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Air India crash: दोनों पायलटों के पास था 9,200 घंटे विमान उड़ाने का अनुभव

'इतना अनुभव भारत और अन्य देशों के बीच कम दूरी की अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के लिए जरूरी अनुभव से कहीं अधिक है।'

Last Updated- June 12, 2025 | 11:29 PM IST
commercial pilot
प्रतीकात्मक तस्वीर | फाइल फोटो

एयर इंडिया की अहमदाबाद से लंदन जाने वाली विमान की दुर्घटनाग्रस्त होने के थोड़ी देर बाद ही विमानन कंपनी के पायलटों के व्हाट्सऐप ग्रुप पर सरदार वल्लभ भाई पटेल अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हुए इस हादसे की खबरें आने लगीं।

घटना की जानकारी मिलने के बाद पहले तो पायलटों को थोड़ा सदमा लगा और बाद में वहां वीरानी छा गई। ग्रुप को सदस्यों को यकीन ही नहीं हो रहा था कि बोइंग ड्रीमलाइनर किसी हादसे का शिकार हो सकता है, क्योंकि इसे सबसे सुरक्षित और बेहतरीन हवाई जहाज माना जाता है।

बिज़नेस स्टैंडर्ड के साथ बात करने वाले एयर इंडिया के कई पायलटों ने बताया कि हादसे की खबर के बाद माहौल गमगीन हो गया था और ग्रुप पर दोनों पायलटों की मौत की आशंका के बाद शोक संदेश आने लगे थे। पायलटों ने बताया कि इस जहाज को उड़ाने वाले कैप्टन सुमित सभरवाल और फर्स्ट ऑफिसर क्लाइव कुंदर के पास हवाई जहाज उड़ाने का पर्याप्त अनुभव था।

कैप्टन सभरवाल के पाल 8,000 से अधिक घंटों तक यानी करीब एक दशक से जहाज उड़ाने का अनुभव था। वहीं, फर्स्ट ऑफिसर क्लाइव के पास करीब दो वर्षों का अनुभव था और वह भी लगभग 1,200 घंटे जहाज उड़ा चुके हैं। नाम नहीं जाहिर करने की शर्त पर एयर इंडिया के एक पायलट ने बिज़नेस स्टैंडर्ड से कहा, ‘इतना अनुभव भारत और अन्य देशों के बीच कम दूरी की अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के लिए जरूरी अनुभव से कहीं अधिक है।’

पायलट ने बताया, ‘अहमदाबाद से गैटविक के लिए 10 घंटे की सीधी उड़ान है और इसलिए जहाज में दो पायलट पर्याप्त थे। 10 घंटे से अधिक वाले अंतरराष्ट्रीय उड़ानों में तीन पायलट की जरूरत होती है और जब विमान 14 घंटे से ज्यादा उड़ान भरने वाला हो तो 4 पायलट उसमें रहने चाहिए।’

बार-बार विमान दुर्घटना के शिकार, सुरक्षा पर उठ रहे सवाल

नाम नहीं जाहिर होने की शर्त पर एयर इंडिया के एक अन्य पायलट ने कहा कि ऐसा लग रहा है कि विमान जब उड़ान भर रहा था तब सामान्य था, जिससे टेक ऑफ की गति और लोडिंग में किसी तरह की समस्या होने की आशंका नहीं है। उन्होंने कहा, ‘जितने वीडियो आए हैं उन्हें देखकर ऐसा लग रहा है कि शायद इंजन फेल हुआ होगा। एक या दोनों इंजन फेल हो गए होंगे या फिर कोई पक्षी टकरा गया होगा।’ उन्होंने बताया कि विमान टेक ऑफ के बाद ऊंचाई पर नहीं जा सका।

पायलट ने कहा कि जैसे ही विमान की ऊंचाई कम होने लगी और वह एक इमारत के करीब पहुंचा, तो ऐसा लग रहा था कि क्रू ने अंतिम समय में विमान के अगले हिस्से को ऊपर उठाने की कोशिश की, जो वीडियो में भी दिख रहा है।

एयर इंडिया के पायलटों ने यह भी कहा कि अहमदाबाद हवाई अड्डा लंबे समय से रनवे के पास पक्षियों की गतिविधियों के लिए जाना जाता है, जो इस घटना का कारण बन सकता है। नाम नहीं जाहिर करने की शर्त पर एक और पायलट ने बताया, ‘इस मसले (रनवे के आसपास पक्षियों की अत्यधिक उपस्थिति) के बारे में कई बार बताया जा चुका है।’

Air India crash: विमानन कंपनियों के शेयरों में गिरावट

First Published - June 12, 2025 | 11:19 PM IST

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