजित हो रही विश्व आर्थिक मंच (डब्ल्यूईएफ) की वार्षिक बैठक में कामयाबी का हरसंभव प्रयास आरंभ कर दिया है। वहां हमारे देश के दो पविलियन होंगे। […]
Editorial: ट्रम्प, वर्ल्ड बैंक, IMF और भारत
इस वर्ष घटी आर्थिक घटनाओं के परिणामों पर दुनिया भर में काफी चिंता का माहौल है। काफी कुछ इस बात पर निर्भर करेगा कि डॉनल्ड ट्रंप के दूसरी बार राष्ट्रपति बनने के बाद अमेरिका में क्या नीतिगत बदलाव आते हैं। अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) और विश्व बैंक ने गत सप्ताह अपने आर्थिक अनुमान जारी कर […]









