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पीएलआई योजनाओं की समीक्षा

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Last Updated- December 12, 2022 | 4:32 AM IST

कैबिनेट सचिव राजीव गौबा की अगुआई में सचिवों का अधिकारप्राप्त समूह उत्पादन से जुड़ी प्रोत्साहन (पीएलआई) योजनाओं की प्रगति की समीक्षा के लिए अगले पूरे हफ्ते बैठकें करेगा। इन बैठकों में पिछले एक साल में औषधि, इलेक्ट्रॉनिक्स और दूरसंचार जैसे क्षेत्रों के लिए मंजूर एवं अधिसूचित की गई पीएलआई योजनाओं में अब तक हुई प्रगति की समीक्षा की जाएगी।
एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, ‘अधिकारी बारीकी से देखेंगे कि पीएलआई योजनाओं के क्रियान्वयन की दिशा में हम कहां तक पहुंचे हैं। इस पर भी चर्चा होगी कि उन क्षेत्रों के लिए घोषित योजनाओं में कितने आवेदन आए हैं, दिशानिर्देश जारी किए गए हैं या नहीं, मंत्रिमंडल की मंजूरी मिली है या नहीं और अभी क्या करने की जरूरत है।’   
चीन के साथ तनाव और विभिन्न उपायों के जरिये आत्म निर्भर बनने के राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) सरकार के प्रयासों के बीच पिछले साल आपूर्ति शृंखलाओं में विविधता लाने के मकसद से पीएलआई योजना घोषित की गई थी। इसका उद्देश्य देसी विनिर्माण को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाना, नौकरियों का सृजन करना और निर्यात को बढ़ावा देना भी है। केंद्रीय बजट 2020-21 में वित्त मंत्रालय 13 प्रमुख क्षेत्रों की पीएलआई योजनाओं के लिए 1.97 लाख करोड़ रुपये खर्च करने की घोषणा कर चुका था। इनमें प्रौद्योगिकी, वस्त्र, वाहन, फार्मास्युटिकल औषधि क्षेत्र भी शामिल थे। इनमें से तीन योजनाओं को अधिसूचित किया जा चुका है और सात अन्य के लिए मंत्रिमंडल से मंजूरी मिल चुकी है।  
इलेक्ट्रॉनिक विनिर्माताओं समेत कई कंपनियों ने सरकार से महामारी के कारण रुकावट पडऩे के बाद सरकार से उत्पादन लक्ष्य में राहत देने का अनुरोध किया है। उन्होंने आधार वर्ष में बदलाव करने की भी मांग की है जो फिलहाल 2019-20 है। बैठक होने का कारण यह भी है। समीक्षा बैठक में सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों (एमएसएमई) को फायदा पहुंचाने के लिए पीएलआई योजना को विभिन्न क्षेत्रों तक बढ़ाने पर भी चर्चा हो सकती है। मगर ऊपर जानकारी देने वाले अधिकारी ने कहा कि फिलहाल निमय और शर्तों में ढील देने पर चर्चा की योजना नहीं है।
नीति आयोग के मुख्य कार्याधिकारी अमिताभ कांत, वाणिज्य सचिव अनूप वधावन, उद्योग और आंतरिक व्यापार संवद्र्घन विभाग के सचिव गिरिधर अरमाने, राजस्व सचिव तरुण बजाज, आर्थिक मामलों के सचिव अजय सेठ और खाद्य प्रसंस्करण उद्योग, इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी जेसे मंत्रालयों के प्रतिनिधि, फार्मास्युटिकल्स, दूरसंचार, भारी उद्योग और नवीन तथा नवीकरणीय ऊर्जा विभाग भी सोमवार से शुरू हो रही बैठक में शामिल रहेंगे।

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First Published - May 23, 2021 | 11:08 PM IST

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