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इन शेयरों में हैं कमाई के मौके

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Last Updated- December 15, 2022 | 3:24 AM IST

मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों ने  23 मार्च के बाद से अपने बड़े प्रतिस्पर्धियों के मुकाबले अच्छी तेजी दर्ज की है। बीएसई मिडकैप और स्मॉलकैप सूचकांक करीब 49-56 प्रतिशत चढ़े हैं और तुलनात्मक तौर बीएसई के सेंसेक्स को मात दी है। सेंसेक्स में समान अवधि में 46 प्रतिशत की तेजी दर्ज की गई है। विश्लेषकों का मानना है कि विकास परिदृश्य और उचित मूल्यांकन निवेशकों की दिलचस्पी के मुख्य कारणों में शामिल हैं।
इन शेयरों में ऐसे कुछ शेयर हैं जिन्होंने पिछले दो वर्षों के दौरान (20 मार्च तक) प्रमुख सूचकांकों के मुकाबले कमजोर प्रदर्शन किया। उसके बाद से इनमें शानदार सुधार देखा गया है। हमने स्मॉलकैप और मिडकैप क्षेत्र (25,000 करोड़ रुपये के बाजार पूंजीकरण से कम) में पांच शेयरों का चयन किया है जिनमें मध्यावधि के दौरान मजबूत संभावनाएं हैं और ये कंपनियां अगले कुछ वर्षों के दौरान शानदार कर-पूर्व लाभ दर्ज कर सकती हैं। इनमें से कई शेयर निचले स्तरों पर अच्छा प्रतिफल दर्ज कर सकते हैं।

इमामी
प्रवर्तकों द्वारा शेयर गिरवी रखने के सिलसिले में भारी कमी के अलावा, विश्लेषकों को इमामी के लिए आय परिदृश्य में भी सुधार की संभावना दिख रही है। आईआईएफएल सिक्योरिटीज के विश्लेषकों ने वित्त वर्ष 2021 और वित्त वर्ष 2022 के आय अनुमानों में करीब 6-6 प्रतिशत तक का इजाफा किया है। व्यवसाय में की करीब 50 प्रतिशत के मजबूत ग्रामीण योगदान के साथ साथ स्वास्थ्य और स्वच्छता उत्पादों (कुल राजस्व में 43 प्रतिशत योगदान) के लिए मजबूत संभावनाएं और लागत नियंत्रण अच्छा संकेत हैं। कंपनी को वित्त वर्ष 2021 में करीब 50 करोड़ रुपये की बचत की संभावना है। आकर्षक मूल्यांकन को देखते हुए कुछ विश्लेषकों को शेयर की रेटिंग में सुधार की भी संभावना है।

एस्‍कॉर्ट्स

राजस्व मिश्रण में ट्रैक्टर की 65 प्रतिशत से ज्यादा भागीदारी के साथ एस्कॉट्र्स ट्रैक्टर क्षेत्र में मांग सुधरने का लाभ उठाने के लिए अच्छी स्थिति में है। विश्लेषकों का मानना है कि एस्कॉट्र्स हाई हॉर्सपावर ट्रैक्टर सेगमेंट में बाजार भागीदारी बढ़ाने में कामयाब रहेगी जिससे उसके मार्जिन में भी मदद मिलने की संभावना है। आईसीआईसीआई डायरेक्ट के विश्लेषकों का मानना है कि ट्रैक्टर मांग की रफ्तार सकारात्मक कृषि धारणा, अच्छी रबी फसल, फसल की उचित कीमतों, पर्याप्त जल स्तर, अच्छे मॉनसून आदि की वजह से आगामी तिमाहियों में मजबूत बनी रहेगी। सरकार द्वारा बुनियादी ढांचा क्षेत्र को बढ़ावा दिए जाने के प्रयासों के बीच निर्माण उपकरण सेगमेंट में तेजी पर नजर रखे जाने की जरूरत है।

जेएसपीएल
क्षमता विस्तार और बैलेंस शीट को कर्ज-मुक्त बनाए जाने के अलावा, बेहतर परिचालन मार्जिन परिृदश्य, शारदा खदानों से लौह अयस्क इन्वेंट्री की उपलब्धता, और कोयला कीमतों में नरमी इस शेयर के लिए अच्छा संकेत हैं। अंतरराष्ट्रीय इस्पात कीमतों में भारी सुधार देखा गया है और ये कोविड-19 से पहले जैसे स्तर पर पहुंच गई हैं। कोविड-19 आधारित लॉकडाउन के कारण अप्रैल-मई के दौरान कीमतों पर भारी दबाव देखा गया था। जेएसपीएल अपना कर्ज घटाने के लिए प्रयासरत है और उसका शुद्ध कर्ज 20 जून तक 1300 करोड़ रुपये तक घटकर 34,6121 करोड़ रुपये रह गया था। ओमान इस्पात परिसंपत्तियों की संभावित बिक्री के साथ इस कर्ज में और कमी आने की संभावना है। विश्लेषकों का कहना है कि इससे बड़े कर्ज भुगतान की चिंताएं दूर हो सकेंगी।

लॉरस लैब्स
एंटीरीट्रोवायरल (एआरवी) और हैपेटाइटिस सी फॉर्मूलेशंस के लिए ऐक्टिव फार्मास्युटिकल इंग्रिडिएंट्स (एपीआई) की प्रमुख निर्माता इस कंपनी ने फॉर्मूलेशन में अपनी भागीदारी एक साल पहले के एक अंक से बढ़ाकर अब 29 प्रतिशत कर ली है। जहां वृद्घि का बड़ा हिस्सा एआरवी ऑर्डरों से जुड़ा रहा, वहीं गैर-एआरवी एपीआई, और अनुबंध शोध एवं निर्माण से भी राजस्व वृद्घि को मदद मिलने की संभावना है। जून तिमाही में मजबूत शुद्घ लाभ दर्ज करने वाली लॉरस लैब्स को डाइवर्सिफाइड पोर्टफोलियो, शानदार ग्राहक आधार, नई क्षमताओं और परिचालन दक्षता की मदद से लगातार वृद्घि दर्ज किए जाने की संभावना है। मोतीलाल ओसवाल रिसर्च के विश्लेषकों को कंपनी का शुद्घ लाभ वित्त वर्ष 2021 में 27 गुना तक बढऩे का अनुमान है।

टाटा कम्युनिकेशंस
कोविड-19 महामारी ने कई नए अवसर भी पैदा किए हैं, क्योंकि कंपनियों ने वर्क-फ्रॉम-होम कल्चर को अपनाया है। कंपनी अपने कुछ उत्पादों के साथ कॉरपोरेट क्षेत्र को डिजिटल परिवेश में ढालने, सुरक्षा सुनिश्चित करने और उत्पादकता बढ़ाने में सक्षम बना रही है। परिचालन के मोर्चे पर, विकास सेवाओं में कम नुकसान, लागत को तर्कसंगत बनाए आने और स्वचालन से मार्जिन और मुनाफे में सुधार आने की संभावना है। कंपनी मार्जिन में वृद्घि पहले से ही दर्ज कर रही है जो बरकरार रहने का अनुमान है, क्योंकि डेटा सेवाओं का योगदान बढ़ा है और उत्पाद बिक्री में तेजी आई है। लगभग सभी वर्टिकलों और प्रमुख बाजारों में मजबूत ऑर्डर बुक तथा
कर्ज घटाने की योजनाओं से कंपनी को वित्त वर्ष 2022 में 30 प्रतिशत से ज्यादा की आय वद्घि दर्ज करने में मदद मिल सकती है।

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First Published - August 17, 2020 | 12:12 AM IST

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