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लंदन में ओला की मुश्किल, रद्द हुआ लाइसेंस

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Last Updated- December 14, 2022 | 11:04 PM IST

लंदन में परिचालन का लाइसेंस गंवाने के बाद वेब आधारित टैक्सी सेवा देने वाली भारतीय कंपनी ओला अदालत जाने पर विचार कर रही है। लंदन के परिवहन नियामक ट्रांसपोर्ट फॉर लंदन (टीएफएल) ने सुरक्षा संबंधी खामियों का हवाला देते हुए ओला का परिचालन लाइसेंस वापस ले लिया है। टीएफएल का कहना है कि उसे कंपनी की सेवाओं में कई खामियां मिली हैं, इसलिए लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए परिचालन जारी रखने की अनुमति नहीं दी जा सकती।
टीएफएल ने कहा कि उसने बेंगलूरु की ओला को लंदन में प्राइवेट हायर व्हीकल (पीएचवी) लाइसेंस देने से मना दिया है। दिलचस्प है कि कुछ दिनों पहले ही ओला की प्रतिस्पद्र्धी एवं अमेरिकी कंपनी उबर को लंदन में परिचालन की इजाजत दोबारा मिल गई है। सुरक्षा चिंताओं के कारण उबर से भी परिचालन का लाइसेंस छीन लिया गया था। लंदन के परिवहन नियामक के आरोपों पर ओला के एक सूत्र ने कहा, ‘हम नियामक के निर्णय के खिलाफ न्यायालय में अपील पर कोई फैसला आने तक परिचालन जारी रखेंगे। कुल मिलाकर ग्राहकों और चालकों के लिए फिलहाल कुछ भी नहीं बदला है। चालकों, यात्रियों और टीएफएल सभी के लिए यह समझना अहम है कि हमने सारी समस्याएं दूर कर ली हैं और न्यायालय में भी हम यह साबित कर देंगे।’
सूत्रों के अनुसार टीएफएल ने अन्य आश्वासनों, खासकर कंपनी के सूचनाओं के तकनीकी परिचालन से जुड़ी जानकारियां मांगी हैं। टीएफएल में निदेशक (लाइसेंस) हेलेन चैपमैन ने कहा, ‘एक  नियामक के तौर हमारा दायित्व यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। जांच की दौरान हमें ओला के परिचालन ढांचे में कई त्रुटियां देखने को मिली हैं। कम से कम 1,000 से अधिक ऐसे मौके जांच में सामने आए जब बिना लाइसेंस के चालक एवं वाहनों का इस्तेमाल हुआ है। अगर ओला अपील करती है तो वह इस दौरान परिचालन जारी रख सकती है और चालक कंपनी की तरफ से बुकिंग ले सकते हैं। हम यात्रियों की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं करेंगे और कंपनी पर पैनी नजर बनाए रखेंगे।’
ओला लंदन में फरवरी 2020 में परिचालन कर रही है। ब्रिटेन में ओला के प्रबंध निदेशक मार्क रोजेंडल ने कहा कि कंपनी नियामकों के साथ हमेशा पूरी पारदर्शिता अपनाते हुए काम करती है। रोजेंडल ने कहा, ‘हम समीक्षा के दौरान टीएफएल से सहयोग कर रहे हैं। हमनें उन्हें सभी तरह का आश्वासन देने और खुले एवं पूरी पारदर्शिता के साथ मुद्दों का समाधान खोजने में सहयोग करने का वादा किया है।’ रोजेंडल ने कहा कि ओला लंदन के परिवहन नियामक  के निर्णय के खिलाफ
अपील करेगी। उन्होंने कहा कि कंपनी अपने चालकों और यात्रियों को भरोसा देना चाहती है कि परिचालन सामान्य रूप से जारी रहेगा और सुरक्षा का पूरा ध्यान रखा जाएगा।
 ओला को 4 जुलाई, 2019 को 15 महीने के लिए लाइसेंस मिला था, जिसकी अवधि 3 अक्टूबर, 2020 को समाप्त हो गई।

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First Published - October 5, 2020 | 11:10 PM IST

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