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चुनौतियों के बीच IT जगत को वृद्धि की आस

चारों बड़ी आईटी कंपनियों में सबसे अच्छा प्रदर्शन एचसीएल टेक का ही रहा और उसकी आय तथा लाभ ब्लूमबर्ग के अनुमान से ज्यादा रहे।

Last Updated- January 12, 2024 | 10:16 PM IST
IT Sector Q1 Results

देश की शीर्ष चार आईटी कंपनियों के अक्टूबर-दिसंबर तिमाही के नतीजे बता रहे हैं कि भविष्य के प्रति उम्मीदों के बीच मांग चुनौतीपूर्ण बनी रह सकती है। विप्रो के मुख्य कार्या​धिकारी (सीईओ) और प्रबंध निदेशक (एमडी) ​थिएरी डेलार्पोट ने तिमाही नतीजे जारी करते हुए कहा, ‘हमें वृद्धि के अच्छे संकेत नजर आ रहे हैं।’

विप्रो ने चालू वित्त वर्ष की चौथी तिमाही में स्थिर मुद्रा पर आय तीसरी तिमाही के मुकाबले -1.5 फीसदी से 0.5 फीसदी बढ़ने का अनुमान लगाया है क्योंकि सौदों और ग्राहकों के फैसलों की रफ्तार अभी बढ़ी नहीं है। विप्रो तिमाही के लिए अनुमान लगाती है, जबकि इन्फोसिस और एचसीएल टेक पूरे साल के लिए अनुमान देती हैं।

इन्फोसिस का अनुमान है कि चालू वित्त वर्ष में आय 1.5 से 2 फीसदी के दायरे में बढ़ेगी। पहले उसने 1 से 2.5 फीसदी आय वृद्धि का अनुमान लगाया था। एचसीएल टेक ने पूरे साल के लिए 5-6 फीसदी आय वृद्धि का अपना अनुमान घटाकर 5-5.5 फीसदी कर दिया है।

चारों बड़ी आईटी कंपनियों में सबसे अच्छा प्रदर्शन एचसीएल टेक का ही रहा और उसकी आय तथा लाभ ब्लूमबर्ग के अनुमान से ज्यादा रहे। अक्टूबर-दिसंबर 2023 में कंपनी की आय साल भर पहले के मुकाबले 6.5 फीसदी बढ़कर 28,446 करोड़ रुपये रही और वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही से 6.7 फीसदी बढ़ी। वित्त वर्ष 2021 की तीसरी तिमाही के बाद से कंपनी की आय में यह सबसे ज्यादा वृद्धि है। एचसीएल टेक का शुद्ध मुनाफा भी अक्टूबर-दिसंबर 2022 के मुकाबले 6 फीसदी बढ़कर 4,350 करोड़ रुपये रहा।

एचसीएल टेक के सीईओ और एमडी सी विजयकुमार ने कहा, ‘मध्यम अव​धि में वृद्धि के सकारात्मक आसार हैं। तीसरी तिमाही में हर लिहाज से हमारा प्रदर्शन अच्छा रहा है।’टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस) आय के अनुमान नहीं देती है मगर आम तौर पर नरम रहने वाली तीसरी तिमाही में उसका प्रदर्शन उम्मीद से बेहतर रहा। कंपनी का शुद्ध मुनाफा 8.2 फीसदी बढ़कर 11,735 करोड़ रुपये रहा और आय 4 फीसदी बढ़कर 60,583 करोड़ रुपये रही।

टीसीएस के सीईओ और एमडी कृति कृ​त्तिवासन ने कहा, ‘सभी बाजारों में सौदों की गति मजबूत दिख रही है, जिससे हमारी ऑर्डर बुक मजबूत बनी हुई है। इससे पता चलता है कि दीर्घ अवधि में वृद्धि अच्छी होगी। जेनरेटिव एआई में ग्राहकों की दिलचस्पी बढ़ रही है।’

विदेश में कंपनी की वृद्धि के मामले में लगातार चौथी तिमाही ब्रिटेन और यूरोप की प्रमुख भागीदारी रही। ब्रिटेन में कंपनी की आय 8.1 फीसदी और यूरोप में 0.5 फीसदी बढ़ी है। उत्तरी अमेरिका में कंपनी की आय 3 फीसदी घटी है। ब्रोकिंग फर्म मोतीलाल ओसवाल ने कहा कि टीसीएस के प्रबंधन ने बयान में कहा कि आईटी सेवाओं में खर्च के माहौल में कोई बदलाव नहीं आया है और ग्राहक गैर-जरूरी खर्च से परहेज कर रहे हैं।

वित्त वर्ष 2024 की तीसरी तिमाही में इन्फोसिस का शुद्ध मुनाफा साल भर पहले की अपेक्षा 7.3 फीसदी घटकर 6,106 करोड़ रुपये रहा। चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही की तुलना में इसमें 1.7 फीसदी की गिरावट आई है, जो अनुमान से थोड़ी कम है। चालू वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में कंपनी की आय 1.3 फीसदी बढ़कर 38,821 करोड़ रुपये रही, जो अनुमान से ज्यादा है।

बीएनपी पारिबा इंडिया में आईटी एवं वाहन के विश्लेषक कुमार राकेश ने कहा, ‘इन्फोसिस के आय में गिरावट के अनुमान बता रहे हैं कि राजस्व वृद्धि में जिस मंदी की बात कही जा रही थी, वह आ गई है। मगर हालात उतने बुरे नहीं हैं, जितना अंदेशा जताया जा रहा था। चुनौतियों के बावजूद मार्जिन ​स्थिर बना हुआ है।’

विश्लेषकों का कहना है कि डिजिटल निवेश पर ग्राहकों के जोर से भारतीय आईटी कंपनियों को वृद्धि के अवसर मिलेंगे। गार्टनर में सीनियर प्रिंसिपल एनालिस्ट विश्वजीत मैती ने कहा, ‘मुख्य तकनीकी अधिकारी डिजिटल बदलाव की कई साल तक चलने वाली परियोजनाओं पर जोर दे रहे हैं, इसलिए आईटी सेवाओं तथा ग्राहक द्वारा होने वाले खर्च में करीब 10 फीसदी वृद्धि की उम्मीद है। इससे आने वाली तिमाहियों में भारतीय आईटी फर्मों की आय बढ़ेगी।’

First Published - January 12, 2024 | 10:16 PM IST

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