Year Ender 2025: भारतीय म्युचुअल फंड इंडस्ट्री के लिए साल 2025 मिला-जुला रहा। एक तरह जहां बाजार में जारी उतार-चढ़ाव का असर इक्विटी म्युचुअल फंड्स के रिटर्न पर साफ-साफ दिखाई दिया। वहीं, दूसरी तरफ मौद्रिक नीति में ढील और बॉन्ड बाजार में तेजी के चलते डेट म्युचुअल फंड्स में निवेशकों की दिलचस्पी काफी बढ़ी। वहीं, इक्विटी और डेट के मिक्स वाले हाइब्रिड फंड, खासतौर पर मल्टी एसेट एलोकेशन फंड्स के लिए तो यह साल सबसे बेहतरीन रहा। यह इस साल की नंबर-1 हाइब्रिड कैटेगरी बनकर उभरी है। 2025 में इस कैटेगरी का एवरेज रिटर्न 15 फीसदी से ज्यादा रहा है। वहीं, इस कैटेगरी के टॉप-5 फंड्स ने तो 25 फीसदी तक का रिटर्न दिया है।
2025 में अब तक मल्टी एसेट एलोकेशन फंड्स का एवरेज रिटर्न 15 फीसदी से ज्यादा रहा है। जबकि अन्य सभी हाइब्रिड फंड कैटेगरीज का रिटर्न सिंगल डिजिट में है। इतना ही नहीं, ज्यादातर इक्विटी फंड कैटेगरीज का रिटर्न भी इस साल इससे कम रहा है।
बीपीएन फिनकैप के डायरेक्टर ए.के.निगम ने कहते हैं, “भारत में म्युचुअल फंड इंडस्ट्री के लिए 2025 एक शानदार साल रहा है। इस दौरान मल्टी-एसेट एलोकेशन फंड्स सबसे आगे रहे और इस साल अब तक करीब 15 फीसदी का रिटर्न दे चुके हैं। यह प्रदर्शन इसलिए भी खास है क्योंकि साल भर बाजार में काफी उतार-चढ़ाव रहा। निवेशकों को तेज गिरावट, बिकवाली और अनिश्चितता जैसे हालात का सामना करना पड़ा, इसके बावजूद इन फंड्स ने बेहतर रिटर्न दिया।”
Also Read: रिटायरमेंट अब नंबर-1 फाइनैंशियल जरूरत, तैयारी में भारी कमी; म्युचुअल फंड्स का यहां भी दबदबा
1. इनवेस्को इंडिया मल्टी एसेट एलोकेशन फंड
1 साल का रिटर्न : 24.44%
मिनिमम निवेश : ₹1,000
मिनिमम SIP निवेश: ₹500
एक्सपेंस रेशियो : 0.56%
AUM : ₹595 करोड़
2. डीएसपी मल्टी एसेट एलोकेशन फंड
1 साल का रिटर्न : 24.18%
मिनिमम निवेश : ₹100
मिनिमम SIP निवेश: ₹100
एक्सपेंस रेशियो : 0.23%
AUM : ₹5,587 करोड़
3. कोटक मल्टी एसेट एलोकेशन फंड
1 साल का रिटर्न : 23.56%
मिनिमम निवेश : ₹100
मिनिमम SIP निवेश: ₹100
एक्सपेंस रेशियो : 0.48%
AUM : ₹9,869 करोड़
4. महिंद्रा मैनुलाइफ मल्टी एसेट एलोकेशन फंड
1 साल का रिटर्न : 22.75%
मिनिमम निवेश : ₹1,000
मिनिमम SIP निवेश: ₹500
एक्सपेंस रेशियो : 0.33%
AUM : ₹834 करोड़
5. सुंदरम मल्टी एसेट एलोकेशन फंड
1 साल का रिटर्न : 21.37%
मिनिमम निवेश : ₹100
मिनिमम SIP निवेश: ₹100
एक्सपेंस रेशियो : 0.36%
AUM : ₹3,015 करोड़
Also Read: Year Ender 2025: SIP निवेश ने बनाया नया रिकॉर्ड, 2025 में पहली बार ₹3 लाख करोड़ के पार
हाइब्रिड म्युचुअल फंड कैटेगरी में एक साल के रिटर्न के आधार पर साफ अंतर देखने को मिला है। वैल्यू रिसर्च पर उपलब्ध आकंड़ों के मुताबिक, दूसरे नंबर पर इनकम प्लस आर्बिट्राज फंड रहे, जिन्होंने 7.38 फीसदी का सालाना रिटर्न दिया। इक्विटी सेविंग्स फंड का एक साल का रिटर्न 6.21 फीसदी रहा, जबकि आर्बिट्राज फंड्स ने 6.11 फीसदी का रिटर्न दिया।
कम जोखिम वाली कैटेगरी में शामिल कंजरवेटिव हाइब्रिड फंड्स ने 5.61 फीसदी का सालाना रिटर्न दर्ज किया। वहीं, एग्रेसिव हाइब्रिड फंड्स और बैलेंस्ड हाइब्रिड फंड्स का एक साल का रिटर्न क्रमशः 5.03 फीसदी और 4.97 फीसदी रहा। सबसे नीचे डायनामिक एसेट एलोकेशन फंड्स रहे, जिनका एक साल का रिटर्न 4.92 फीसदी रहा।
कुल मिलाकर, एक साल के प्रदर्शन में यह साफ है कि मल्टी एसेट एलोकेशन फंड्स ने हाइब्रिड कैटेगरी में सबसे बेहतर रिटर्न देकर निवेशकों को बढ़त दिलाई है, जबकि अन्य हाइब्रिड फंड्स का प्रदर्शन अपेक्षाकृत कमजोर रहा।