Editorial: केंद्र प्रायोजित योजनाओं की छंटनी पर जोर
वित्त मंत्रालय ने सभी सरकारी विभागों और मंत्रालयों से कहा है कि वे केंद्र सरकार द्वारा प्रायोजित योजनाओं और केंद्रीय योजनाओं को तर्कसंगत बनाएं। इसके पीछे इरादा यह है कि एक दूसरे का अतिक्रमण करने वाली योजनाओं का विलय किया जाए और क्रियान्वयन की दक्षता में सुधार किया जाए। सरकार 54 केंद्र प्रायोजित योजनाएं चलाती […]
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2026 की तीन बड़ी चुनौतियां: बॉन्ड यील्ड, करेंसी दबाव और डिपॉजिट जुटाने की जंग
अगर आप अपने दोस्तों से जानना चाहेंगे कि साल 2025 कैसा रहा तो इसके अलग-अलग जवाब मिल सकते हैं। किसी के लिए वह सुनहरा साल था तो किसी के लिए पिछला वर्ष बस उम्मीदों से भरा। सोने ने तो कमाल कर दिया और वर्ष 1979 के बाद इसने सबसे ज्यादा 64 फीसदी का सालाना मुनाफा […]
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अमेरिका-यूरोप व्यापार समझौतों पर छाए बादल, भारत संभावित चुनौतियों के लिए तैयार
भारतीय अधिकारी समय-समय पर भारत और अमेरिका के बीच व्यापार समझौते और यूरोपीय संघ के साथ मुक्त व्यापार समझौते की संभावना जताते रहते हैं। विदेश मंत्रालय की एक ब्रीफिंग में कुछ महीने पहले कहा गया था कि दोनों समझौतों की दिशा में इस इरादे से आगे बढ़ा जा रहा है कि निष्पक्ष, संतुलित और साझा […]
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Editorial: जीडीपी 7.4% बढ़ने का अनुमान, लेकिन 2026 में विकास की राह आसान नहीं
चालू वित्त वर्ष के लिए सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) का पहला अग्रिम अनुमान राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय द्वारा बुधवार को जारी किया गया। वह दिखाता है कि 2025-26 में देश की अर्थव्यवस्था रियल यानी वास्तविक संदर्भों में 7.4 फीसदी की दर से वृद्धि हासिल कर सकती है। यह बहुत हद तक बाजार के अनुमानों के अनुरूप […]
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