facebookmetapixel
Advertisement
Adani Group का बड़ा दांव: रिन्यूएबल एनर्जी से चलने वाले डेटा सेंटर्स में करेगा $100 अरब का निवेशPM Kisan 22वीं किस्त पर बड़ा अपडेट, करोड़ों किसानों को होली से पहले हो सकता है फायदाSBI MF का नया मोमेंटम ETF, मिडकैप के 50 ‘हाई ग्रोथ’ शेयरों में निवेश का मौका; SIP का भी विकल्प40% तक रिटर्न दे सकते हैं ये 2 Infra Stock, ब्रोकरेज की BUY रेटिंग; एक का भाव 50 रुपये से भी कमAI एक्सपो में दिखी भारत की तकनीकी ताकत, पीएम बोले भविष्य यहीं से तय होगाInfosys ने एआई कंपनी Anthropic से मिलाया हाथ, शेयर 3% उछला; डील से क्या फायदा होगा?AI Impact Summit 2026, Day 2: नीति और टेक्नोलॉजी पर चर्चा, जानें आज क्या कुछ होगा खासग्लोबल साउथ को अपने डाटा से खुद के AI मॉडल बनाने चाहिए: अमिताभ कांतClean Max Enviro IPO: अगले हफ्ते खुल रहा ₹3100 करोड़ का आईपीओ, प्राइस बैंड हुआ फाइनल; चेक करें सभी डिटेल्सAadhaar Card New Design: सिर्फ फोटो और QR कोड के साथ आएगा नया आधार? जानें पूरा अपडेट

BS Manthan 2025: फिजिकल बैंकिंग होगी धीमी, डिजिटल का दबदबा बढ़ेगा; बैंकों की बैलेंस शीट का मजबूत होना जरूरी- Uday Kotak

Advertisement

Uday Kotak ने कहा, “अगर भारत टॉप तीन अर्थव्यवस्थाओं में शामिल होना चाहता है, तो फाइनैंशियल सेक्टर को और अधिक योगदान देना होगा।”

Last Updated- February 27, 2025 | 1:51 PM IST
BS Manthan 2025

BS Manthan 2025: बिज़नेस स्टैंडर्ड के वार्षिक सम्मेलन ‘मंथन’ में गुरुवार, 27 फरवरी को बैंकिंग सेक्टर के दिग्गज और कोटक महिंद्रा बैंक (Kotak Mahindra Bank) के फाउंडर और डायरेक्टर उदय कोटक (Uday Kotak) ने बैंकिंग सेक्टर की मजबूती पर जोर देते हुए कहा कि बैंकों की बैलेंस शीट इतनी मजबूत होनी चाहिए कि वे किसी भी झटके को संभाल सकें। उन्होंने यह भी कहा कि भविष्य में फिजिकल बैंकिंग की रफ्तार धीमी होगी, जबकि डिजिटल बैंकिंग का प्रभाव बढ़ेगा। हालांकि, उन्होंने यह स्पष्ट किया कि फिजिकल बैंकिंग पूरी तरह खत्म नहीं होगी, क्योंकि ग्राहकों का भरोसा बनाए रखने के लिए फिजिकल ब्रांच की जरूरत बनी रहेगी।

मजबूत बैलेंस शीट ही बैंकों की स्थिरता की कुंजी: उदय कोटक

उदय कोटक का मानना है कि बैंकों की स्थिरता के लिए उनकी बैलेंस शीट का मजबूत होना आवश्यक है। बैंकिंग सेक्टर की मजबूती पर जोर देते हुए उन्होंने कहा, “बैंकों की बैलेंस शीट इतनी मजबूत होनी चाहिए कि वे झटकों को झेल सकें।”

उन्होंने फाइनैंशियल सेक्टर को भारतीय अर्थव्यवस्था का बड़ा उत्प्रेरक (कैटेलिस्ट) बताया और कहा, “अगर भारत टॉप तीन अर्थव्यवस्थाओं में शामिल होना चाहता है, तो फाइनैंशियल सेक्टर को और अधिक योगदान देना होगा।”

Also read: बाजार इस समय ‘मंथन’ से गुजर रहा, सही संतुलन बनाना ही असली मंथन- Uday Kotak

भविष्य में धीमी होगी फिजिकल बैंकिंग, डिजिटल का प्रभाव बढ़ेगा

उदय कोटक ने कहा कि भविष्य में फिजिकल बैंकिंग की रफ्तार धीमी हो जाएगी। वहीं, दूसरी तरफ डिजिटल बैंकिंग का प्रभाव बढ़ेगा, लेकिन फिजिकल बैंकिंग पूरी तरह खत्म नहीं होगी। ग्राहकों का भरोसा बनाए रखने के लिए फिजिकल ब्रांच की जरूरत बनी रहेगी।

उन्होंने भारतीय बैंकिंग प्रणाली के सफर को याद करते हुए कहा, “मैंने बैंकिंग का पूरा चक्र देखा है, एशियाई संकट से लेकर 2008 के वित्तीय संकट तक और फिर भारतीय बैंकिंग सिस्टम के विकास तक। भारत आज एक सुरक्षित स्थिति में है।” उन्होंने नियामकों की भूमिका की सराहना करते हुए कहा, “फाइनैंशियल सेक्टर को सही दिशा में ले जाने का श्रेय नियामकों को जाता है।”

(डिस्क्लेमर : बिज़नेस स्टैंडर्ड प्राइवेट लिमिटेड में कोटक परिवार के नियंत्रण वाली इकाइयों की बहुलांश हिस्सेदारी है।)

Advertisement
First Published - February 27, 2025 | 1:11 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement