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Large Cap का कटऑफ बढ़कर 80,000 करोड़ रुपये के पार

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मिडकैप का कटऑफ इस अवधि में करीब तीन गुना बढ़कर 8,801 करोड़ रुपये से 27,700 करोड़ रुपये पर पहुंच चुका है।

Last Updated- June 17, 2024 | 11:08 PM IST
largecap funds

जून के आखिर में पुनर्वर्गीकरण के दौरान 80,000 करोड़ रुपये के बाजार पूंजीकरण (Mcap) वाली कंपनियां म्युचुअल फंडों के लार्जकैप यूनिवर्स में शायद ही जगह बना पाएंगी क्योंकि पिछले छह महीने में शेयरों की कीमतें काफी ज्यादा बढ़ी हैं।

लार्जकैप (Large Cap) की सूची में शामिल होने के लिए एमकैप का कटऑफ दिसंबर के आखिर में हुए पुनर्गठन के दौरान 67,024 करोड़ रुपये था, जो इस समय करीब 83,000 करोड़ रुपये रहने की संभावना है। नुवामा ऑल्टरनेटिव ऐंड क्वांटिटेटिव रिसर्च के विश्लेषण से यह पता चला है।

कोविड-19 महामारी के बाद के पुनर्वर्गीकरण कवायद में ज्यादातर समय कटऑफ में भारी बढ़ोतरी हुई है, यानी इसमें कई गुना इजाफा हुआ है। जुलाई-दिसंबर 2019 की अवधि में लार्जकैप का कटऑफ 27,454 करोड़ रुपये था।

मिडकैप का कटऑफ इस अवधि में करीब तीन गुना बढ़कर 8,801 करोड़ रुपये से 27,700 करोड़ रुपये पर पहुंच चुका है। एमकैप की सीमा में तीव्र बढ़ोतरी से शेयर पुनर्वर्गीकरण के तरीके में बदलाव की जरूरत या लार्जकैप व मिडकैप शेयरों की संख्या में इजाफे की आ‍वश्यकता पड़ी है। म्युचुअल फंड उद्योग इस प्रक्रिया में बदलाव के लिए बाजार मियामक सेबी से चर्चा कर रहा है।

एसोसिएशन ऑफ म्युचुअल फंड्स (AMFI) लार्जकैप, मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों की सूची हर साल जनवरी और जुलाई में संशोधित करता है, जो शेयरों के पिछले छह महीने के प्रदर्शन पर आधारित होता है। पिछले छह महीने में औसत बाजार पूंजीकरण पर आधारित 100 अग्रणी कंपनियां लार्जकैप मानी जाती हैं, वहीं अगली 150 कंपनियां मिडकैप और बाकी स्मॉलकैप होती हैं।

म्युचुअल फंड के अधिकारियों के मुताबिक, लार्जकैप यूनिवर्स का दायरा अग्रणी 120-130 शेयरों तक बढ़ाने और मिडकैप बास्केट में ऐसी ही बढ़ोतरी से लार्जकैप व मिडकैप फंड मैनेजरों को उम्दा प्रदर्शन के लिए ज्यादा गुंजाइश मिल सकेगा।

यह देखते हुए कि सूची तैयार करने के लिए एम्फी पिछले छह महीने के औशत एमकैप का इस्तेमाल करता है, ऐसे में कटऑफ अनुमान के मुताबिक होगा, अगर अगले दो हफ्ते में बाजार की दिशा में तीव्र बदलाव न होता हो।

लार्जकैप इंडेक्स निफ्टी-50 में साल 2024 में अब तक 8 फीसदी का इजाफा हुआ है। निफ्टी मिडकैप 150 और निफ्टी स्मॉलकैप 250 में इस दौरान करीब 20 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है। पिछले तीन साल में मिडकैप व स्मॉलकैप सूचकांक दोगुने से ज्यादा हो गए हैं, वहीं निफ्टी-50 में 50 फीसदी का इजाफा हुआ है।

आगामी पुनर्वर्गीकरण में लार्जकैप इन्वेस्टमेंट यूनिवर्स में सात बदलाव हो सकते हैं। आईआईएफएल सिक्योरिटीज की रिपोर्ट के मुताबिक, मिडकैप शेयर हीरो मोटोकॉर्प, जायडस लाइफसाइंसेज, जेएसडब्ल्यू एनर्जी, एनएचपीसी, भारत हैवी इलेक्ट्रिकल्स, बॉश और संवर्धन मदरसन अपग्रेड हो सकते हैं।

इसके अलावा आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल लाइफ इंश्योरेंस, आईसीआईसीआई लोम्बार्ड जनरल इंश्योरेंस, पॉलिकैब इंडिया, एसआरएफ, मैरिको, एसबीआई कार्ड्स और बर्जर पेंट्स इंडिया बाहर हो सकते हैं।

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First Published - June 17, 2024 | 10:31 PM IST

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