facebookmetapixel
Advertisement
ऑटो सेक्टर को PLI स्कीम के तहत FY27 में ₹4,700 करोड़ देगी सरकार, निवेश बढ़ाने की तैयारी तेजटाटा कैपिटल का रिवॉल्विंग क्रेडिट एक्सपोजर 5% से कम, RBI के नए प्रस्ताव से कंपनी पर पड़ेगा सीमित असररूस से तेल खरीद पर 100% अमेरिकी टैरिफ की धमकी, भारत-अमेरिका वार्ता में बढ़ सकता है दबाव‘ग्रामीण भारत तक पहुंचे बैंकिंग AI, तभी असली सफलता होगी हासिल’, SBI चेयरमैन सीएस शेट्टी की सलाहपांच राज्यों में विधानसभा चुनावों की सुगबुगाहट तेज, भाजपा-सपा-कांग्रेस-बसपा समेत दलों ने कसी कमरBrand Canvas 2026: VIT की ‘पावर रेंजर्स’ ने जीता बीस्मार्ट की पहली विज्ञापन प्रतियोगिता का खिताबY2K से AI के दौर तक: 1991 के आर्थिक सुधारों ने कैसे बदल डाली भारतीय IT इंडस्ट्री की पूरी तस्वीरअमेरिका में क्रिप्टो बिल से भारत पर बढ़ा दबाव, ससंदीय समिति ने VDA कानून बनाने की मांग कीनई मर्सिडीज-BMW हुई मंहगी तो पुरानी लक्जरी कारों की बिक्री में आया उछाल, युवा खरीदारों की बनी पसंद‘जिम्मेदारी से करें AI का इस्तेमाल, हर फैसले के लिए आप होंगे जवाबदेह’, RBI गवर्नर ने दी बैंकों को हिदायत

यूूपी ने खरीदी 17 रुपये प्रति यूनिट के भाव बिजली

Advertisement
Last Updated- December 12, 2022 | 12:15 AM IST

पूरे देश की तरह जबरदस्त बिजली संकट से जूझ रहे उत्तर प्रदेश में अब ऊर्जा मंत्री ने लोगों से उपभोग घटाने की अपील की है। कोयले की कमी के चलते हर दिन एक नया बिजलीघर बंद हो रहा है और ग्रामीण से लेकर शहरी इलाकों में जबरदस्त बिजली कटौती का दौर जारी है। प्रदेश में हरदुआगंज, परिच्छा, ओबरा और अनपरा बिजलीघरों में बस दो दिनों के लिए कोयले का स्टॉक बचा हुआ है।
एनटीपीसी के टांडा और ऊंचाहार बिजलीघरों में कई इकाइयां ठप हो गयी हैं। आपूर्ति बनाए रखने के लिए प्रदेश में हर रोज 10,000 मेगावॉट बिजली एनर्जी एक्सचेंज से खरीदी जा रही है। वर्तमान में प्रदेश सरकार एक्सचेंज से 17 रुपये प्रति यूनिट की दर से बिजली खरीद रही है।
उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (यूपीपीसीएल) के अधिकारियों का कहना है कि बीते रविवार को जहां एनर्जी एक्सचेंज से 6 रुपये यूनिट की दर से बिजली खरीदी गई थी वहीं बुधवार को इसके दाम बढ़कर 17 रुपये प्रति यूनिट हो गए थे। कोयले की कीमत की वजह से राज्य के बिजली घरों से 835 मेगावॉट उत्पादन बंद हुआ है जबकि रोजा व टांडा में उत्पादन प्रभावित हुआ है। अनपरा में  600 मेगावॉट व ललितपुर में 600 मेगावॉट की यूनिटें ब्वायलर लीकेज की वजह से बंद हो गई हैं।
कुल मिलाकर प्रदेश में बीते 24 घंटे में 3,100 मेगावॉट बिजली का उत्पादन कम हुआ है। त्योहारी सीजन और गरमी में कमी न आने के चलते प्रदेश भर में मांग उंचे स्तर पर बनी हुयी है। कॉरपोरेशन अधिकारियों का कहना है कि गुरुवार को भी मांग 20,000 मेगावॉट से ऊपर बनी रही और इसकी तुलना में करीब 5000 मेगावॉट बिजली की कमी थी।
बिजली संकट को देखते हुए ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने जनता से अपील करते हुए कहा है कि वो कम जरूरी उपकरणों का इस्तेमाल न करें। उन्होंने कहा कि उपभोक्ता बिजली बचाने की कोशिश करें, क्योंकि सरकार हालात को संभालने के लिए 17 रुपये यूनिट के हिसाब से बिजली खरीद कर रही है, महंगी बिजली खरीदी जा रही है तो उपभोक्ता भी इसे समझें और अपव्यय न करें।
इस बीच उत्तर प्रदेश सरकार ने त्योहारी सीजन को देखते हुए पीक आवर्स में शहरी व ग्रामीण इलाकों में बिजली आपूर्ति को लेकर नई रणनीति बनाई है।

Advertisement
First Published - October 14, 2021 | 11:32 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement