facebookmetapixel
Advertisement
NFO Alert: कोटक का नया इंडेक्स फंड लॉन्च, ₹1,000 से निवेश का मौका; जानें पूरी डिटेलUPI Payment Charges: 15 अक्टूबर से ₹2,000 से ज्यादा के भुगतान पर लगेगा शुल्क? जानें किसे देना होगा पैसात्योहारी मांग के बीच चीनी पर राहत, सरकार ने बढ़ाया बिक्री कोटा; कीमतों पर रहेगा दबावकम जोखिम वाली नई म्युचुअल फंड स्कीम, जानें मिनिमम निवेश और रणनीति, 18 सितंबर तक खुला है NFOGlass Wall Systems की शानदार शुरुआत, इश्यू प्राइस से 21% चढ़ा शेयर; अब आगे क्या?EPFO Alert: नौकरी छोड़ने की तारीख गलत होने पर बढ़ सकती है परेशानी, UAN से खुद ऐसे करें सुधारडिलीट होने से बचने का रास्ता तलाशने लगे AI एजेंटक्या ₹2,000 से ज्यादा भुगतान पर बैंक खाते से पैसे कटेंगे? UPI शुल्क से जुड़े हर सवाल का जवाबमहाराष्ट्र की चीनी मिलों को राहत! ₹738.51 करोड़ की ब्याज सब्सिडी मंजूर; किसानों के बकाया FRP भुगतान में मिलेगी मददUPI से शेयर, म्युचुअल फंड खरीदना होगा महंगा? ₹1 लाख पर कितना लगेगा MDR, समझें नया नियम

ब्लू डार्ट पर विश्लेषकों को चिंता भी और उम्मीद भी

Advertisement

वित्त वर्ष 24 की पहली तिमाही में कमजोर परिणामों के बाद ब्रोकरेज फर्मों ने ब्लू डार्ट की कमाई का अपना अनुमान कम कर दिया है।

Last Updated- October 01, 2023 | 10:12 PM IST
BlueDart

जुलाई में वर्ष 2023-24 (वित्त वर्ष 24) की अप्रैल-जून तिमाही (पहली तिमाही) के वित्तीय परिणाम के बाद ब्लू डार्ट एक्सप्रेस का शेयर 15 प्रतिशत तक गिरकर 6,201 रुपये प्रति शेयर तक लुढ़क गया। हालांकि सितंबर में इसमें मामूली सुधार हुआ है।

फिलहाल बीएसई पर यह 6,620 रुपये के आसपास कारोबार कर रहा है। वित्त वर्ष 24 की पहली तिमाही में कमजोर परिणामों के बाद ब्रोकरेज फर्मों ने इसकी कमाई का अपना अनुमान कम कर दिया है।

हालांकि विश्लेषक शेयर की मध्य अवधि की संभावनाओं के संबंध में आशावादी हैं, लेकिन वे उत्पाद मिश्रण में बदलाव और नए विमानों के जुड़ने के परिणामस्वरूप मार्जिन दबाव के कारण कम प्राप्तियों से उत्पन्न होने वाली निकट अवधि की चिंताओं पर जोर दे रहे हैं।

इनमें से कुछ चिंताएं जून तिमाही के प्रदर्शन में देखी गई थीं। हालांकि वॉल्यूम (शिपमेंट) वृद्धि वित्त वर्ष 24 की पहली तिमाही में नौ प्रतिशत की दर पर स्थिर रही और वजन के लिहाज से 2.6 प्रतिशत तक का सुधार हुआ, लेकिन कम प्राप्तियों के कारण राजस्व में एक साल पहले की तिमाही की तुलना में चार प्रतिशत की गिरावट आई।

पिछली कुछ तिमाहियों के दौरान शेयर की कीमत पर जो असर पड़ा, वह है उम्मीद से कम परिचालन लाभ मार्जिन है। जून तिमाही का मार्जिन पिछले साल की तुलना में 550 आधार अंक तक घटकर 9.2 प्रतिशत रह गया, जो आठ तिमाहियों का सबसे निचला स्तर है।

नुवामा रिसर्च के शोध विश्लेषक आलोक पी देशपांडे और आदिल खान ने कहा कि हाल के दिनों में ब्लू डार्ट के मार्जिन पर असर पड़ा है – सबसे पहले ब्रेंट कच्चे तेल और विमानों के ईंधन (एटीएफ) की कीमतों के बीच अंतर और नए विमानों के कम उपयोग की वजह से।
इस लॉजिस्टिक्स कंपनी ने जून तिमाही के आ​खिर में अपने बेड़े में दो नए विमान (बोइंग 737-800) शामिल किए हैं।

बेड़े के पूर्ण उपयोग और ब्रेंट-एटीएफ मूल्य का अंतर कम होने से कंपनी को उम्मीद है कि उसके कर पूर्व लाभ के स्तर में सुधार होगा और वह आठ से 10 प्रतिशत के महामारी से पहले वाले स्तर पर लौट आएगा, जबकि वित्त वर्ष 24 की पहली तिमाही में यह 6.5 प्रतिशत पर था।

एटीएफ और ब्रेंट कच्चे तेल की कीमतों के बीच असमानता कम होने तथा विमान उपयोग में सुधार होने के अलावा मोतीलाल ओसवाल रिसर्च के अनुसंधान विश्लेषक आलोक देवड़ा और सौरभ दुगड़ को उम्मीद है कि त्योहारों के दौरान ​अ​धिक मांग के कारण मार्जिन में सुधार होगा।

Advertisement
First Published - October 1, 2023 | 10:12 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement