facebookmetapixel
Advertisement
Medicine Price Update: रेबीज रोधी दवा महंगी, डायबिटीज-HIV समेत 39 दवाओं की नई कीमतें तयभारत ने जहाज पर हमले को बताया चिंताजनक, 11 भारतीय नाविकों में से एक लापताराम मंदिर मामले में संघ ने जताई पीड़ा, कहा- दोबारा न हो ऐसी चूक; विपक्ष ने घेराहोर्मुज स्ट्रेट फिर हुआ बंद, क्या भारत पर पड़ेगा असर? जानिए पूरी तस्वीरITR Filing 2026: खेती की जमीन बेची तो टैक्स लगेगा या नहीं? जानें नियम और बचावEditorial: कम शुल्क से बढ़ेगी प्रतिस्पर्धा, भारत को चाहिए स्थायी आयात सुधारहोर्मुज संकट से आगे: भारत अपनी ऊर्जा सुरक्षा कैसे कर रहा है मजबूत?‘सतलुज’ विवाद से पंजाब की चुनावी राजनीति में क्या आएगा बड़ा बदलाव?एसबीआई फंड्स मैनेजमेंट का जीएमपी मजबूत, निवेशक कर रहे वैल्यू  की तलाशPage Industries पर ब्रोकरेज बुलिश, प्रीमियम प्रोडक्ट्स और बढ़ती मांग से ग्रोथ तेज; टारगेट प्राइस ₹48,000 तक

AI केंद्रित स्टार्टअप के लिए 2,000 करोड़ रुपये की योजना अगले वित्त वर्ष मेंः अधिकारी

Advertisement

मंत्रिमंडल ने देश में एआई विकास के लिए 10,372 करोड़ रुपये के परिव्यय के साथ भारत एआई मिशन को हाल ही में मंजूरी दी है।

Last Updated- March 19, 2024 | 11:21 PM IST
AI केंद्रित स्टार्टअप के लिए 2,000 करोड़ रुपये की योजना अगले वित्त वर्ष मेंः अधिकारी , Rs 2,000 crore planned for AI-focused startups in next financial year: Officials

सरकार ने कृत्रिम मेधा (AI) से संबंधित स्टार्टअप के वित्तपोषण और समर्थन के लिए 2,000 करोड़ रुपये से अधिक की राशि निश्चित की है और अगले वित्त वर्ष में इस योजना की शुरुआत होगी। एक वरिष्ठ अधिकारी ने मंगलवार को यह जानकारी दी।

इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के तहत गठित स्टार्टअप हब के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) जीतेंद्र विजय ने यहां ‘स्टार्टअप महाकुंभ’ के दौरान कहा कि सरकार सेमीकंडक्टर निर्माण के लिए डिजाइन-संबद्ध प्रोत्साहन योजना जैसी योजनाओं के जरिये प्राथमिकता क्षेत्र के लिए एक बड़ा वित्तपोषण कार्यक्रम चला रही है।

विजय ने कहा कि केंद्रीय मंत्रिमंडल से ‘भारत एआई मिशन’ को मिली मंजूरी के तहत देश में एआई पारिस्थितिकी के समर्थन के लिए 10,000 करोड़ रुपये आवंटित किए जा रहे हैं। इसमें से 2,000 करोड़ रुपये से अधिक राशि एआई से जुड़े स्टार्टअप के समर्थन एवं वित्तपोषण के लिए आवंटित की गई है।

उन्होंने कहा, ‘‘हम इन कार्यक्रमों और योजनाओं को लागू करने के लिए व्यवस्था बनाने पर अधिक ध्यान दे रहे हैं। इसे आगामी वित्त वर्ष के भीतर चालू किया जाना चाहिए।’’

मंत्रिमंडल ने देश में एआई विकास के लिए 10,372 करोड़ रुपये के परिव्यय के साथ भारत एआई मिशन को हाल ही में मंजूरी दी है। विजय ने कहा कि स्टार्टअप हब वर्तमान में पूरे भारत में 143 इनक्यूबेटर और उत्कृष्टता केंद्रों को समर्थन और वित्तपोषण दे रहा है। इसके साथ कोषों का कोष के जरिये सभी स्टार्टअप को संकल्पना स्तर से विकास स्तर तक वित्तपोषण दिया जा रहा है।

Advertisement
First Published - March 19, 2024 | 11:21 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement