facebookmetapixel
Advertisement
सिर्फ सरकारी पैसों के भरोसे नहीं चलेगा काम, घरेलू बचत से ही बदलेगी देश की तस्वीरRBI की चेतावनी: पश्चिम एशिया संकट से बढ़ेगा महंगाई का दबाव, मॉनसून की बेरुखी भी बढ़ाएगी संकटरुपये में रिकॉर्ड तेजी: कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट से दो महीने की सबसे बड़ी बढ़त, डॉलर के मुकाबले 95 के स्तर परकुपोषण से उबर रहे भारत में अब मोटापा व मधुमेह बनी नई चुनौती, एक साल में 218% बढ़ी दवाओं की बिक्रीट्रक ड्राइवरों के लिए रेटिंग सिस्टम लाएगी सरकार, कौशल और चालान के आधार पर मिलेगी रैंकिंगSC का बड़ा फैसला: आदेश सुरक्षित रखने के 3 महीने के भीतर सुनाना होगा निर्णय, देरी पर बदलेगी पीठचुनावी वादे पूरे करना नवनिर्वाचित सरकारों के लिए साबित होगा भारी-भरकम सिरदर्दEditorial: देश के प्रमुख जलाशयों में तेजी से घट रहा पानी, अधिकतर नदी बेसिन गंभीर जल संकट के कगार परRBI Annual Report: RBI के विदेशी मुद्रा लेन-देन का मुनाफा 52% बढ़ा, कमाया ₹1.69 लाख करोड़ का लाभपश्चिम एशिया युद्ध के कारण बढ़ी घबराहट, देश में यूरिया 10% और DAP की बिक्री में 39% तक की बढ़ोतरी

ऊर्जा मंत्रालय का टैक्स पेड ग्रीन बॉन्ड जारी करने का प्रस्ताव

Advertisement
Last Updated- January 25, 2023 | 11:24 PM IST
green bond

तीन सरकारी सूत्रों ने बुधवार को कहा कि भारत के ऊर्जा मंत्रालय ने कुछ बिजली वित्तपोषण कंपनियों को स्वच्छ परियोजनाओं को ऋण देने के लिए सस्ता वित्त जुटाने के लिए टैक्स-पेड ग्रीन बॉन्ड जारी करने की अनुमति देने का प्रस्ताव दिया है।

निजी चर्चा के दौरान नाम उजागर नहीं करने की शर्त पर तीन अधिकारियों ने कहा कि पावर फाइनैंस कॉर्प (पीएफसी), आरईसी लिमिटेड और भारतीय नवीकरणीय ऊर्जा विकास एजेंसी (आईआरईडीए) टैक्स-पेड बॉन्ड के माध्यम से धन जुटा सकती है। इन बॉन्ड में निवेशक के बजाय जारीकर्ता इसके कर का भुगतान करता है। इसलिए निवेशक को ज्यादा रिटर्न मिलता है। भारत 2030 तक गैर-जीवाश्म ईंधन ऊर्जा का 500 गीगावाट हासिल करने और 2070 तक शून्य कार्बन उत्सर्जक राष्ट्र बनने के लिए निवेशकों की संख्या को बढ़ाना चाहता है।

अधिकारी ने कहा कि बॉन्ड जहां निवेशकों के लिए आकर्षक हैं, वहीं इनसे फंड की लागत भी मामूली रूप से कम हो जाती है क्योंकि जारीकर्ता की कर दर और निवेशकों के कर वर्ग में अंतर होता है। एक अधिकारी ने कहा कि कंपनियों को निवेशकों से कम दर मिल सकती है। अधिकारियों ने कहा कि प्रस्ताव उन मांगों का हिस्सा हैं जिन्हें रऊर्जा मंत्रालय 1 फरवरी को होने वाले केंद्रीय बजट में शामिल करना चाहता है।

Advertisement
First Published - January 25, 2023 | 11:24 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement